16 साल से फरार हत्यारोपी 25 हजार का इनामी बदमाश गिरफ्तार, नाम बदलकर दिल्ली में था छिपा
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एसटीएफ की टीम ने हत्या के मामले में पैरोल मिलने के बाद 16 साल से फरार चल रहे 25 हजार रुपये के इनामी बदमाश को गिरफ्तार किया है। गिरफ्तार आरोपी गांव कुराड़ का रहने वाला वीरेंद्र उर्फ विनय उर्फ बीना है। उसने सात मार्च, 1999 में अपने गांव के ही वीरेंद्र की सामान्य अस्पताल के पास सिटी थाना क्षेत्र में हत्या कर दी थी।
उसे न्यायालय ने उम्रकैद की सजा सुनाई थी। 2004 में पैरोल लेकर भागने के बाद वह दिल्ली में नाम बदलकर फ्लैट लेकर रह रहा था और शेयर मार्केट में काम करता था। वह रोहतक और सोनीपत के दो अन्य मामलों में भी वांछित था।
पुलिस ने उसके बाद मुरथल थाना में 30 अक्तूबर को पैरोल जंप करने के आरोप में जेल अधिनियम में मुकदमा दर्ज किया था। आरोपी पर वर्ष 2007 में रोहतक के सांपला में शस्त्र अधिनियम में मुकदमा दर्ज हुआ था। उसके बावजूद वह पकड़ में नहीं आ सका। अब एसटीएफ को सूचना मिली कि वह दिल्ली में वीरेंद्र उर्फ विनय उर्फ बीना के नाम से जगह बदलकर रह रहा है।
उसने दिल्ली में कई फ्लैट ले रखे हैं। इनके किराए से होने वाली आमदनी से उसका खर्च चलता है। इसके साथ ही उसने शेयर मार्केट का काम कर लिया था। आरोपी वीरेंद्र ने दाढ़ी बढ़ाकर अपना चेहरा बदल लिया था। उसने अपना नाम भी बदल लिया था। वह विनय व बीना बनकर रह रहा था। एसटीएफ ने आरोपी को गिरफ्तार कर न्यायालय में पेश कर जेल भेज दिया।
पैरोल लेकर भागने के बाद शातिर वीरेंद्र ने काफी समय तक अपने रिश्तेदारों तक से संपर्क खत्म कर लिया था। उसके बाद उसने गांव से परिवार को भी बुला लिया। परिवार के मोबाइल नंबर से रिश्तेदारों से लगातार संपर्क किया जा रहा था। उसी आधार पर हम उस तक पहुंच पाए। - सतीश देशवाल, प्रभारी, एसटीएफ सोनीपत।