{"_id":"64862ab85b17ac5006002e54","slug":"contract-employees-made-from-c-to-d-grade-without-informing-salary-reduced-chandigarh-news-c-71-1-mli1001-1652-2023-06-12","type":"story","status":"publish","title_hn":"Chandigarh News: बिन बताए सी से डी ग्रेड में कर दिए ठेका कर्मचारी, वेतन घटा","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Chandigarh News: बिन बताए सी से डी ग्रेड में कर दिए ठेका कर्मचारी, वेतन घटा
विज्ञापन
मोहाली। नगर निगम में आउटसोर्स (ठेका कर्मचारी) पर नौकरी कर रहे ग्रेड सी (कंप्यूटर ऑपरेटर, फायरमैन, सुपरवाइजर, फायर ड्राइवर, बागवानी सहित अन्य) कर्मचारियों का वेतन करीब एक हजार रुपये घटा दिया गया। इसके साथ ही कर्मचारियों को ग्रेड सी से हटाकर ग्रेड डी में कर दिया गया। ठेका कर्मचारियों में इस वजह से काफी रोष है। इस बारे में नगर निगम और स्थानीय निकाय विभाग एक दूसरे को जिम्मेदार ठहरा रहे हैं। निगम का कहना है कि नया टेंडर होने के बाद इसे स्थानीय निकाय विभाग के पास भेजा था। इसके लिए अब वहां संपर्क करके इसे ठीक करवाना होगा। वहीं, स्थानीय निकाय विभाग का कहना है कि इसके लिए निगम जिम्मेदार है। कर्मचारियों का मई में वेतन कम आया तो उन्होंने सोचा कि किसी मद में पैसे कटे होंगे लेकिन जब जून में भी वेतन कम आया तो उन्होंने इस संबंध में पड़ताल करनी शुरू कर दी तो पता चला कि उनका वेतन अप्रैल माह से एक हजार रुपये घटा दिया गया है। इसके साथ ही कर्मचारियों को ग्रेड सी से हटाकर ग्रेड डी में कर दिया गया है। इसके बाद अब कर्मचारियों ने वेतन घटने और ग्रेड बदलने के संबंध में स्थानीय निकाय विभाग को ज्ञापन सौंपा है।
नगर निगम के अधीन विभिन्न विभागों में ग्रेड सी में नौकरी कर रहे ठेका कर्मचारियों को ग्रेड डी में करने के साथ ही उनके मासिक वेतन से एक हजार रुपये की कटौती की गई। कर्मचारियों को करीब दो महीने तक तो समझ में ही नहीं आया कि उनकी तनख्वाह में एक हजार रुपये हर महीने घटकर क्यों आ रहे हैं। ठेका कर्मचारियों ने जब इसकी जानकारी की तो पता चला कि उनकी तनख्वाह एक हजार रुपये घटाने के साथ ही उनको ग्रेड सी से हटाकर ग्रेड डी में कर दिया गया है। उनका कहना है कि इसमें सुधार नहीं किया गया तो वे आंदोलन की राह पकड़ेंगे।
बदलाव से काफी आहत हुए
इस बारे में फायर कर्मचारियों ने कहा कि हाल ही में सेक्टर-78 में फायर स्टेशन का उद्घाटन करने पहुंचे आप सरकार के कैबिनेट मंत्री इंद्रजीत निज्जर ने ठेका कर्मचारियों (आउटसोर्स) के वेतन में बढ़ोतरी करने की बात कही थी। उसे पूरा करने के बजाय ठेका कर्मचारियों का वेतन घटा दिया गया। ठेका कर्मचारी इस बदलाव से काफी आहत हो गए हैं और कर्मचारियों ने स्थानीय निकाय विभाग को मांगपत्र देकर वेतन बढ़ाने न सही लेकिन कम से कम पुराना वेतन बहाल करने की मांग की है।
विज्ञापन
नहीं दी गई कोई जानकारी
नगर निगम के अधीन कई विभागों में कार्यरत ठेका कर्मचारियों के मासिक वेतन से एक हजार रुपये घटने से कर्मचारियों में रोष पैदा हो गया है। इसके साथ कर्मचारियों को ग्रेड सी से हटाकर ग्रेड डी में परिवर्तित करने पर कर्मचारी और भी मायूस हो गए हैं। कर्मचारियों का कहना है कि इस संबंध में कोई सूचना भी नहीं दी गई और यह भी नहीं पता चला कि वेतन घटने के साथ ही ग्रेड बदलाव कब हुआ।
कोट....
इस मामले में स्थानीय निकाय विभाग से संपर्क करना होगा। यहां से हम जो भी नया टेंडर करते हैं, उसकी अंतिम मंजूरी मुख्य कार्यालय की ओर से की जाती है। अब जांच में आया है कि वहां से सी कैटेगरी में कार्यरत कर्मचारियों को डी कैटेगरी में कर दिया गया है। उनसे बातचीत कर इसे ठीक करवाया जाएगा -नवजोत कौर, निगम कमिश्नर
स्थानीय निकाय विभाग की ओर से किसी भी कर्मचारी का न तो वेतन घटाया गया है और न ही उनका ग्रेड बदला गया है। इस बारे में अधिक जानकारी निगम कमिश्नर से मिल सकती है। -उमा शंकर, डायरेक्टर स्थानीय निकाय विभाग
विज्ञापन
नगर निगम के अधीन विभिन्न विभागों में ग्रेड सी में नौकरी कर रहे ठेका कर्मचारियों को ग्रेड डी में करने के साथ ही उनके मासिक वेतन से एक हजार रुपये की कटौती की गई। कर्मचारियों को करीब दो महीने तक तो समझ में ही नहीं आया कि उनकी तनख्वाह में एक हजार रुपये हर महीने घटकर क्यों आ रहे हैं। ठेका कर्मचारियों ने जब इसकी जानकारी की तो पता चला कि उनकी तनख्वाह एक हजार रुपये घटाने के साथ ही उनको ग्रेड सी से हटाकर ग्रेड डी में कर दिया गया है। उनका कहना है कि इसमें सुधार नहीं किया गया तो वे आंदोलन की राह पकड़ेंगे।
विज्ञापन
बदलाव से काफी आहत हुए
इस बारे में फायर कर्मचारियों ने कहा कि हाल ही में सेक्टर-78 में फायर स्टेशन का उद्घाटन करने पहुंचे आप सरकार के कैबिनेट मंत्री इंद्रजीत निज्जर ने ठेका कर्मचारियों (आउटसोर्स) के वेतन में बढ़ोतरी करने की बात कही थी। उसे पूरा करने के बजाय ठेका कर्मचारियों का वेतन घटा दिया गया। ठेका कर्मचारी इस बदलाव से काफी आहत हो गए हैं और कर्मचारियों ने स्थानीय निकाय विभाग को मांगपत्र देकर वेतन बढ़ाने न सही लेकिन कम से कम पुराना वेतन बहाल करने की मांग की है।
विज्ञापन
नहीं दी गई कोई जानकारी
नगर निगम के अधीन कई विभागों में कार्यरत ठेका कर्मचारियों के मासिक वेतन से एक हजार रुपये घटने से कर्मचारियों में रोष पैदा हो गया है। इसके साथ कर्मचारियों को ग्रेड सी से हटाकर ग्रेड डी में परिवर्तित करने पर कर्मचारी और भी मायूस हो गए हैं। कर्मचारियों का कहना है कि इस संबंध में कोई सूचना भी नहीं दी गई और यह भी नहीं पता चला कि वेतन घटने के साथ ही ग्रेड बदलाव कब हुआ।
कोट....
इस मामले में स्थानीय निकाय विभाग से संपर्क करना होगा। यहां से हम जो भी नया टेंडर करते हैं, उसकी अंतिम मंजूरी मुख्य कार्यालय की ओर से की जाती है। अब जांच में आया है कि वहां से सी कैटेगरी में कार्यरत कर्मचारियों को डी कैटेगरी में कर दिया गया है। उनसे बातचीत कर इसे ठीक करवाया जाएगा -नवजोत कौर, निगम कमिश्नर
स्थानीय निकाय विभाग की ओर से किसी भी कर्मचारी का न तो वेतन घटाया गया है और न ही उनका ग्रेड बदला गया है। इस बारे में अधिक जानकारी निगम कमिश्नर से मिल सकती है। -उमा शंकर, डायरेक्टर स्थानीय निकाय विभाग