छह दिन सूर्य देवता गायब: आठ डिग्री लुढ़का पारा, अभी ठंड से राहत नहीं, चंडीगढ़ में फिर बारिश का अलर्ट
पूरा शहर ठंड की चपेट में है। बीते लगभग छह दिनों से सूरज नहीं निकला है। इस वजह से सर्दी का सितम लगातार जारी है। दिन में चल रही बर्फीली हवाओं ने हाड कंपा दिए हैं। लेकिन अभी भी ठंड से आगे राहत नहीं मिलेगी।
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सिटी ब्यूटीफुल चंडीगढ़ में नए साल के आगमन पर सूर्य देवता नदारद रहे। बीते छह दिन से सूर्य देवता गायब हैं। इस वजह से पूरा शहर कड़ाके की ठंड की चपेट में है। ठंड की वजह से जनजीवन अस्त व्यस्त हो गया है। बर्फिली हवाएं तन बदन को कंपा रही हैं। हालात यह हैं कि लोग घरों में दुकबने को मजबूर हैं। बीते सप्ताह शहर में शुक्रवार और शनिवार को खूब बरसात हुई थी। कई जगह ओले गिरे, तो वहीं पहाड़ी इलाकों में बर्फबारी हुई। हालांकि उसके बाद से शहर में बारिश तो नहीं हुई, लेकिन सूर्य भगवान भी दर्शन नहीं दे रहे हैं। रविवार से बुधवार तक आसमान में बादल छाए हुए हैं। वहीं सुबह, शाम और रात को धुंध पड़ रही है। इस वजह से शीतलहर पूरे चर्म पर है।
मौसम विभाग की माने तो अभी सर्दी से शहर के लोगों को राहत नहीं मिलने वाली है। क्योंकि पांच जनवरी से पश्चिमी विक्षोभ सक्रिय हो रहा है, जिससे पंजाब, हरियाणा और चंडीगढ़ में बारिश की संभवाना बनी हुई है। बारिश के बाद ठंड में इजाफा होगा। ऐसे में लोगों को ठंड से बचाव की हिदायत भी दी गई है।
धूप न निकलने की वजह से तापमान पर खासा असर पड़ा है। मंगलवार को शहर का दिन का तापमान 11.8 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया, जो सामान्य तापमान से 8 डिग्री कम है। वहीं, नए साल के पहले दिन (बुधवार की रात) न्यूनतम तापमान 8.7 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया, जो सामान्य से 1.5 डिग्री ज्यादा है।
मौसम विभाग के अनुसार सुबह और शाम धुंध छाने से लोगों की परेशानी बढ़ सकती है। धुंध छाने से हादसों का खतरा बढ़ जाता है। ऐसे में वाहन चालकों को एहतियात बरतने की जरूरत है। धुंध की वजह से तापमान में गिरावट दर्ज की जाएगी, जिससे ठंड में और इजाफा होने की उम्मीद है।
वर्ष 2024 में दिसंबर महीने में बादल खूब बरसे हैं। इस बार दिसंबर में बारिश ने बीते 10 वर्षों का रिकॉर्ड तोड़ा है। दिसंबर में 40.5 एमएम बारिश हुई है। यह सामान्य से 15.6 एमएम ज्यादा है। इससे पहले वर्ष 2014 में सबसे ज्यादा 90 एमएम बारिश हुई थी। इसके बाद 2024 तक इतनी बारिश कभी नहीं हुई।