एक और लेटर बम, अब शांता कुमार की खोली पोल
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राष्ट्रीयस्तर पर एक के बाद एक लग रहे घोटाले के आरोपों ने भाजपा में अंदरूनी कलह बढ़ा दी है। हालत यह हो गई है कि अब नेता आपस में लेटर बम दाग कर एक दूसरे की पोल खोल रहे हैं।
वरिष्ठ भाजपा नेता शांता कुमार ने व्यापम घोटाले में पार्टी अध्यक्ष अमित शाह पर जो लेटर बम दागा था उसका जवाब पंजाब के भाजपा विधायक मनोरंजन कालिया ने ऐसे ही पत्र से दिया है।
कालिया की ओर से मीडिया के एक वर्ग को इस पत्र की प्रति भी व्हाट्सएप की गई है। पत्र में शांता कुमार की पोल पट्टी खोलने का दावा करते हुए उन पर कई आरोप लगाए गए हैं।
चुनाव के पैसे का हिसाब नहीं दिया: कालिया ने दो पेज के पत्र में वरिष्ठ भाजपा नेता पर आरोप लगाया है कि शांता कुमार ने लोकसभा चुनाव में फंड न लेने की बात कही मगर पंजाब का प्रभारी रहते हुए खूब पैसा जमा किया। कालिया का दावा है कि इस फंड के बारे में उन्होंने शांता कुमार के दिल्ली निवास पर उनसे बात की थी मगर वह चुप्पी साध गए थे। मगर जब गलती से यह पैसा विजय सांपला के पास चला गया तो बाद में शांता कुमार ने इसे यह कहकर वापस मंगवाया कि यह पैसा सांपला के लिए नहीं बल्कि उनके लिए था।
कालिया ने पत्र में सवाल किया, आरोपों की झड़ी लगाई
कालिया ने पत्र में सवाल किया है कि क्या यह सत्य नहीं था। आपके पास पैसा गया, उसका कोई हिसाब किताब होना चाहिए। क्या पार्टी को इस पैसे का ब्योरा दिया गया।
उन्होंने आरोप लगाया कि क्या यह पैसा एक नंबर में चेक की ओर से लिया गया था या दो नंबर में। अगर नंबर दो में लिया गया तो आपको यूनाइटेड नेशन में काले धन पर बोलने का क्या अधिकार है।
स्वामी विवेकानंद अनुसंधान केंद्र पालमपुर पर उठाई अंगुली: कालिया ने शांता कुमार को पत्र में सवाल पूछा कि यह सत्य नहीं है कि जब आप केंद्रीय मंत्री थे तो हिमाचल के पालमपुर में स्वामी विवेकानंद अनुसंधान केंद्र का काम तेजी से करवाया गया। आपने अपना जन्म दिन मनाकर फंड एकत्रित किया।
इस संस्थान को जो पैसा दिया गया, अधिकतर वह अधिकारी थे जो उस समय आपके विभाग से जुड़े हुए थे। क्या यह सत्य नहीं कि आपके रिश्तेदार, दोस्त, मित्र ही इस अनुसंधान केंद्र को संभाल रहे हैं।