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मार्केट कमेटी के चेयरमैन के अपहरण का आरोपी गिरफ्तार, अब 21 को चुनाव
ब्यूरो/अमर उजाला, चंडीगढ़
Updated Wed, 15 Nov 2017 09:10 AM IST
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- फोटो : File Photo
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आखिरकार मनीमाजरा पुलिस ने 6 दिन बाद सोमवार रात को मार्केट कमेटी के कार्यवाहक चेयरमैन हरजीत सिंह का अपहरण करने के आरोपी सोहन सिंह के खिलाफ मामला दर्ज कर लिया है। सोहन सिंह धनास का रहने वाला है और व ग्राम पंचायत का पंच भी है। पुलिस ने सोमवार रात को उसके खिलाफ मामला दर्ज करके रात को दो बजे ही उसको गिरफ्तार कर लिया था।
मंगलवार को पुलिस ने सोहन सिंह को कोर्ट में पेश करके चार दिन के पुलिस रिमांड पर लिया है। पुलिस का कहना कि सोहन सिंह के साथ उसके चार पांच अन्य साथियों के खिलाफ भी मामला दर्ज किया गया। उनको सोहन सिंह को मदद से गिरफ्तार करना है। इसके साथ ही अपहरण का मकसद और उसके पीछे किसका हाथ है की भी जानकारी रिमांड के दौरान लेनी है। कार्यवाहक चेयरमैन हरजीत का मनीमाजरा के सिविल अस्पताल से मंगलवार रात को साढ़े नौ बजे सोहन सिंह ने अपने साथियों के साथ अपहरण कर लिया था। बुधवार को मार्केट कमेटी का चुनाव था जोकि हरजीत को अपहरण होने की खबर के बाद स्थगित हो गया था।
बुधवार सुबह हरजीत सिंह के बेटे जशनजीत सिंह ने अपने पिता को अगवा करने के मामले में मनीमाजरा पुलिस थाने में डीडीआर दर्ज करवाई थी। इसमें सोहन सिंह पंच धनास और सुखबिंदर सिंह काला (कजहेड़ी) के नाम-पते लिखकर हरजीत सिंह को अगवा करने का आरोप लगाया गया था। वहीं बुधवार रात को साढ़े सात बजे हरजीत सिंह उनके बेटे जशनजीत सिंह और पुलिस को धनास के पास मिल गए थे। हरजीत ने 24 घंटे बाद वीरवार रात को पुलिस को अपने बयान दर्ज करवाए थे।
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मंगलवार को पुलिस ने सोहन सिंह को कोर्ट में पेश करके चार दिन के पुलिस रिमांड पर लिया है। पुलिस का कहना कि सोहन सिंह के साथ उसके चार पांच अन्य साथियों के खिलाफ भी मामला दर्ज किया गया। उनको सोहन सिंह को मदद से गिरफ्तार करना है। इसके साथ ही अपहरण का मकसद और उसके पीछे किसका हाथ है की भी जानकारी रिमांड के दौरान लेनी है। कार्यवाहक चेयरमैन हरजीत का मनीमाजरा के सिविल अस्पताल से मंगलवार रात को साढ़े नौ बजे सोहन सिंह ने अपने साथियों के साथ अपहरण कर लिया था। बुधवार को मार्केट कमेटी का चुनाव था जोकि हरजीत को अपहरण होने की खबर के बाद स्थगित हो गया था।
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बुधवार सुबह हरजीत सिंह के बेटे जशनजीत सिंह ने अपने पिता को अगवा करने के मामले में मनीमाजरा पुलिस थाने में डीडीआर दर्ज करवाई थी। इसमें सोहन सिंह पंच धनास और सुखबिंदर सिंह काला (कजहेड़ी) के नाम-पते लिखकर हरजीत सिंह को अगवा करने का आरोप लगाया गया था। वहीं बुधवार रात को साढ़े सात बजे हरजीत सिंह उनके बेटे जशनजीत सिंह और पुलिस को धनास के पास मिल गए थे। हरजीत ने 24 घंटे बाद वीरवार रात को पुलिस को अपने बयान दर्ज करवाए थे।
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21 को मार्केट कमेटी चेयरमैन के लिए होगा चुनाव
मार्केट कमेटी के चेयरमैन पद के लिए चुनाव की फिर से डीसी आफिस ने घोषणा कर दी है। अब 21 नवंबर को चुनाव होंगे जबकि इससे पहले पिछले बुधवार को तारीख तय की गई थी लेकिन कोरम न पूरा होने के कारण चुनाव टाल दिया गया था।
वहीं, यदि 21 नवंबर को अगर कोरम नहीं भी पूरा होता है तो भी मौजूद रहने वाले निदेशकों के साथ ही नए चेयरमैन को चुन लिया जाएगा। इस समय मार्केट कमेटी के लिए 9 निदेशक है अधिकतर भाजपा समर्थित निदेशक ही है। पिछले बुधवार को कार्यवाहक चेयरमैन हरजीत सिंह के अपहरण होने और भाजपा समर्थित 5 निदेशकों के गैर मौजूद रहने से चुनाव टाल दिया गया था। मार्केट कमेटी का कार्यकाल अगले साल जुलाई माह में समाप्त हो रहा है। यह पद जुझार सिंह के 15 दिन पहले इस्तीफा देने के बाद से खाली पड़ा है। अतिरिक्त उपायुक्त राजीव गुप्ता इस चुनाव के लिए अधिकारी बनाए गए हैं।
भाजपा के कुलविंदर सिंह काला का चेयरमैन पद के लिए नामांकन भरना तय है जबकि उनके खिलाफ सुखविंदर सिंह नामांकन भर सकते हैं। पिछले बुधवार को भी सुखविंदर सिंह नामांकन भरने के लिए आए थे उन्हें कांग्रेस के देवेंद्र सिंह बबला का भी समर्थन हासिल है। मार्केट कमेटी का कार्यकाल तीन साल का होता है लेकिन भाजपा समर्थित निदेशकों में यह तय हुआ था कि एक-एक साल के लिए तीन निदेशकों को चेयरमैन बनने का मौका दिया जाएगा। इसी के तहत पहले रामवीर भट्टी और उसके बाद जूझार सिंह चेयरमैन बने थे समझौते के अनुसार अब कुलविंदर सिंह काला के लिए यह सीट छोड़ी गई है लेकिन विरोधी गुट के निदेशक भाजपा का इस बार खेल खराब करने की रणनीति बना रहे हैं।
वहीं, यदि 21 नवंबर को अगर कोरम नहीं भी पूरा होता है तो भी मौजूद रहने वाले निदेशकों के साथ ही नए चेयरमैन को चुन लिया जाएगा। इस समय मार्केट कमेटी के लिए 9 निदेशक है अधिकतर भाजपा समर्थित निदेशक ही है। पिछले बुधवार को कार्यवाहक चेयरमैन हरजीत सिंह के अपहरण होने और भाजपा समर्थित 5 निदेशकों के गैर मौजूद रहने से चुनाव टाल दिया गया था। मार्केट कमेटी का कार्यकाल अगले साल जुलाई माह में समाप्त हो रहा है। यह पद जुझार सिंह के 15 दिन पहले इस्तीफा देने के बाद से खाली पड़ा है। अतिरिक्त उपायुक्त राजीव गुप्ता इस चुनाव के लिए अधिकारी बनाए गए हैं।
भाजपा के कुलविंदर सिंह काला का चेयरमैन पद के लिए नामांकन भरना तय है जबकि उनके खिलाफ सुखविंदर सिंह नामांकन भर सकते हैं। पिछले बुधवार को भी सुखविंदर सिंह नामांकन भरने के लिए आए थे उन्हें कांग्रेस के देवेंद्र सिंह बबला का भी समर्थन हासिल है। मार्केट कमेटी का कार्यकाल तीन साल का होता है लेकिन भाजपा समर्थित निदेशकों में यह तय हुआ था कि एक-एक साल के लिए तीन निदेशकों को चेयरमैन बनने का मौका दिया जाएगा। इसी के तहत पहले रामवीर भट्टी और उसके बाद जूझार सिंह चेयरमैन बने थे समझौते के अनुसार अब कुलविंदर सिंह काला के लिए यह सीट छोड़ी गई है लेकिन विरोधी गुट के निदेशक भाजपा का इस बार खेल खराब करने की रणनीति बना रहे हैं।