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शंभू धमाके के आरोपी का साथी गिरफ्तार: तीन आतंकी घटनाओं का खुलासा, ग्रेनेड हमले में भी सक्रिय भूमिका निभाई थी
Sun, 03 May 2026 10:53 AM IST
Naveen
अमर उजाला ब्यूरो/संवाद न्यूज एजेंसी, पटियाला/अमृतसर
अमर उजाला ब्यूरो/संवाद न्यूज एजेंसी, पटियाला/अमृतसर
Published by: Naveen
Updated Sun, 03 May 2026 10:53 AM IST
सार
सरहिंद रेलवे ट्रैक ब्लास्ट में आतंकियों ने आरडीएक्स का इस्तेमाल किया था। इस बात का खुलासा विस्फोटक की फाॅरेंसिक जांच में हुआ है। 23 जनवरी 2026 को भी फतेहगढ़ साहिब जिले के सरहिंद रेलवे स्टेशन के पास भी डेडिकेटेड फ्रेट काॅरिडोर के रेलवे ट्रैक पर रात लगभग 9:50 बजे भी धमाका हुआ था।
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सांकेतिक फोटो
- फोटो : सोशल मीडिया
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विस्तार
पंजाब पुलिस ने शंभू रेलवे ट्रैक धमाके के मुख्य आरोपी जगरूप सिंह के करीबी साथी को गिरफ्तार कर तीन आतंकी घटनाओं का पर्दाफाश कर दिया है। डीजीपी गौरव यादव ने बताया कि यह पांचवीं गिरफ्तारी है।
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शुक्रवार को एसएसओसी अमृतसर, काउंटर इंटेलिजेंस पठानकोट और पटियाला पुलिस के संयुक्त अभियान में गुरजिंदर सिंह उर्फ बाबा बेअंत को दबोचा गया। गुरदासपुर के धारीवाल ब्लॉक स्थित बिधिपुर निवासी यह आरोपी शंभू धमाके के दिन जगरूप के साथ मौजूद था। पकड़े जाने के डर से दोनों अलग-अलग राजपुरा गए थे। धमाके के समय गुरजिंदर ट्रैक से दूर था, जिससे वह बाल-बाल बच गया। जगरूप की मौत के बाद वह फरार हो गया।
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पुलिस जांच में चौंकाने वाला खुलासा हुआ है कि गुरजिंदर ने न केवल शंभू (27 अप्रैल 2026) बल्कि सरहिंद रेलवे ट्रैक धमाके (23 जनवरी 2026) और मोगा सीआईए कार्यालय पर ग्रेनेड हमले (27 नवंबर 2025) में भी सक्रिय भूमिका निभाई। डीजीपी के मुताबिक तीनों वारदातें एक ही आतंकी मॉड्यूल का कृत्य हैं।
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ये हमले मलेशिया में बैठे हैंडलरों के इशारे पर किए गए, जो आगे अमेरिका और पाकिस्तान के हैंडलरों से जुड़े हुए हैं। आरोपियों का मकसद पंजाब में दोबारा उग्रवाद लाना और माहौल खराब करना था। पुलिस ने समय रहते इनकी धरपकड़ कर बड़ा नुकसान टाल दिया।
इस मामले में पहले ही प्रदीप सिंह खालसा, कुलविंदर सिंह बग्गा, सतनाम सिंह सत्ता और गुरप्रीत सिंह गोपी को गिरफ्तार किया जा चुका है। आरोपियों से हैंड ग्रेनेड, पिस्तौल, आरपीजी, विस्फोटक और लैपटॉप बरामद हुए हैं। पुलिस ने कहा कि आतंकी नेटवर्क की बाकी कड़ियों की तलाश जारी है।
सरहिंद ब्लास्ट में इस्तेमाल किया था आरडीएक्स
सरहिंद रेलवे ट्रैक ब्लास्ट में आतंकियों ने आरडीएक्स का इस्तेमाल किया था। इस बात का खुलासा विस्फोटक की फाॅरेंसिक जांच में हुआ है। 23 जनवरी 2026 को भी फतेहगढ़ साहिब जिले के सरहिंद रेलवे स्टेशन के पास भी डेडिकेटेड फ्रेट काॅरिडोर के रेलवे ट्रैक पर रात लगभग 9:50 बजे भी धमाका हुआ था। इस दाैरान वहां से गुजर रही मालगाड़ी के इंजन के शीशे टूट गए थे।
उस वक्त यह स्पष्ट नहीं था कि यह धमाका कैसे हुआ है। प्रथम दृष्टया इस बात भी जांच की जा रही थी कि धमाके की आवाज इंजन में से किसी तकनीकी गड़बड़ी की वजह से हुई है। पुलिस ने धमाके के बाद माैके से कुछ सैंपल एकत्रित कर उन्हें फाॅरेंसिक जांच के लिए भेजा था। अब इसकी रिपोर्ट आ गई है जिसमें इस बात का खुलासा हुआ है कि विस्फोटक आरडीएक्स था। उधर, इस बात का भी खुलासा हो गया है कि जिस आतंकी माॅड्यूल ने शंभू में रेलवे ट्रैक पर पिछले दिनों धमाका किया, उसी मॉड्यूल ने सरहिंद में भी धमाका करवाया था।