फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Chandigarh ›   11 new judges of Punjab and Haryana High Court took oath

High Court News: पंजाब और हरियाणा हाईकोर्ट को मिले 11 नए जज, मुख्य न्यायाधीश ने दिलाई शपथ

Tue, 16 Aug 2022 11:25 AM IST
ajay kumar न्यूज डेस्क, अमर उजाला, चंडीगढ़
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, चंडीगढ़ Published by: ajay kumar Updated Tue, 16 Aug 2022 11:25 AM IST
सार

11 जजों के शपथ लेने के बाद भी हाईकोर्ट में अभी जजों के 28 पद रिक्त हैं। हाईकोर्ट में जजों के 85 स्वीकृत पद है और इन 11 जजों के शपथ लेने के बाद वर्तमान में जजों की कुल संख्या 57 हो गई है।

विज्ञापन
11 new judges of Punjab and Haryana High Court took oath
पंजाब एवं हरियाणा हाईकोर्ट। - फोटो : अमर उजाला

विस्तार

पंजाब और हरियाणा हाईकोर्ट के मुख्य न्यायाधीश ने 11 वकीलों को हाईकोर्ट के अतिरिक्त जज के रूप में शपथ दिलाई। हाईकोर्ट में अब जजों की संख्या 46 से बढ़कर 57 हो गई है। लंबे समय के बाद हाईकोर्ट में जजों की संख्या का आंकड़ा 55 के पार पहुंचा है। मुख्य न्यायाधीश ने मंगलवार को 10:00 बजे निधी गुप्ता, संजय वशिष्ठ, त्रिभुवन दहिया, नामित कुमार, हरकेश मनुजा, अमन चौधरी, नरेश सिंह शेखावत, हर्ष बुंगर, जगमोहन बंसल, दीपक मनचंदा और आलोक जैन को शपथ दिलाई। 

विज्ञापन


सुप्रीम कोर्ट कॉलेजियम ने 13 वकीलों के नाम की सिफारिश की थी। सुप्रीम कोर्ट की सहमति जताने के बाद यह नाम भारत सरकार के पास भेजे गए थे, जिनमें इन 11 नामों को मंजूरी मिली।
विज्ञापन


इन 11 जजों के शपथ लेने के बाद भी हाईकोर्ट में अभी जजों के 28 पद रिक्त हैं। हाईकोर्ट में जजों के 85 स्वीकृत पद है और इन 11 जजों के शपथ लेने के बाद वर्तमान में जजों की कुल संख्या 57 हो गई है।
विज्ञापन
विज्ञापन


शुक्रवार को हुई थी 26 न्यायाधीशों की नियुक्ति
शुक्रवार को इलाहाबाद, आंध्र प्रदेश, तेलंगाना, गुवाहाटी, उड़ीसा और हिमाचल प्रदेश के उच्च न्यायालयों में 26 न्यायाधीशों की नियुक्ति की गई थी। अतिरिक्त सचिव राजिंदर कश्यप ने बताया कि इस साल देश के सभी हाईकोर्ट में अब तक 138 नए जजों की नियुक्ति की जा चुकी है, जो अब तक का सबसे बड़ा आंकड़ा है। इससे पहले 2016 में 126 न्यायाधीशों की नियुक्ति हुई थी। 

  • निधि गुप्ता: चंडीगढ़ की रहने वाली निधि गुप्ता विवाह के बाद दिल्ली चली गईं। वहां जाकर उन्होंने सुप्रीम कोर्ट में हरियाणा के लिए पैरवी की। वह हरियाणा सरकार के पैनल से कुछ ही दिन पहले अलग हुईं थीं।
  • संजय वशिष्ठ: मूलरूप से हरियाणा के भिवानी के रहने वाले संजय वशिष्ठ को पंजाब-हरियाणा हाईकोर्ट के जाने माने वकील के रूप में देखा जाता है। आपराधिक मामलों में दक्षता के साथ ही सिविल मामलों में भी उनकी अच्छी पकड़ है।
  • त्रिभुवन दहिया: मूलरूप से हरियाणा के रहने वाले त्रिभुवन ने अपनी लॉ की पढ़ाई पूरी करने के बाद पंजाब यूनिवर्सिटी में शिक्षण का कार्य किया। इसके बाद उन्होंने पंजाब-हरियाणा हाईकोर्ट में प्रैक्टिस आरंभ की। सिविल मामलों में उनकी दक्षता रही है।
  • नमित कुमार: मूलरूप से चंडीगढ़ के रहने वाले नमित कुमार ने अपनी लॉ की पढ़ाई पूरी करने के बाद पंजाब-हरियाणा हाईकोर्ट में प्रैक्टिस आरंभ की। इसके बाद वह भारतीय चुनाव आयोग के पैनल पर आ गए और उनके लिए हाईकोर्ट में पैरवी की।
  • हरकेश मनुजा: मूलरूप से हरियाणा के पानीपत के रहने वाले हरकेश मनुजा ने लॉ के बाद पंजाब-हरियाणा हाईकोर्ट में प्रैक्टिस आरंभ की। सिविल मामलों में दक्षता के साथ ही सर्विस के मामलों में उनके पास अच्छा काम रहा।
  • अमन चौधरी: मूलरूप से चंडीगढ़ के निवासी अमन चौधरी वकील घराने से हैं और लॉ करने के बाद उन्होंने पंजाब-हरियाणा हाईकोर्ट में प्रैक्टिस आरंभ की थी। सिविल व आपराधिक मामलों के साथ ही मिसलेनियस मामलों में उनकी अच्छी पकड़ है।
  • एनएस शेखावत: मूलरूप से हरियाणा के महेंद्रगढ़ के रहने वाले शेखावत हरियाणा एजी कार्यालय में एडिशनल एडवोकेट जनरल के तौर पर सेवाएं दे चुके हैं। शेखावत के पास एजी ऑफिस के अतिरिक्त आपराधिक मामलों से जुड़ा बड़ा अनुभव है।
  • हर्ष बुंगर: मूलरूप से जालंधर के रहने वाले हर्ष बुंगर ने लॉ की पढ़ाई पूरी करने के बाद पंजाब-हरियाणा हाईकोर्ट में प्रैक्टिस आरंभ की। उनके पास लगभग सभी प्रकार के केस करने का अनुभव है लेकिन रेरा से जुड़े मामलों में उनकी दक्षता है।
  • जगमोहन बंसल: मूलरूप से हरियाणा के रहने वाले जगमोहन बंसल को हाल ही में सीनियर एडवोकेट डेजिगनेट किया गया था। जगमोहन बंसल को टैक्स के मामलों में सबसे दक्ष वकीलों में से एक माना जाता है।
  • दीपक मनचंदा: मूलरूप से कुरुक्षेत्र के रहने वाले दीपक मनचंदा हरियाणा के एडवोकेट जनरल कार्यालय में एडिशनल एडवोकेट जनरल के तौर पर अपनी सेवाएं दे रहे थे। एजी कार्यालय में उनका लंबा अनुभव रहा है।
  • आलोक जैन: चंडीगढ़ निवासी आलोक जैन ने लॉ की पढ़ाई पूरी करने के बाद पंजाब-हरियाणा हाईकोर्ट में प्रैक्टिस आरंभ की। आलोक जैन को उनके मिसलेनियस मामलों में पैरवी के लिए जाना जाता है। वह एडवोकेट परिवार से संबंध रखते हैं और उनके पिता भी जाने माने वकील रहे हैं। 
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed