एसी बसों में पूर्व में हुई दुर्घटनाओं को लेकर मंगलवार देर शाम डीसीपी ट्रैफिक अभयनाथ त्रिपाठी ने निरीक्षण किया। भौंती बाईपास के पास कई एसी और स्लीपर बसों का जायजा किया। अधिकतर बसों में लगी आपातकालीन खिड़की पर्दों से ढकी मिलीं। कई के फायर एक्सटिंग्विशर भी गायब थे। इसपर चालक और परिचालकों से सख्त लहजे में कहा कि यात्रियों के चढ़ते ही हवाई जहाज की तरह बताएं कि यदि दुर्घटना हो तो किस तरह से बाहर निकलें। अगली बार निरीक्षण में यदि यात्रियों ने पूछताछ में यह जानकारी मिलने से इनकार किया तो चालक और परिचालकों को जेल भेजा जाएगा। इससे पहले फोर्स ने कई बसों को रुकवा कर उनके चालकों का एल्कोहल टेस्ट करने के साथ ही सुरक्षा मानक देखे। वहीं, लंबी दूरी की कई एसी बसों में अपेक्षा से अधिक यात्री मिले। कई बसों में लोग गैलरी में चादर बिछा कर लेटे थे। कुछ बसों में प्रेशर हॉर्न लगा मिला। एसीपी ट्रैफिक संजय सिंह ने बताया कि पांच बसों के खिलाफ प्रवर्तनात्मक कार्रवाई की गई है।