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बीएचयू के कुलपति ने वेदामृत का किया लोकार्पण, कहा- रोग प्रतिरोधक क्षमता बढ़ाने में है कारगर
Tue, 09 Feb 2021 11:58 PM IST
स्वाधीन तिवारी
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, वाराणसी
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, वाराणसी
Published by: स्वाधीन तिवारी
Updated Tue, 09 Feb 2021 11:58 PM IST
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बीएचयू के नये कुलपति प्रो. राकेश भटनागर
- फोटो : अमर उजाला
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कोरोना काल में बीएचयू आयुर्वेद संकाय की ओर से संजीवनी बटी, शिरशादी क्वाथ, गिलोय घनवटी आदि बनाने के साथ ही अब वैदिक विज्ञान केंद्र की ओर से वेदामृत अवलेह (च्यवनप्राश) बनाया गया है। विभिन्न बीमारियों से निजात दिलाने के साथ ही यह शरीर की रोग प्रतिरोधक क्षमता बढ़ाने में भी कारगर है। मंगलवार को कुलपति प्रो. राकेश भटनागर ने वेदामृत का लोकार्पण कर इस तरह के प्रयास की सराहना की।
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कुलपति ने कहा कि वेदामृत अवलेह स्वास्थ्य रक्षण की दृष्टि से अत्यंत ही उपयोगी है। इसकी गुणवत्ता को बढ़ाने हेतु अनुसंधान की आवश्यकता है। जड़ी-बूटियों के प्रयोग से इसका शुगर फ्री संस्करण भी निर्मित किया जाना चाहिए।
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वैदिक विज्ञान केंद्र के समन्वयक प्रो. उपेंद्र नाथ त्रिपाठी ने बताया कि अवलेह उत्तम शक्तिप्रद, रोग प्रतिरोधक क्षमता को बढ़ाने वाला एवं पाचन संस्थान, श्वसन संस्थान, हृदय, मस्तिष्क, रक्तवाहिनियां, श्वांस प्यास, वातरक्त, नेत्ररोग, मूत्रदोष, वीर्य के दोष तथा वात, पित्त और कफ के रोगों में हितकर है।
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इसमें ताजे परिपुष्ट स्वस्थ आंवले, प्राकृतिक केसर, गोघृत, तिल तैल व शहदयुक्त विविध जड़ी-बूटियों का उपयोग किया गया है। इस दौरान रेक्टर प्रो. वीके शुक्ला, केंद्र संचालन समिति के सदस्य प्रो. हृदय रंजन शर्मा, प्रो. कमल नयन द्विवेदी, डॉ. दयाशंकर त्रिपाठी, सहायक सूचना, जनसंपर्क अधिकारी चंद्रशेखर आदि मौजूद रहे।