ट्यूशन पढ़ाने गई युवती की अपहरण कर हत्या, सीमा विवाद में दो दिन तक पुलिस ने दर्ज नहीं किया मुकदमा
ढकवा गांव में गंगा नदी में उतराया मिला शव तेलियाबाग क्षेत्र के रंगिया मोहाल की ट्यूशन पढ़ाने वाली प्रीति प्रजापति (24) का था। परिजनों ने युवती को अगवा कर हत्या करने का आरोप लगाया है। शिनाख्त होने पर परिजनों के विरोध के बीच पुलिस ने शनिवार को शव का पोस्टमार्टम कराया।
देर शाम आरोपियों की गिरफ्तारी, दो दिन तक मुकदमा न दर्ज करने वाले पुलिस कर्मियों पर कार्रवाई, 25 लाख रुपये मुआवजा और परिवार के एक सदस्य को नौकरी की मांग लेकर परिजन तेलियाबाग स्थित पटेल धर्मशाला के समीप सड़क पर शव रख कर प्रदर्शन शुरू कर दिए। सूचना पाकर पहुंचे अधिकारियों ने मांगों को पूरा कराने का आश्वासन देकर लगभग साढ़े तीन घंटे बाद रात 10:30 बजे जाम खत्म कराया।
रंगिया मोहाल निवासी प्रेमनाथ प्रजापति के अनुसार उनकी बेटी प्रीती ट्यूशन पढ़ाती थी। 11 दिसंबर की शाम वह मलदहिया स्थित चर्च कंपाउंड ट्यूशन पढ़ाने गई और वापस घर नहीं आई तो उसकी खोजबीन शुरू की गई। प्रीती की गुमशुदगी की सूचना चेतगंज थाने पर दी गई तो मामला सिगरा थाना का बताया गया। सिगरा थाने जाने पर मामला चेतगंज थाने का बताया गया। काफी जद्दोजहद और क्षेत्रीय पार्षद के प्रयास के बाद सिगरा थाने में 12 दिसंबर को गुमशुदगी दर्ज हुई, लेकिन प्रीती का पता नहीं लगा।
इस बीच शुक्रवार को चौबेपुर थाना के ढकवा गांव में गंगा में युवती का शव उतराया मिला। शनिवार को परिजनों ने दीनदयाल अस्पताल जाकर शव की शिनाख्त की और हंगामा शुरू कर दिए। इसके साथ ही सभी पोस्टमार्टम कराने का विरोध करने लगे।
पुलिस ने समझा कर शांत कराया और पोस्टमार्टम के बाद शव सौंपा तो परिजन तेलियाबाग में प्रदर्शन शुरू कर दिए। सूचना पाकर आठ थानों की फोर्स और पुलिस-प्रशासन के अधिकारियों के साथ एसएसपी मौके पर पहुंचे। अधिकारियों के आश्वासन के बाद परिजन प्रदर्शन खत्म कर शव घर ले गए।
सिगरा और चेतगंज पुलिस ने की लापरवाही
देश में चौतरफा महिला सुरक्षा की चर्चा और सरकार के सख्त निर्देश के बावजूद युवती की गुमशुदगी दर्ज कर उसकी खोजबीन न शुरू कर सिगरा और चेतगंज थाने की पुलिस सीमा विवाद में दो दिन तक उलझी रही। इस बीच युवती की हत्या कर शव गंगा में फेंक दिया गया।
परिजनों के साथ ही क्षेत्रीय लोगों का कहना था कि यदि सूचना मिलते ही पुलिस खोजबीन शुरू कर दी होती तो शायद युवती की जान बच जाती। सिगरा पुलिस ने प्रकरण दर्ज करके भी खोजबीन का प्रयास नहीं किया। सभी ने मांग की है कि इसके लिए कसूरवार पुलिस कर्मियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाए।
दो मुख्य मार्गों पर लगी वाहनों की कतार
चौकाघाट फ्लाईओवर के निर्माण कार्य के कारण तेलियाबाग से मलदहिया मार्ग पर वाहनों का अतिरिक्त दबाव रहता है। युवती के परिजनों ने देर शाम प्रदर्शन करना शुरू किया तो तेलियाबाग से मलदहिया मार्ग के साथ ही अंधरापुल से जगतगंज मार्ग पर वाहनों की लंबी कतार लग गई।लगभग साढ़े तीन घंटे बाद जाम समाप्त हुआ तो तकरीबन आधा घंटे का समय आवागमन सामान्य होने में लग गया। मुख्य मार्ग पर जाम लगने के कारण पूरे शहर की यातायात व्यवस्था ध्वस्त हो गई।
डूबने से हुई मौत, दोषी पुलिसकर्मियों पर होगी कार्रवाई : एसएसपी
एसएसपी प्रभाकर चौधरी ने बताया कि पोस्टमार्टम रिपोर्ट के अनुसार डूबने की वजह से युवती की मौत हुई है। पोस्टमार्टम रिपोर्ट में दुष्कर्म की पुष्टि नहीं हुई है और शरीर पर चोट के निशान नहीं मिले हैं। युवती की मौत 11 दिसंबर को ही हो गई थी।
युवती चौबेपुर क्षेत्र में कैसे पहुंची, इसके लिए मलदहिया से लेकर उसके घर के आने-जाने वाले मार्ग पर लगे सीसी कैमरों की फुटेज खंगाली जा रही है। वारदात के खुलासे के लिए पुलिस की दो टीम गठित की गई है। परिजनों से कहा गया है कि वह सिगरा और चेतगंज थाने के पुलिसकर्मियों की शिनाख्त कर लें। जिन पुलिसकर्मियोें ने भी उन्हें इधर से उधर दौड़ाया और मुकदमा दर्ज करने में आनाकानी की, उन सभी के खिलाफ विभागीय कार्रवाई की जाएगी।