मुकदमा दर्ज: वाराणसी में महिला अधिवक्ता को दुष्कर्म और लखीमपुर खीरी कांड की धमकी, जांच में जुटी पुलिस
वाराणसी निवासी महिला अधिवक्ता का आरोप है कि मऊ निवासी रंजीत सिंह ने मोबाइल पर अश्लील मैसेज भेजा। साथ ही कहा कि पुलिस से शिकायत करोगी तो लखीमपुर की बहनों जैसा हाल करेंगे।
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वाराणसी निवासी एक महिला अधिवक्ता को धमकी और अश्लील फोटो भेजने मामले में शिवपुर पुलिस ने आरोपी के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया। पीड़िता का आरोप है कि मऊ निवासी युवक दुष्कर्म और लखीमपुर खीरी कांड जैसे की धमकी मोबाइल पर दे रहा है। वहीं, पीड़िता की तहरीर के आधार पर पुलिस ने धमकी, आईटी एक्ट मामले में मुकदमा दर्ज किया।
पीड़िता के अनुसार 15 सितंबर की रात साढ़े नौ बजे मऊ के मधुबन थाना अंतर्गत विग्रहपुर निवासी रंजीत सिंह ने मोबाइल पर अश्लील मैसेज भेजा। इसके बाद अलग-अलग तीन नंबरों से व्हाट्सएप पर अश्लील फोटो भेज परेशान करने लगा। धमकी देता है कि पहले भी थाने में मुकदमा दर्ज कराई थी, उसमें तुम कुछ नहीं बिगाड़ पाई।
धमकी से महिला अधिवक्ता के परिजन सहमे
शिवपुर थाने के एक इंस्पेक्टर ने एक लाख रुपये लेकर मामला रफा-दफा कर दिया था। वहीं, आरोपी धमकी देता है कि लखीमपुर खीरी में जिस तरह सगी बहनों की दुष्कर्म के बाद हत्या की गई थी, उसी तरह तुम बहनों की भी होगी।
पीड़िता के अनुसार आपराधिक प्रवृत्ति के रंजीत की इस धमकी से परिजन सहमे हुए हैं। थाना प्रभारी सतीश यादव के अनुसार मुकदमा दर्ज कर मामले की जांच की जा रही है।
छात्र को अगवा करने के प्रयास का मुकदमा दर्ज
छात्र को अगवा करने के प्रयास का मुकदमा दर्ज सेवापुरी क्षेत्र के कुंडरिया गांव में हाईस्कूल के छात्र दिव्यांश गिरी को अगवा के प्रयास में मुकदमा दर्ज किया गया। अधिवक्ताओं के धरने के बाद जंसा पुलिस नेे अपहरण के प्रयास का मुकदमा दर्ज किया।
जंसा थाना क्षेत्र के कुंडरिया गांव निवासी अधिवक्ता प्रदीप कुमार गिरी का बेटा दिव्यांश कक्षा 10 का छात्र है। एक सप्ताह पहले वह भोर में करीब 4:30 बजे जंसा स्थित एक कोचिंग सेंटर जाने के लिए घर से निकला था। आरोप है कि घर से थोड़ी दूर सुनसान स्थान पर बाइक सवार नकाबपोश बदमाशों ने मारपीट कर उसे बाइक पर बैठाने की कोशिश की थी।
मामले में पीड़ित छात्र के परिजनों ने जंसा थाना में तहरीर दी, लेकिन पुलिस ने मुकदमा दर्ज नहीं किया। इसे लेकर नाराज अधिवक्ताओं ने बृहस्पतिवार की दोपहर जंसा थाना परिसर में धरना दिया था। इसके साथ ही चौकी प्रभारी जंसा पर गंभीर आरोप भी लगाया था। अधिवक्ताओं के प्रदर्शन की जानकारी होने पर पुलिस उच्चाधिकारियों ने मुकदमा दर्ज कर जांच के निर्देेेश दिए।