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ये क्या हो गया: दो साल की बच्ची ने फेविक्विक आंख में डाला, चिपक गई पुतली, डॉक्टर के पास ले गए और फिर...

Wed, 11 Jan 2023 10:50 AM IST
किरन रौतेला न्यूज डेस्क, अमर उजाला, वाराणसी
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, वाराणसी Published by: किरन रौतेला Updated Wed, 11 Jan 2023 10:50 AM IST
सार

वाराणसी में मंगलवार को दो साल की बच्ची की आंखें फेविक्विक पड़ने की वजह से चिपक गई। बच्ची ने घर में रखे फेविक्विक को उठा कर बाएं आंख में डाल लिया। उसके बाएं आंख की पुतली फेविक्विक लगने की वजह से चिपक गई। परिजन बच्ची को अस्पताल ले गए जहां..

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The eye of a two-year-old girl stuck to fevikwik the doctor saved her eyesight
ऑपरेशन करते डॉक्टर। - फोटो : अमर उजाला

विस्तार

वाराणसी में चौक निवासी दो साल की बच्ची समृद्धि के आंख में फेविक्विक पड़ने की वजह से उसकी आंखें चिपक गई। मंगलवार की भोर में घटी इस घटना के तुरंत बाद परिजन उसे लेकर नेत्र सर्जन के वहां पहुंचे। यहां सर्जन ने करीब आधे घंटे तक ऑपरेशन किया। इसके बाद बच्ची की स्थिति सामान्य हुई, तब जाकर परिजनों ने राहत की सांस ली। चिकित्सक के मुताबिक परिवारवालों की तत्परता की वजह से बच्ची का समय से इलाज हुआ और उसकी आंखों की रोशनी बच गई। 

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समृद्धि को लेकर परिजन मंगलवार को भोर में करीब साढ़े तीन बजे बड़ी पियरी स्थित नर्सिंग होम में नेत्र सर्जन डॉ. अनुराग टंडन के पास पहुंचे। डॉ. टंडन ने बताया कि परिजनों से घटना का कारण पूछने पर पता चला कि बच्ची ने घर में रखे फेविक्विक को उठा कर बाएं आंख में डाल लिया। उसके बाएं आंख की पुतली फेविक्विक लगने की वजह से चिपक गई थी। जानकारी होने के बाद परिजन तुरंत नर्सिंग होम लेकर आए। यहां प्राथमिक जांच के बाद उसका ऑपरेशन करने का निर्णय लिया गया। सामान्य एनीस्थिसिया देकर उसका ऑपरेशन किया गया। करीब आधे घंटे तक चले ऑपरेशन के बाद बच्ची की स्थिति सामान्य हुई। बताया कि मंगलवार शाम करीब चार बजे उसे डिस्चार्ज कर दिया गया। अब उसे किसी तरह की कोई समस्या नहीं है। अगर समय से बच्ची नहीं आती तो उसके आंखाें की कार्निया को नुकसान हो सकता था। परिजनों को बच्ची की सेहत पर विशेष निगरानी करते रहने की सलाह दी गई है। 

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