{"_id":"6a4577905f88ef60000297e4","slug":"studied-at-up-college-when-he-didnt-get-a-job-he-became-a-fake-sub-inspector-varanasi-news-c-20-vns1056-1450782-2026-07-02","type":"story","status":"publish","title_hn":"Varanasi News: यूपी कॉलेज में की पढ़ाई, नहीं मिली नौकरी तो बन गया फर्जी दरोगा","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Varanasi News: यूपी कॉलेज में की पढ़ाई, नहीं मिली नौकरी तो बन गया फर्जी दरोगा
विज्ञापन
फर्जी दारोगा
दूसरों को देने लगा नौकरी, रुपये ऐंठ कर ब्लॉक किया नंबर
संवाद न्यूज एजेंसी
वाराणसी। यूपी कॉलेज से 12वीं तक की पढ़ाई करने के बाद जब नौकरी नहीं लगी तो फर्जी पुलिसवाला बनकर दूसरे को नौकरी दिलाने वाले आरोपी इंदपुर शिवपुर निवासी राजन प्रजापति को पुलिस ने गिरफ्तार किया। आरोपी पर पुलिस की वर्दी पहनकर घूमने और लोगों को नौकरी दिलाने की बात कहकर पैसे लेने का आरोप है। पुलिस उससे पूछताछ में जुटी है। पुलिस के अनुसार, सिधोरा थाना क्षेत्र के महंगाव हिचना निवासी किशन विश्वकर्मा ने तहरीर में बताया कि उसका ननिहाल चोलापुर थाना क्षेत्र के कुरौली गांव में है। 23 जून को वह अपने नाना कंचन विश्वकर्मा के घर गया था। उनकी मुलाकात राजन प्रजापति से हुई। आरोप है कि राजन प्रजापति पुलिस की दरोगा वर्दी पहनकर आया था और किशन से कहा कि उसके पुलिस विभाग में अच्छे संबंध हैं। पांच लाख रुपये में नौकरी लगवा देगा। आरोपी की बातों पर विश्वास कर किशन ने नौकरी की उम्मीद में अलग-अलग तिथियों पर रुपये देना शुरू कर दिया। 23 जून को 25 हजार रुपये, 25 जून को 50 हजार रुपये तथा 29 जून को 45 हजार रुपये दिए। इस प्रकार एक लाख रुपये आरोपी को सौंप दिए।
पीड़ित का कहना है कि कुछ रकम बैंक खाते के माध्यम से भी स्थानांतरित की गई, जिसके साक्ष्य और खाते की जानकारी उसके पास है। आरोप है कि रुपये लेने के बाद राजन प्रजापति ने न तो नौकरी दिलाई और न ही रुपये लौटाए। जब किशन ने उससे मोबाइल फोन पर संपर्क करने का प्रयास किया तो आरोपी ने उसका नंबर ब्लॉक कर दिया। इसके बाद काफी तलाश करने पर भी उसका कोई पता नहीं चला। पीड़ित ने चोलापुर थाने में तहरीर दी। थाना प्रभारी सधुवन राम गौतम ने बताया कि प्राथमिकी दर्ज कर आरोपी के बैंक खाते में हुए लेनदेन और अन्य साक्ष्यों की भी जांच की जा रही है। जांच में जो भी तथ्य सामने आएंगे, उनके आधार पर विधिक कार्रवाई की जाएगी।
विज्ञापन
संवाद न्यूज एजेंसी
वाराणसी। यूपी कॉलेज से 12वीं तक की पढ़ाई करने के बाद जब नौकरी नहीं लगी तो फर्जी पुलिसवाला बनकर दूसरे को नौकरी दिलाने वाले आरोपी इंदपुर शिवपुर निवासी राजन प्रजापति को पुलिस ने गिरफ्तार किया। आरोपी पर पुलिस की वर्दी पहनकर घूमने और लोगों को नौकरी दिलाने की बात कहकर पैसे लेने का आरोप है। पुलिस उससे पूछताछ में जुटी है। पुलिस के अनुसार, सिधोरा थाना क्षेत्र के महंगाव हिचना निवासी किशन विश्वकर्मा ने तहरीर में बताया कि उसका ननिहाल चोलापुर थाना क्षेत्र के कुरौली गांव में है। 23 जून को वह अपने नाना कंचन विश्वकर्मा के घर गया था। उनकी मुलाकात राजन प्रजापति से हुई। आरोप है कि राजन प्रजापति पुलिस की दरोगा वर्दी पहनकर आया था और किशन से कहा कि उसके पुलिस विभाग में अच्छे संबंध हैं। पांच लाख रुपये में नौकरी लगवा देगा। आरोपी की बातों पर विश्वास कर किशन ने नौकरी की उम्मीद में अलग-अलग तिथियों पर रुपये देना शुरू कर दिया। 23 जून को 25 हजार रुपये, 25 जून को 50 हजार रुपये तथा 29 जून को 45 हजार रुपये दिए। इस प्रकार एक लाख रुपये आरोपी को सौंप दिए।
पीड़ित का कहना है कि कुछ रकम बैंक खाते के माध्यम से भी स्थानांतरित की गई, जिसके साक्ष्य और खाते की जानकारी उसके पास है। आरोप है कि रुपये लेने के बाद राजन प्रजापति ने न तो नौकरी दिलाई और न ही रुपये लौटाए। जब किशन ने उससे मोबाइल फोन पर संपर्क करने का प्रयास किया तो आरोपी ने उसका नंबर ब्लॉक कर दिया। इसके बाद काफी तलाश करने पर भी उसका कोई पता नहीं चला। पीड़ित ने चोलापुर थाने में तहरीर दी। थाना प्रभारी सधुवन राम गौतम ने बताया कि प्राथमिकी दर्ज कर आरोपी के बैंक खाते में हुए लेनदेन और अन्य साक्ष्यों की भी जांच की जा रही है। जांच में जो भी तथ्य सामने आएंगे, उनके आधार पर विधिक कार्रवाई की जाएगी।
विज्ञापन