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वाराणसी: प्रतिबंधित सीरप की 50 हजार शीशी के साथ पांच गिरफ्तार, असम पहुंचाने की थी तैयारी

Mon, 22 Feb 2021 09:44 PM IST
हरि User न्यूज डेस्क, अमर उजाला, वाराणसी
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, वाराणसी Published by: हरि User Updated Mon, 22 Feb 2021 09:44 PM IST
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STF Varanasi crime news in hindi arrested with banned syrup 
गिरफ्तार आरोपी। - फोटो : सोशल मीडिया।

उत्तर प्रदेश के वाराणसी जनपद के भुल्लनपुर स्थित गोदाम से पूर्वोत्तर राज्यों को अवैध तरीके से भेजी जा रही प्रतिबंधित सीरप की अवैध खेप के साथ एसटीएफ की वाराणसी इकाई ने पांच आरोपियों को गिरफ्तार किया है। पांचों आरोपियों के पास से एक करोड़ रुपये मूल्य की 50,700 शीशी सीरप, एक ट्रक, पांच मोबाइल और 4,040 रुपये बरामद किया गया है।

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आरोपियों की शिनाख्त नई बस्ती पांडेयपुर के सुनील पांडेय, सारनाथ क्षेत्र के ईश्वरगंगी के प्रदीप जायसवाल, बड़ागांव क्षेत्र के डिघिया के सुनील कुमार सरोज, जौनपुर के गौरा बादशाहपुर थाना के धर्मापुर के वीरेंद्र पासवान उर्फ बबलू और गाजीपुर के सैदपुर थाना के अमुआरा के किशन यादव के तौर पर हुई है। आरोपियों को रोहनिया थाने की पुलिस को सौंपा गया है।
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नशा करने के लिए किया जाता है दवाओं का उपयोग 

एसटीएफ की वाराणसी के डिप्टी एसपी विनोद कुमार सिंह ने बताया कि सूचना मिली थी कि अंतरप्रांतीय गिरोहों द्वारा प्रदेश के विभिन्न जनपदों से मादक पदार्थों और दवाओं की अवैध तरीके से तस्करी कर पूर्वोत्तर राज्यों में भेजी जा रही है। तस्करी कर भेजी जा रही दवाओं का उपयोग नशा करने के लिए किया जाता है।

इस बीच पता चला कि एक गिरोह द्वारा रोहनिया थाना अंतर्गत भुल्लनपुर में गोदाम बनाकर सीरप को अवैध रूप से लाकर रखा जाता है और उसके बाद उसे पूर्वोत्तर राज्यों और अन्य जगहों को भेजा जाता है। सूचना की तस्दीक कर भुल्लनपुर स्थित प्रदीप जायसवाल के मकान में छापा मारा तो सामने आया कि सीरप के पैकेट को ट्रक में तस्करों द्वारा लोड किया जा रहा है।

कोडिन केमिकल के कारण सीरप करता है नशा

आरोपियों ने पूछताछ में बताया कि फेंसाडिल कफ सीरप के रूप में उपयोग किया जाता है। इसमें कोडिन नामक केमिकल होता है, जिसे एक अधिक मात्रा में पीने पर नशा होता है। बिहार, पश्चिम बंगाल एवं पूर्वोत्तर राज्यों में नशा करने वाले लोग इसका प्रयोग नशीले पदार्थ के रूप में करते हैं और यह सीरप वहां महंगे दाम में बिकता है।

चावल की बोरियों में असम पहुंचाने की थी तैयारी

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आरोपी वीरेंद्र पासवान ने पूछताछ में बताया कि मतलूब अहमद खान मिर्जापुर जनपद से 25 टन चावल की बिल्टी बनवाकर 23 टन चावल लोड कर भुल्लनपुर गोदाम पर मंगवाया था। सीरप को चावल की बोरियों के बीच में छुपाकर गुवाहाटी (आसाम) पहुंचाना था। वहां पहुंचने के बाद मतलूब अहमद खान बताता कि इसे किसे देना है।

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