फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Varanasi News ›   Shri Hari wake up on Devotthan Ekadashi Shehnai  start resonating from November 19 know the timing of marriage

देवोत्थान एकादशी पर जागेंगे श्री हरिः  19 नवंबर से गूंजने लगेगी शहनाई, जानिए विवाह के मुहूर्त

Thu, 11 Nov 2021 09:50 PM IST
गीतार्जुन गौतम न्यूज डेस्क, अमर उजाला, वाराणसी
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, वाराणसी Published by: गीतार्जुन गौतम Updated Thu, 11 Nov 2021 09:50 PM IST
सार

चार महीने बाद विश्राम कर देवोत्थान एकादशी को भगवान विष्णु जागते हैं। इसके साथ ही सभी मांगलिक कार्य एकादशी के बाद से प्रारंभ हो जाते हैं। 

विज्ञापन
Shri Hari wake up on Devotthan Ekadashi Shehnai  start resonating from November 19 know the timing of marriage
भगवान विष्णु - फोटो : अमर उजाला।

विस्तार

देवोत्थान एकादशी पर श्री हरि विष्णु निद्रा से जागेंगे। वर्ष की सभी 24 एकादशी में सबसे महत्वपूर्ण हरि प्रबोधिनी एकादशी 14 नवंबर प्रात: 8.41 बजे लग जाएगी और 15 नवंबर को प्रात: 8.33 बजे तक रहेगी। सूर्योदय व्यापिनी तिथि को ध्यान में रखकर हरि प्रबोधिनी एकादशी व्रत का मान 15 को ही होगा। 

विज्ञापन


काशी विद्वत परिषद के संगठन मंत्री पं. दीपक मालवीय ने बताया कि देवोत्थान एकादशी के चार दिन बाद 19 नवंबर से शहनाई गूंजने लगेगी। नवंबर में लग्न के लिए छह और दिसंबर में पांच मुहूर्त हैं। 14 दिसंबर से खरमास आरंभ हो जाएगा और 15 जनवरी से लग्न शुरू हो जाएगी।
विज्ञापन


अत: सूर्योदय व्यापिनी एकादशी होने के कारण देवोत्थान एकादशी व्रत का मान सभी के लिए 15 नवंबर को होगा। इस दिन प्रात: 8:52 तक भद्रा है और भद्रा के पश्चात ही तुलसी एवं शालिग्राम विवाह उत्सव के कार्यक्रम संपन्न किए जाएंगे।

विज्ञापन
विज्ञापन

भीष्म पंचक व्रत

पौराणिक कथाओं के अनुसार जिस मनोरथ का फल त्रिलोक में न मिल सके वह देवोत्थान एकादशी का व्रत कर प्राप्त किया जा सकता है। ज्योतिषाचार्य विमल जैन ने बताया कि देवउठनी एकादशी से भीष्म पंचक व्रत भी रखा जाता है।

चार महीने बाद विश्राम कर इस एकादशी को भगवान विष्णु जागते हैं इसके साथ ही सभी मांगलिक कार्य एकादशी के बाद से प्रारंभ हो जाते हैं। दीपक मालवीय ने बताया कि 23 फरवरी से गुरु अस्त हो जाएगा। जिसके कारण विवाह मुहूर्त नहीं होंगे। खरमास के पश्चात 17 अप्रैल 2022 से विवाह के मुहूर्त बनेंगे।  

विवाह मुहूर्त 2021

Shri Hari wake up on Devotthan Ekadashi Shehnai  start resonating from November 19 know the timing of marriage
सांकेतिक तस्वीर। - फोटो : अमर उजाला
19, 20, 21, 26, 28, 29 नवंबर 
1,5, 7, 12, 13 दिसंबर
 

2022 में विवाह मुहूर्त 

15, 20, 22, 23, 25, 27, 28, 29, 30, 31 जनवरी
5, 6, 9, 16, 17, 18, 19 फरवरी 
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed