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शरद पूर्णिमा 2026: चंद्रमा से होगी अमृत और आरोग्य की वर्षा, छह योग में पूजा; 25 को व्रत की पूर्णिमा

Sat, 24 Oct 2026 04:30 PM IST
Pragati Chand अमर उजाला नेटवर्क, वाराणसी।
अमर उजाला नेटवर्क, वाराणसी। Published by: Pragati Chand Updated Sat, 24 Oct 2026 04:30 PM IST
सार

शरद पूर्णिमा 25 अक्तूबर को है। इसी दिन व्रत रखकर माता लक्ष्मी और चंद्रोदय की पूजा होगी। लोग खीर बनाकर उसे खुले आसमान के नीचे रखेंगे और सुबह ग्रहण करेंगे तो रोग से मुक्ति मिलती है। 

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Sharad Purnima 2026 shower of nectar and good health from moon full moon fast falls on 25th october
शरद पूर्णिमा 2026 - फोटो : AI

विस्तार

आश्विन मास की पूर्णिमा को शरद पूर्णिमा मनाई जाएगी। कोजागरी व रास पूर्णिमा और कोजागरी लक्ष्मी पूजा के नाम से भी प्रसिद्ध यह पूर्णिमा पर सर्वाद्धसिद्धि सहित छह महायोग बन रहे हैं। वर्षभर की सबसे दिव्य रातों में एक मानी जाने वाली शरद पूर्णिमा में चंद्रमा से अमृत और आरोग्य की वर्षा होगी। 

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शरद पूर्णिमा 25 अक्तूबर को है। इसी दिन व्रत रखकर माता लक्ष्मी और चंद्रोदय की पूजा होगी। लोग खीर बनाकर उसे खुले आसमान के नीचे रखेंगे और सुबह ग्रहण करेंगे तो रोग से मुक्ति मिलती है। चंद्रोदय 5:36 बजे होगा। 
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26 अक्तूबर को सूर्योदय की तिथि मिलने से पूर्णिमा रहेगी। श्रीकाशी विश्वनाथ मंदिर न्यास के पूर्व अध्यक्ष व ज्योतिषविद प्रो. नागेंद्र पांडेय ने बताया कि पूर्णिमा तिथि 25 को दिन में 11:06 से अगले दिन 26 को 9:58 बजे तक रहेगी। इसलिए व्रत की पूर्णिमा 25 को ही मनाई जाएगी। इसी दिन रात में चंद्रोदय मिलेगा। 

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26 को सूर्योदय में तिथि मिलने से पूर्णिमा दिनभर मान्य रहेगी। शरद पूर्णिमा पर चंद्रोदय होने पर चंद्रमा को स्वेत पदार्थों से पूजन का विधान है। सफेद फूलों को चढ़ाकर खीर का भोग लगेगा। दूध से अर्घ्य देकर पूजा होगी। आचार्य दैवज्ञ कृष्ण शास्त्री ने बताया कि शरद पूर्णिमा पर ययीजय, सवार्थसिद्ध, रवि, हर्षण और प्रवर्धमान योग बन रहा है। इस दिन अभिजित मुहूर्त दोपहर 11:42 से 12:27 बजे तक और गोधूलि मुहूर्त में शाम 05:42 से 06:07 बजे पूजा होगी। 

जीआई और एक जिला, एक उत्पाद (ओडीओपी) जैसे प्रयासों से गुलाबी मीनाकारी को वैश्विक पहचान मिली है। इस कला के प्रति युवाओं की रुचि फिर से बढ़ रही है। इससे काशी की सदियों पुरानी शिल्प परंपरा आगे बढ़ रही है और आजीविका के नए अवसर पैदा हो रहे हैं। -अभिषेक प्रियदर्शी, उपायुक्त उद्योग 

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