{"_id":"66bdf35a3c8353b23d01f961","slug":"seven-places-of-kashi-which-remind-story-of-independence-you-also-know-their-specialty-2024-08-15","type":"story","status":"publish","title_hn":"Independence Day 2024: काशी के वो 7 स्थल जो याद दिलाते हैं आजादी की कहानी, आप भी जानें इनकी विशेषता","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Independence Day 2024: काशी के वो 7 स्थल जो याद दिलाते हैं आजादी की कहानी, आप भी जानें इनकी विशेषता
Thu, 15 Aug 2024 05:55 PM IST
अमन विश्वकर्मा
अमर उजाला नेटवर्क, वाराणसी।
अमर उजाला नेटवर्क, वाराणसी।
Published by: अमन विश्वकर्मा
Updated Thu, 15 Aug 2024 05:55 PM IST
सार
Independence Day 2024: भारत की आजादी में काशी और यहां के लोगों की भी भागीदारी रही। यहां कई ऐसे स्थान हैं जहां देश के क्रांतिकारियों ने बैठकें कीं, जुलूस निकाली और प्रदर्शन किए। आइए जानते हैं इनके बारे में...
विज्ञापन
महात्मा गांधी काशी विद्यापीठ में बापू का कमरा।
- फोटो : अमर उजाला
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विस्तार
ऐ वतन जब भी सर-ए-दश्त कोई फूल खिला, देख कर तेरे शहीदों की निशानी रोया...। यह शेर काशी के शहीदों पर एकदम मुफीद है। स्वतंत्रता दिवस ही नहीं हर दिन शहीदों की निशानियां यह याद दिलाती हैं कि आजादी की कीमत अमूल्य है।
विज्ञापन
शहर में आजादी और क्रांतिकारियों से जुड़ी निशानियां आज भी पर मौजूद हैं। बनारस कचहरी का लाल भवन जहां धानापुर कांड और अन्य स्वतंत्रता संग्राम सेनानियों के मुकदमे चले। बीएचयू भी भारत छोड़ो आंदोलन की यादें ताजा करता है। आंदोलन की पहली चिंगारी यहीं से फूटी थी।
विज्ञापन
कचहरी पर तिरंगा फहराने में कई शहीद हुए और काफी संख्या में लोग घायल हुए थे। वहीं डीएम भवन में ही चंद्रशेखर आजाद को बेंतों की सजा सुनाई गई थी।
रामकुंड पर अखाड़े में चंद्रशेखर आजाद कुश्ती लड़ा करते थे। सेंट्रल जेल में आजाद को 12 बेंतों की सजा सुनाई गई थी वहां स्मारक बनाहुआ है।
सेंट्रल जेल में क्रांतिकारियों को जेल में रखा गया था। यहां तमाम स्वतंत्रता संग्राम सेनानियों की सूची लगी है। शिवाला में अंग्रेजों की कब्रें क्रांतिकारियों की वीरता की निशानी हैं।
विज्ञापन
काशी विद्यापीठ के मानविकी संकाय में बापू का कमरा है।। शचींद्र नाथ सान्याल का मकान तो बिक गया है। वहीं, लाहिड़ी के मकान पर अवैध कब्जा है।