फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Varanasi News ›   Professor raises questions regarding machine purchase at IMS-BHU in Varanasi

IMS BHU: आईएमएस में मशीन खरीदारी पर प्रोफेसर ने उठाया सवाल, फेसबुक पर पोस्ट किया बिल

Mon, 29 Jun 2026 09:54 AM IST
Pragati Chand अमर उजाला नेटवर्क, वाराणसी।
अमर उजाला नेटवर्क, वाराणसी। Published by: Pragati Chand Updated Mon, 29 Jun 2026 09:54 AM IST
सार

आईएमएस बीएचयू में मशीन खरीदारी में गड़बड़ी का मामला सुर्खियों में बना हुआ है। उधर मशीन की खरीदारी का बिल हृदय रोग विभाग के पूर्व अध्यक्ष प्रो. ओमशंकर ने फेसबुक पर अपलोड कर दिया है।  

विज्ञापन
Professor raises questions regarding machine purchase at IMS-BHU in Varanasi
BHU Hospital - फोटो : अमर उजाला

विस्तार

आईएमएस बीएचयू में ऑपरेशन थियेटर में प्रयोग होने वाली मशीन की खरीदारी का मामला इन दिनों खूब चर्चा में है। आईएमएस में एम्स नई दिल्ली से भी महंगे दाम पर मशीन खरीदने की शिकायत कुलपति, ईसी मेंबर सहित अन्य लोगों से की गई है। इस बीच हृदय रोग विभाग के पूर्व अध्यक्ष प्रो. ओमशंकर ने फेसबुक पर खरीदारी का बिल अपलोड कर सभी लोगों को चौका दिया है। बिल में चार की जगह 4.412 की मात्रा में मशीन खरीदने के साथ ही कई जरूरी कॉलम खाली दिख रहे हैं। 

विज्ञापन


प्रोफेसर ओमशंकर ने इस पूरी प्रक्रिया की जांच की मांग की है। आईएमएस बीएचयू में डिवाइस फॉर कंट्रोलिंग एयरबोर्न बायोलोड इन्क्लूडिंग की खरीदारी पर सवाल उठाते हुए 17 जून को इसकी शिकायत कुलपति, ईसी मेंबर सहित अन्य लोगों से करते हुए जांच की मांग की गई है। 
विज्ञापन


रविवार की शाम को अचानक प्रो. ओमशंकर द्वारा फेसबुक पर खरीदारी का जो बिल पोस्ट किया गया, वह भी बेहद चौंकाने वाला नजर आ रहा है। हालांकि, इस बारे में आईएमएस बीएचयू के निदेशक प्रो. एसएन संखवार का कहना है कि जिस मशीन की चर्चा हो रही है, वह सीएसआर के माध्यम से मिली है। संस्थान में जो भी खरीदारी की जाती है, उसके लिए की संस्तुति सहित अन्य पूरी प्रक्रिया का पालन किया जाता है। 
विज्ञापन
विज्ञापन



 
अपने पोस्ट में प्रोफेसर ने क्या लिखा....
शल्य चिकित्सा विभाग मे 4.412 मशीनों की खरीद का बिल प्रमाण के रूप में लगाते हुए सवाल खड़ा किया है। ऐसा कारनामा करने वाला आइएमएस दुनिया का पहला संस्थान बन गया है, जो संपूर्ण मशीन खरीदने के बजाय उसे टुकड़ों में खरीद सकता है। उन्होंने कुलपति से इस मामले की जांच सेंट्रल विजिलेंस और सीबीआई से तुरंत करवाने की मांग की है।

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed