पिता ने भी लड़ा था राज्यसभा का चुनाव, लेकिन करना पड़ा था हार का सामना, बेटे प्रकाश बजाज का भी पर्चा खारिज
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राज्यसभा चुनाव में निर्दलीय प्रत्याशी प्रकाश बजाज का पर्चा खारिज होने के बाद सपा के मंसूबे पर पानी फिर गया। प्रकाश बजाज को छोड़कर बाकी सभी 10 उम्मीद्वारों के पर्चे वैध पाए गए हैं। प्रकाश के पिता पहले राज्यसभा चुनाव हार चुके थे। अब बेटे का पर्चा खारिज हो गया है।
निर्दलीय मैदान में उतरे सपा समर्थित प्रकाश बजाज का पर्चा खारिज होने के पीछे कारण बताया गया कि प्रस्तावक में सपा विधायक नवाब जान के स्थान पर नवाब शाह लिख दिया गया था। इस नाम का कोई विधायक सदन की सूची में न होने के कारण प्रकाश बजाज के प्रस्तावकों के नाम गलत पाए गए।
ऐसी स्थिति में पर्चा खारिज कर दिया गया। अब भाजपा के 8, सपा के रामगोपाल और बसपा के रामजी गौतम का निर्विरोध निर्वाचन तय हो गया है।
प्रकाश के पिता प्रदीप बजाज पहले भी राज्यसभा में चुनाव लड़े थे। लेकिन वे चुनाव हार गए थे। मुंबई के कॉरपोरेट अधिवक्ता के पिता प्रदीप कुमार बजाज 1977 में जनता पार्टी से देवरिया के विधायक रहे थे। दरअसल भाजपा ने 9वां प्रत्याशी मैदान में नहीं उतारा था।
ऐसे में प्रकाश बजाज ने निर्दलीय प्रत्याशी के तौर पर नामांकन दाखिल करने के चलते बसपा के उच्च सदन पहुंचने की राह एक तरफ मुश्किल हुई थी। पर्चा खारिज होने से भाजपा और बसपा को राहत मिली।