{"_id":"5a1aa32f4f1c1bf4688bd9a3","slug":"pm-modi-proponent-name-missing-from-voter-list-in-varanasi-municipal-election","type":"story","status":"publish","title_hn":"पीएम मोदी के प्रस्तावक का नाम मतदाता सूची से गायब, बोले- इससे बड़ी बेइज्जती नहीं हो सकती","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
पीएम मोदी के प्रस्तावक का नाम मतदाता सूची से गायब, बोले- इससे बड़ी बेइज्जती नहीं हो सकती
टीम डिजिटल,वाराणसी
Updated Mon, 27 Nov 2017 10:29 AM IST
विज्ञापन
वीरभद्र निषाद
- फोटो : अमर उजाला
यूपी में नगर निकाय के चुनाव के दूसरे चरण में आज मतदान हो रहा है। वाराणसी में भी वोटिंग हो रही है। वाराणसी में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के प्रस्तावक रहे वीरभद्र निषाद वोट डालने पहुंचे लेकिन वहां जाकर पता चला कि वोटर लिस्ट में उनका नाम ही नहीं है। जिसके कारण वह वोट नहीं डाल पाए।
वीरभद्र का कहना है कि जिंदगी में इससे बड़ी बेइज्जती हो ही नहीं सकती। उन्होंने बताया कि मतदाता सूची में नाम नहीं होने की शिकायत एडीएम प्रशासन से की है। सोमवार को इस बात की शिकायत पीएम नरेंद्र मोदी के जनसंपर्क आफिस में जाकर करूंगा।
इसके बाद पीएम मोदी से शिकायत करूंगा कि अधिकारियों की लापरवाही से मेरा नाम मतदाता सूची से गायब हो गया। इस संबंध में एडीएम प्रशासन एमएन उपाध्याय का कहना है कि जब उन्होंने शिकायत की थी उस समय सुधार करना संभव नहीं था। नाम कैसे छूट गया इसका जरूर पता किया जाएगा।
विज्ञापन
बता दें कि भारत के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने जब शपथ ली थी तब वाराणसी में नरेंद्र मोदी के प्रस्तावक रहे वीरभद्र निषाद को विशेष आमंत्रण पर दिल्ली बुलाया गया था। वीरभद्र के अनुसार वह युवावस्था में अपने पिताजी के साथ नाव का व्यापार करते थे। आज 10 लोगों का परिवार है। अब केवल 2 नाव बची है। गरीबी के चलते शुगर मिल में मजदूरी करता हूं।
विज्ञापन
वीरभद्र का कहना है कि जिंदगी में इससे बड़ी बेइज्जती हो ही नहीं सकती। उन्होंने बताया कि मतदाता सूची में नाम नहीं होने की शिकायत एडीएम प्रशासन से की है। सोमवार को इस बात की शिकायत पीएम नरेंद्र मोदी के जनसंपर्क आफिस में जाकर करूंगा।
विज्ञापन
इसके बाद पीएम मोदी से शिकायत करूंगा कि अधिकारियों की लापरवाही से मेरा नाम मतदाता सूची से गायब हो गया। इस संबंध में एडीएम प्रशासन एमएन उपाध्याय का कहना है कि जब उन्होंने शिकायत की थी उस समय सुधार करना संभव नहीं था। नाम कैसे छूट गया इसका जरूर पता किया जाएगा।
विज्ञापन
बता दें कि भारत के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने जब शपथ ली थी तब वाराणसी में नरेंद्र मोदी के प्रस्तावक रहे वीरभद्र निषाद को विशेष आमंत्रण पर दिल्ली बुलाया गया था। वीरभद्र के अनुसार वह युवावस्था में अपने पिताजी के साथ नाव का व्यापार करते थे। आज 10 लोगों का परिवार है। अब केवल 2 नाव बची है। गरीबी के चलते शुगर मिल में मजदूरी करता हूं।