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Varanasi News: घर की फर्श है कच्ची मगर इरादे चट्टान से मजबूत

Sat, 01 Jul 2023 12:13 AM IST
Varanasi Bureau वाराणसी ब्यूरो
Updated Sat, 01 Jul 2023 12:13 AM IST
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Plant is a household item but intention is stronger than rock
वाराणसी। बीएड संयुक्त प्रवेश परीक्षा में प्रदेश में पहला स्थान हासिल करने वाली सुसुवाही की शालिनी पटेल के घर की फर्श भले ही कच्ची है, लेकिन उनके इरादे चट्टान से ज्यादा मजबूत हैं।शालिनी को शुक्रवार को जब पता चला कि उसने बुंदेलखंड विश्वविद्यालय की बीएड संयुक्त प्रवेश परीक्षा में टॉप किया है तो उनकी खुशियों का ठिकाना नहीं रहा। सबसे अधिक प्रसन्नता पिता कल्लू पटेल के चेहरे पर नजर आ रही थी। घर पर बधाई देने वाले पहुंच रहे थे तो वह गर्व से फूले नहीं समा रहे थे। पेशे से राजगीर (मिस्त्री) कल्लू का कहना था कि बेटी ने पूरे प्रदेश में उनका नाम रोशन कर दिया है। भरोसा है कि एक दिन पूरा देश उनकी बेटी को जानेगा। शालिनी ने 400 में से 370 अंक हासिल किए हैं। शालिनी ने सफलता का श्रेय माता-पिता, परिवार और गुरुजनों को दिया है। रिश्तेदारों के साथ-साथ आस-पड़ोस के लोगों ने भी बधाई दी। अमर उजाला से बात करते हुए शालिनी ने बताया कि बचपन से ही उनका सपना आईएएस अधिकारी बनने का है। शुरू से मन लगाकर पढ़ाई कर रही हैं।
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माता-पिता का सपना पूरा करना है लक्ष्य
शालिनी ने जवाहर आदर्श इंटर कॉलेज से 12वीं तक की पढ़ाई के बाद बनारस हिंदू विश्वविद्यालय (बीएचयू) से बीए व एमए प्रथम स्थान से उत्तीर्ण किया। शालिनी ने कहा कि मेहनत जीवन में बहुत जरूरी है। शुरुआती असफलताओं से घबराना नहीं चाहिए। मां अनिता देवी और पिता ने हमेशा उत्साहवर्धन किया। माता-पिता उन्हें आईएएस अधिकारी देखना चाहते हैं और यह सपना पूरा करना ही उनका लक्ष्य है। शालिनी तीन बहन और एक भाई हैं। भाई सबसे बड़ा है। वह भी घर की आर्थिक जिम्मेदारी उठाता है।
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निशुल्क ट्यूशन पढ़ाती हैं शालिनी
शालिनी पटेल पढ़ाई के साथ-साथ सामाजिक संस्थाओं में भी जुड़ी हैं। उन्होंने महामना मालवीय गंगा शोध केंद्र बीएचयू से ईको-स्किल्ड गंगा मित्र का भी प्रशिक्षण लिया है। संस्था के चेयरमैन प्रख्यात पर्यावरण वैज्ञानिक प्रो. बीडी त्रिपाठी का आशीर्वाद मिलता रहा। शालिनी कक्षा छह से ही घर पर स्थानीय बच्चों को निशुल्क ट्यूशन पढ़ाती आ रही हैं, जो आज भी जारी है।
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नियमित अभ्यास और समर्पण है सफलता की कुंजी
घर पर ही अनामिका ने की तैयारी, मिला सातवां स्थान
माई सिटी रिपोर्टर
वाराणसी। बीएड प्रवेश परीक्षा में सातवां स्थान हासिल करने वाली अनामिका यादव ने बीएड प्रवेश परीक्षा की तैयारी के लिए कोई ट्यूशन नहीं ली। घर पर ही कड़ी मेहनत कर प्रतियोगी सामग्री और यूट्यूब के जरिए पढ़ाई की। अनामिका ने कहा कि नियमित अभ्यास और लक्ष्य के प्रति समर्पण ही सफलता की कुंजी है। लमही की अनामिका के पिता रामधनी यादव जनरल स्टोर चलाते हैं। अनामिका ने सुधाकर महिला महाविद्यालय से स्नातक की पढ़ाई की है। वह अपना कॅरिअर अध्ययन व अध्यापन में बनाना चाहती हैं। बताया कि प्रवेश परीक्षा के दौरान सभी प्रश्नपत्र अच्छे हुए थे। उम्मीद थी की उन्हें अच्छे स्थान प्राप्त होंगे। सफलता में माता-पिता और गुरुजनों का आशीर्वाद है।
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