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दस तक ओपीडी फुल, मरीजों होंगे परेशान
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सस्ता और बेहतर इलाज की आस लगाए हर दिन बड़ी संख्या में मरीज बीएचयू सर सुंदरलाल अस्पताल की ओपीडी में आते हैं। आनलाइन ओपीडी की बाध्यता के चलते मरीजों को उन्हें बड़ी सांसत झेलनी पड़ती है। इसमें कुछ तो निराश लौट जाते हैं जबकि कुछ अन्य अस्पतालों में जाकर दिखाते हैं। मरीजों की संख्या इतनी अधिक हैं कि नवंबर में अगले दस दिन तक आधे से अधिक विभागों की ओपीडी में जगह नहीं बची है। यहां सभी स्लॉट पहले से ही बुक हैं, ऐसे में उनकी परेशानी और बढ़ सकती है।
बता दें कि कोरोना काल में बंद चल रही अस्पताल की ओपीडी दस अगस्त से आनलाइन ओपीडी चल रही है। यहां विभागवार 50-50 मरीज देखे जा रहे हैं। नियमानुसार आनलाइन बुकिंग वालों को ही देखा जा रहा है।
इन विभागों में नहीं जगह
अस्पताल के गैस्ट्रोलॉजी, न्यूरोलॉजी विभाग में 14 नवंबर तक जगह नहीं हैं। इसके अलावा कार्डियोलॉजी, डरमेटोलॉजी, जनरल मेडिसिन, नेफ्रोलॉजी डिपार्टमेंट में भी दस नवंबर तक सभी स्लॉट पहले से ही बुक हैं।
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इमरजेंसी ही मरीजों का एकमात्र सहारा
जिन मरीजों को आनलाइन बुकिंग नहीं हो पा रही है। अब उनके सामने इमरजेंसी में डॉक्टर को दिखाने का ही एक विकल्प है। अगर बीएचयू की ओर से ओपीडी में बुकिंग की सीमा को बढ़ाई जाए तो थोड़ी सहूलियत मिल सकती है। जिससे कि बड़ी संख्या में मरीज डॉक्टर को दिखा सकेंगे।
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बता दें कि कोरोना काल में बंद चल रही अस्पताल की ओपीडी दस अगस्त से आनलाइन ओपीडी चल रही है। यहां विभागवार 50-50 मरीज देखे जा रहे हैं। नियमानुसार आनलाइन बुकिंग वालों को ही देखा जा रहा है।
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इन विभागों में नहीं जगह
अस्पताल के गैस्ट्रोलॉजी, न्यूरोलॉजी विभाग में 14 नवंबर तक जगह नहीं हैं। इसके अलावा कार्डियोलॉजी, डरमेटोलॉजी, जनरल मेडिसिन, नेफ्रोलॉजी डिपार्टमेंट में भी दस नवंबर तक सभी स्लॉट पहले से ही बुक हैं।
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इमरजेंसी ही मरीजों का एकमात्र सहारा
जिन मरीजों को आनलाइन बुकिंग नहीं हो पा रही है। अब उनके सामने इमरजेंसी में डॉक्टर को दिखाने का ही एक विकल्प है। अगर बीएचयू की ओर से ओपीडी में बुकिंग की सीमा को बढ़ाई जाए तो थोड़ी सहूलियत मिल सकती है। जिससे कि बड़ी संख्या में मरीज डॉक्टर को दिखा सकेंगे।