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Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Varanasi News ›   Nishadraj Jayanti 38% of sailors between 20 and 35 years old

निषादराज जयंती आज : 38 फीसदी नाविकों की उम्र 20 से 35 साल, 21 फीसदी के पास अनुभव 20 साल से ज्यादा

Wed, 02 Apr 2025 04:05 PM IST
अमन विश्वकर्मा अमर उजाला नेटवर्क, वाराणसी।
अमर उजाला नेटवर्क, वाराणसी। Published by: अमन विश्वकर्मा Updated Wed, 02 Apr 2025 04:05 PM IST
सार

बीएचयू के दो शोधार्थियों ने बनारस के नाविकों पर शोध किया है। इस दौरान उन्होंने उनके काम के घंटे के बारे में भी बात की। इसके साथ ही उनकी कई जानकारियां भी पता किए।

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Nishadraj Jayanti 38% of sailors between 20 and 35 years old
हर्षिता चुघ और राजीव नयन। - फोटो : अमर उजाला

विस्तार

काशी के घाटों पर नाव चला रहे करीब 8000 हजार नाविकों में 38 फीसदी नाविक ऐसे हैं, जिनकी उम्र 20 से 35 वर्ष के बीच है। 20 साल से कम उम्र के नाविक दो फीसदी ही हैं। 21 फीसदी नाविकों के पास 20 साल से ज्यादा का अनुभव है। 42 फीसदी नाविकों की उम्र 36 से 50 साल है। 18 फीसदी नाविकों की उम्र 50 साल से ज्यादा है।

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काशी हिंदू विश्वविद्यालय के दो शोधार्थी राजीव नयन और हर्षिता चुघ ने करीब तीन महीने तक अस्सी घाट, केदार घाट, हरिश्चंद्र घाट, ललिता घाट, जैन घाट, दश्वामेध घाट समेत अन्य घाटों पर नाविकों से बात कर यह सर्वे किया है। इस दौरान उन्होंने उनके काम के घंटे के बारे में भी बात की। 
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सर्वे के मुताबिक 64 फीसदी नाविकों ने माना कि क्रूज आने के बाद उनकी कमाई घटी नहीं बल्कि बढ़ गई। उनके काम के घंटे भी बढ़ गए। 14 फीसदी का कहना है कि उनके काम के घंटे कम हो गए हैं। 21 फीसदी नाविकों का मानना है कि कोई परिवर्तन नहीं हुआ। 

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46 फीसदी नाविकों ने कहा कि काम के घंटों में दो घंटे से चार घंटे का इजाफा हुआ है। सर्वे के मुताबिक 99 फीसदी नाविक नाव चलाने का ही काम करते हैं जबकि एक फीसदी नाविक क्रूज कंपनी के लिए काम कर रहे हैं। 24 फीसदी ने कहा कि नाव चलाने में खर्चे बढ़े हैं। 60 फीसदी ने कहा कि अब प्रतिस्पर्धा बहुत बढ़ गई है। 

शोधार्थी राजीव नयन और हर्षिता चुघ का कहना है कि नाविकों को प्रशिक्षण और शिक्षा देनी चाहिए। हाथ से चलने वाले  नाव, मोटर नाव और क्रूज के संचालन के रास्ते अलग-अलग तय करने चाहिए। 

23 फीसदी नाविकों ने पूरी की प्राथमिक शिक्षा 
मौजूदा समय में नाव चला रहे 56 फीसदी नाविकों की प्राइमरी शिक्षा भी पूरी नहीं हुई। 23 फीसदी नाविकों ने प्राथमिक शिक्षा पूरी की है। 18 फीसदी नाविक ऐसे हैं, जिनकी शिक्षा माध्यमिक तक हुई है।

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