नीट सॉल्वर गैंग: आरोपी डॉक्टर सहित दो पर 20-20 हजार का इनाम घोषित, मास्टरमाइंड के खिलाफ एनबीडब्ल्यू जारी
सॉल्वरों के जरिए नीट पास करवाने वाले गैंग के दो सदस्यों पर वाराणसी पुलिस आयुक्त ए. सतीश गणेश ने 20-20 हजार रुपये का इनाम घोषित किया है।
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पुलिस आयुक्त ए. सतीश गणेश ने प्रकरण की समीक्षा करते हुए यह इनाम राशि घोषित की। वहीं मुकदमे में आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए निर्देशित किया है। पुलिस आयुक्त ने बताया कि नीट फर्जीवाड़े में अभ्यर्थियों को बहला-फुसलाकर उन्हें गैंग में बतौर सॉल्वर के जरिए पास कराने का झांसा दिया गया। कुछ प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी कराने वाले छात्र-छात्राओं को जोड़ा गया।
आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए दबिश
कड़ी से कड़ी जुड़े इस प्रकरण में आरोपियों की पहचान उजागर की जा रही है। इसमें सॉल्वर गैंग के सदस्य बलरामपुर के नई बाजार पूर्वा तुलसीबाजार निवासी डॉ अफरोज मौजूदा समय में कैसरबाग (लखनऊ) और साउथ त्रिपुरा के गर्जनमुरा निवासी मृत्युंजय देवनाथ मौजूदा समय में अगरतल्ला के बरदोवाली मिलन सांघा में रह रहा है। दोनों के ऊपर 20-20 हजार का इनाम घोषित किया गया। अन्य आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए दबिश दी जा रही है।
छह लोग जेल में बंद
पटना निवासी पीके उर्फ निलेश कुमार के खिलाफ कोर्ट से गैर जमानती वारंट भी जारी किया गया है। 12 सितंबर को सारनाथ स्थित एक केंद्र से नीट फर्जीवाड़े में सॉल्वर गैंग की सदस्य बीएचयू की छात्रा जूली कुमारी, उसकी मां बबिता और भाई अभय सहित छह लोगों को पुलिस ने अलग-अलग दिनों में गिरफ्तार किया। सभी जिला जेल चौकाघाट में बंद है।
बयान दर्ज नहीं कराने वालों कोर्ट नोटिस भेजने की तैयारी
पुलिस आयुक्त ए सतीश गणेश ने बताया कि सॉल्वर गैंग के संपर्क में आए 16 अभ्यर्थियों में से कुछ अभ्यथियों ने अपना बयान दर्ज कराया है। वहीं अब तक अपना पक्ष नहीं रखने वाले अभ्यर्थियों को कोर्ट से नोटिस भेजने की तैयारी की जा रही है। जिन्होंने बयान दर्ज कराया है, उन्हें जांच में सहयोग करने के लिए भी निर्देशित किया गया है। वहीं अधिकतर बयान दर्ज कराने वालों ने चौंकाने वाली जानकारियां दी है।
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