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कोविड-19 सेफ काशी एप से सार्वजनिक हो रही कोरोना पीड़ितों की जानकारी
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वाराणसी। एक तरफ जहां पूरा देश मिलकर कोरोना महामारी से जंग लड़ रहा है, वहीं दूसरी तरफ नगर निगम केंद्र सरकार के दिशा निर्देशों की धज्जियां उड़ा रहा है। कोविड-19 सेफ काशी एप के जरिए कोरोना पॉजिटिव मरीजों के नाम, पते सार्वजनिक किए जा रहे हैं। यह पूरी तरह से भारत सरकार के स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण मंत्रालय और विश्व स्वास्थ्य संगठन के निर्देशों का उल्लंघन है।
नगर निगम ने पिछले पांच अप्रैल को इस एप को लांच किया था। इसका लिंक नगर निगम की वेबसाइट तथा वाराणसी स्मार्ट सिटी की वेबसाइट पर भी उपलब्ध है। उसी एप में सीमएओ आफिस रिपोर्ट नाम से एक लिंक पर ये जानकारियां सार्वजनिक की जा रही हैं। क्रांति फाउंडेशन के राष्ट्रीय अध्यक्ष ई. राहुल कुमार सिंह ने नगर निगम पर लापरवाही बरतने और सभी मानकों के उल्लंघन का आरोप लगाया है। कहा कि नगर निगम ने मरीजों की निजी जानकारी सार्वजनिक करके भारतीय संविधान के अनुच्छेद 21, इंडियन मेडिकल काउंसिल के 2002 एक्ट, ग्राहक सुरक्षा अधिनियम 2002 समेत कई कानूनों का उल्लंघन व मरीजों के अधिकारों का हनन किया है। उन्होंने प्रधानमंत्री व केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्री को पत्र लिखकर दोषी अधिकारियों पर सख्त कार्रवाई की मांग की है। उन्होंने कहा कि जल्द ही मरीजों की जानकारियां एप से नहीं हटाई गई तो वह अदालत की शरण में जाएंगे।
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नगर निगम ने पिछले पांच अप्रैल को इस एप को लांच किया था। इसका लिंक नगर निगम की वेबसाइट तथा वाराणसी स्मार्ट सिटी की वेबसाइट पर भी उपलब्ध है। उसी एप में सीमएओ आफिस रिपोर्ट नाम से एक लिंक पर ये जानकारियां सार्वजनिक की जा रही हैं। क्रांति फाउंडेशन के राष्ट्रीय अध्यक्ष ई. राहुल कुमार सिंह ने नगर निगम पर लापरवाही बरतने और सभी मानकों के उल्लंघन का आरोप लगाया है। कहा कि नगर निगम ने मरीजों की निजी जानकारी सार्वजनिक करके भारतीय संविधान के अनुच्छेद 21, इंडियन मेडिकल काउंसिल के 2002 एक्ट, ग्राहक सुरक्षा अधिनियम 2002 समेत कई कानूनों का उल्लंघन व मरीजों के अधिकारों का हनन किया है। उन्होंने प्रधानमंत्री व केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्री को पत्र लिखकर दोषी अधिकारियों पर सख्त कार्रवाई की मांग की है। उन्होंने कहा कि जल्द ही मरीजों की जानकारियां एप से नहीं हटाई गई तो वह अदालत की शरण में जाएंगे।
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