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बनारस में शिया-सुन्नी भिड़े: पहला पत्थर किसने फेंका, क्या सच में लगे पाकिस्तान के नारे? पढ़ें पूरी कहानी

Sun, 30 Jul 2023 09:10 AM IST
उत्पल कांत न्यूज डेस्क, अमर उजाला, वाराणसी
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, वाराणसी Published by: उत्पल कांत Updated Sun, 30 Jul 2023 09:10 AM IST
सार

वाराणसी के दोषीपुरा इलाके में शनिवार शाम ताजिया जुलूस के दौरान शिया और सुन्नी भिड़ गए। दोनों पक्षों के बीच पथराव और तोड़फोड़ के कारण दो घंटे से ज्यादा समय तक माहौल अराजक रहा। 50 से ज्यादा लोग घायल हुए। पुलिस ने लाठी भांजकर पथराव कर रहे लोगों को खदेड़ा और माहौल को सामान्य कराया। 

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Muharram 2023 Shia Sunni clash in Varanasi Who threw first stone slogans of Pakistan
वाराणसी में ताजिया जुलूस को लेकर शिया-सुन्नी समुदाय में बवाल - फोटो : अमर उजाला

विस्तार

वाराणसी के दोषीपुरा इलाके में शनिवार शाम ताजिया जुलूस के दौरान शिया और सुन्नी भिड़ गए। दोनों पक्षों के बीच जमकर पथराव हुआ और तोड़फोड़ की गई। पुलिसकर्मियों सहित 50 से ज्यादा लोग घायल हुए हैं। पुलिस की जीप समेत 12 से अधिक वाहन क्षतिग्रस्त कर दिए गए। पुलिस ने लाठी भांजकर पथराव कर रहे लोगों को खदेड़ा और माहौल को सामान्य कराया।  पथराव के कारण शिया और सुन्नी समुदाय के लोगों के ताजिये क्षतिग्रस्त हो गए। 18 लोगों को हिरासत में लेकर पूछताछ की जा रही है।

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वहीं, घटना की गंभीरता को देखते हुए पुलिस आयुक्त मुथा अशोक जैन और डीएम एस राजलिंगम ने क्षेत्र में कैंप किया। मामले की संवेदशीलता को देखते हुए क्षेत्र में जैतपुरा सहित छह थानों की पुलिस फोर्स, पीएसी और आरएएफ तैनात की गई है। 

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150 अज्ञात के खिलाफ मुकदमा

इंस्पेक्टर सुधीर कुमार सिंह की तहरीर पर जैतपुरा थाने में देर रात 150 अज्ञात के खिलाफ बलवा, सरकारी कार्य में बाधा डालने, लोक शांति को भंग करने, सार्वजनिक संपत्ति को नुकसान पहुंचाने समेत अन्य आरोपों में मुकदमा दर्ज किया गया है। वहीं शिया समुदाय के लोगों ने तहरीर देने के लिए कहा है। पुलिस आयुक्त मुथा अशोक जैन ने कहा कि घटना की जांच कराई जा रही है। जिन भी लोगों ने जानबूझकर माहौल बिगाड़ने का काम किया है, उनके खिलाफ कठोर कानूनी कार्रवाई की जाएगी। 

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पाकिस्तान के समर्थन में नारा लगाने के आरोप

Muharram 2023 Shia Sunni clash in Varanasi Who threw first stone slogans of Pakistan
वाराणसी में ताजिया जुलूस को लेकर शिया-सुन्नी समुदाय में बवाल - फोटो : अमर उजाला

शिया समुदाय के लोगों ने पथराव में शामिल सुन्नी समुदाय के लोगों पर पाकिस्तान के समर्थन में नारे लगाने का आरोप लगाया। पुलिस को बताया कि पाकिस्तान के समर्थन में कई बार नारे लगाए गए। इस मामले में पुलिस से कार्रवाई की मांग भी की गई।  पुलिस आयुक्त ने कहा कि जांच के आदेश दिए गए हैं। जांच में जो भी तथ्य सामने आएंगे, उसके आधार पर संबंधित लोगों के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी।
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दो घंटे से ज्यादा समय तक रहा अराजकता का माहौल

Muharram 2023 Shia Sunni clash in Varanasi Who threw first stone slogans of Pakistan
वाराणसी में ताजिया जुलूस को लेकर शिया-सुन्नी समुदाय में बवाल - फोटो : अमर उजाला

दोषीपुरा इलाके में पथराव और तोड़फोड़ के कारण दो घंटे से ज्यादा समय तक माहौल अराजक रहा। भारी संख्या में पुलिस बल के आने के बावजूद उपद्रवी पथराव करने से बाज नहीं आए। पुलिस ने जब लाठी लेकर गलियों के भीतर तक खदेड़ना शुरू किया, तब जाकर स्थिति नियंत्रित हुई। इस बीच इलाके की महिलाएं, बच्चे और बुजुर्ग अपने घरों के भीतर दुबके नजर आए।

शिया और सुन्नी समुदाय एक दूसरे पर लगा रहे आरोप

Muharram 2023 Shia Sunni clash in Varanasi Who threw first stone slogans of Pakistan
वाराणसी में ताजिया जुलूस को लेकर शिया-सुन्नी समुदाय में बवाल - फोटो : अमर उजाला

जैतपुरा थाना क्षेत्र के दोषीपुरा मैदान से शिया समुदाय के लोग ताजिया उठाते हैं। वहां से ताजिया लाट सरैया स्थित सदर इमामबाड़ा ले जाकर ठंडा किया जाता है। शिया समुदाय के लोगों के मुताबिक दोषीपुरा इलाके से परंपरागत तरीके से सुन्नी समुदाय की ओर से एक ताजिया निकलता है। आरोप है कि शनिवार की शाम सुन्नी समुदाय के परंपरागत ताजिये के अलावा उसके पीछे अन्य इलाकों के ताजियों का जुलूस आ गया। शिया समुदाय के लोगों ने उन्हें समझाने का प्रयास किया और कहा कि नई परंपरा की शुरुआत न करें और ताजियों को उनके कदीमी रास्तों से ही लेकर जाएं।

उधर, सुन्नी समुदाय के लोगों का आरोप है कि शिया समुदाय ने रास्ता रोक दिया था। इससे विवाद बढ़ा। पहले कहासुनी हुई, फिर पथराव होने लगा। दोनों तरफ से पथराव में कई पुलिस कर्मियों को चोटें आईं। इस बीच भीड़ ने पुलिस के वाहनों को भी निशाना बनाया। पुलिस का चार पहिया वाहन क्षतिग्रस्त कर दिया। बाइक को ईंट-पत्थर से कूंच डाला। आम लोगों की बाइकें भी क्षतिग्रस्त कर दी गईं। इसकी सूचना मिलते ही जैतपुरा थाने की पुलिस और पीएसी ने स्थिति को नियंत्रित करने की कोशिश की, लेकिन बात नहीं बनी।

सूचना पाकर 10 थानों की फोर्स, पीएसी और आरएएफ के साथ पुलिस आयुक्त घटनास्थल पर पहुंच गए। पुलिस ने पथराव कर रहे लोगों को लाठी भांजकर खदेड़ा। पथराव में घायल हुए लोगों ने अपना उपचार मंडलीय अस्पताल में कराया है। मंडलीय अस्पताल पहुंचे घायलों में से एक व्यक्ति को बीएचयू ट्रॉमा सेंटर रेफर किया गया है। उसकी हालत गंभीर बताई जा रही है। इसके अलावा अन्य घायलों ने आसपास के निजी अस्पतालों में अपना प्राथमिक उपचार कराया है।

पहले से थी पथराव की तैयारी, भाग खड़ी हुई पुलिस

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वाराणसी में मुहर्रम के जुलूस के दौरान बवाल - फोटो : अमर उजाला

दोषीपुरा इलाके में हुए पथराव और तोड़फोड़ को लेकर शिया समुदाय के समर अब्बास और फिरोज अली ने कहा कि माहौल बिगाड़ने के लिए दूसरे पक्ष के लोग पूरी तैयारी करके आए थे। हम लोगों की संख्या कम थी और पुलिस कर्मी भी बहुत ज्यादा संख्या में नहीं थे। पथराव शुरू हुआ तो हम लोग छुपने के लिए जगह तलाशने लगे और पुलिस कर्मी भी इधर-उधर भागने लगे। कुल मिलाकर यह बवाल सुनियोजित तरीके से जानबूझकर किया गया है। उपद्रवी पथराव की तैयारी से आए थे। पत्थर भी साथ लाए थे।

पिछले साल भी ताजिया जुलूस को लेकर हुआ था विवाद

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वाराणसी में ताजिया जुलूस को लेकर शिया-सुन्नी समुदाय में बवाल - फोटो : अमर उजाला

दोषीपुरा इलाके में पथराव के बाद शिया समुदाय के लोगों ने कहा कि पिछले साल भी मुहर्रम के दौरान ताजिया जुलूस को लेकर विवाद हुआ था। इससे पहले वर्ष 2017, 2012 और 2004 में विवाद हो चुका है। ताजिया जुलूस को लेकर तनातनी की स्थिति हर बार रहती थी। पुलिस दोनों पक्षों के लोगों के साथ प्रभावी तरीके से संवाद करते हुए सतर्कता के साथ निगरानी करती थी तो ऐसी नौबत नहीं आती। इस बार पुलिस ने ठोस कार्ययोजना बनाकर उस पर अमल नहीं किया। उपद्रवी किस्म के लोगों ने माहौल बिगाड़ने के लिए उपयुक्त अवसर देखते हुए जानबूझकर पथराव और तोड़फोड़ किया।

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