एमएलसी चुनाव: कल जारी होगी अधिसूचना, नौ अप्रैल को होगा मतदान, पहले खरीदे गए नामांकन पत्र भी होंगे मान्य
मतों की गिनती 12 अप्रैल को होगी। निर्वाचन क्षेत्र में वाराणसी के अलावा चंदौली और भदोही जिला शामिल है और सभी दावेदारों को वाराणसी में ही नामांकन करना होगा।
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विस्तार
स्थानीय प्राधिकारी निर्वाचन क्षेत्र के विधान परिषद चुनाव की अधिसूचना 15 मार्च को जारी हो जाएगी। इसी के साथ सुबह 11 बजे से दोपहर तीन बजे तक नामांकन प्रक्रिया शुरू हो जाएगी। 19 मार्च तक प्रत्याशी अपने नामांकन पत्र एडीएम प्रशासन के न्यायालय कक्ष में जमा कर सकेंगे।
विधानसभा चुनाव के दौरान पहले जारी हुई अधिसूचना के वक्त खरीदे गए नामांकन पत्र और नामांकन मान्य होंगे। हालांकि वाराणसी स्थानीय प्राधिकारी निर्वाचन क्षेत्र में आधा दर्जन नामांकन पत्र तो खरीदे गए थे, मगर किसी भी प्रत्याशी ने नामांकन नहीं किया था।
जिला निर्वाचन अधिकारी कौशल राज शर्मा की ओर से वाराणसी स्थानीय प्राधिकारी निर्वाचन क्षेत्र से विधान परिषद सदस्य के चुनाव के लिए अधिसूचना जारी होने के बाद पर्चा दाखिला की प्रक्रिया शुरू हो जाएगी। कोविड गाइडलाइन के तहत प्रत्याशी के साथ तीन लोगों को नामांकन कक्ष में जाने की छूट मिलेगी।
26 मतदान केद्रों पर मतदाता डालेंगे वोट
वाराणसी स्थानीय प्राधिकारी निर्वाचन क्षेत्र के वाराणसी में 11, चंदौली में नौ और भदोही में छह मतदान मतदान केंद्र होंगे। एक फरवरी, 2022 के अनुसार मतदाताओं की संख्या जनपद वाराणसी में 1106 पुरुष 769 महिला सहित 1875, चंदौली में 984 पुरुष 736 महिला सहित 1720 तथा भदोही में 766 पुरुष 588 महिला सहित 1354 हैं। इस प्रकार कुल 2856 पुरुष 2093 महिला सहित 4949 मतदाता हैं।
ये चुनते हैं एमएलसी
स्थानीय प्राधिकारी निर्वाचन क्षेत्र के चुनाव में संसद सदस्य, विधानसभा सदस्य, विधान परिषद सदस्य, नगर निगम के पार्षद व महापौर, नगर पालिका व नगर पंचायत के अध्यक्ष व सदस्य, जिला व क्षेत्र पंचायत के अध्यक्ष व सदस्य, छावनी परिषद के सदस्य व ग्राम पंचायत के प्रधान मतदान करते हैं।
प्रत्याशी चयन के लिए राजनीतिक दलों में मंथन
इस बार बृजेश सिंह के फिर मैदान में उतरने की उम्मीद है। पिछली बार हुए चुनाव में भाजपा ने इन्हें समर्थन दिया था। हालांकि विधानसभा चुनाव में मिली जीत के बाद भाजपा भी नए सिरे से इस पर मंथन कर रही है। कई दावेदार भी पार्टी में अपनी दावेदारी में जुटे हैं।
इसके साथ कांग्रेस, बसपा, सपा सहित अन्य दल भी अपनी रणनीति बना रहे हैं। वाराणसी के इस चुनाव में सपा किसी कद्दावर को मैदान में उतारने की तैयारी है। दरअसल, पिछली बार सैय्यदराजा के पूर्व विधायक मनोज सिंह डब्ल्यू ने अपने करीबी रिश्तेदार मीना सिंह को सपा के टिकट पर मैदान में उतारा था।
मगर, उस चुनाव में निर्दलीय बृजेश सिंह को 3038 मत मिले थे, जबकि उनके निकटतम प्रतिद्वंद्वी सपा की मीना सिंह को 1084 वोट ही मिला था। इस बार मनोज सिंह डब्ल्यू फिर बृजेश सिंह के भतीजे और सैय्यदराजा विधायक सुशील सिंह से विधानसभा चुनाव में पटखनी खा चुके हैं। ऐसे में माना जा रहा है कि सपा इस चुनाव में रणनीति के साथ मैदान में आएगी।