मिर्जापुर : अलीगढ़ से पैदल घर आ रहा था युवक, फतेहपुर में गंवा बैठा जान
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मिर्जापुर जिले के बघईला गांव का एक युवक लॉकडाउन में साथियों के साथ अलीगढ़ से पैदल घर लौटते समय रास्ते में फतेहपुर के बीकनपुर में शनिवार रात जान गंवा बैठा। सोमवार भोर में उसका शव पहुंचने पर युवक की मां अचेत हो गई।
मड़िहान थाना क्षेत्र के बघईला गांव निवासी स्वामीनाथ आदिवासी का पुत्र राजाबाबू (22) लॉकडाउन के कुछ दिन पहले साथियों के साथ बिजनेस प्रशिक्षण लेने अलीगढ़ गया था। लॉकडाउन होने पर सेंटर बंद हो गया। इंतजार करने के बाद राजाबाबू चार-पांच दिन पहले पांच साथियों के साथ पैदल घर के लिए चल दिया। फतेहपुर से पैदल चलते समय शनिवार की शाम साथी आगे बढ़ गए और राजाबाबू उनसे बिछड़ गया।
इसी दौरान रास्ते में औंग थाने के बीकनपुर के पास राजाबाबू अचेत हो गया। सूचना पर पुलिस पहुंची और उसे अस्पताल लेकर गई। वहां डॉक्टर ने मृत घोषित कर दिया। उधर, राजाबाबू से उसके साथियों ने संपर्क करने की कोशिश की तो मोबाइल स्विच ऑफ मिला। इस पर सभी साथी राजाबाबू को खोजते हुए पीछे लौट गए। रास्ते में राहगीरों से जानकारी मिली कि एक अचेत युवक को पुलिस ले गई है।
किसी तरह जानकारी लेकर सभी साथी रविवार को पोस्टमार्टम हाउस पहुंचे। शिनाख्त होने पर पुलिस ने राजाबाबू का शव उसके मित्रों को सौंप दिया। सोमवार की सुबह शव लेकर सभी घर पहुंचे तो मां अचेत हो गई। परिजनों ने सुबह बकहर नदी के किनारे अंतिम संस्कार कर दिया। औंग थानाध्यक्ष एनके नागर का कहना है कि युवक की मौत की वजह का पता नहीं चल सका है। उसका बिसरा प्रिजर्व कर लिया गया है। वहीं, राजाबाबू की मौत की सूचना मिलने पर सुबह उसके घर ग्रामीण पहुंचे थे पर जैसे ही शव आया, सभी कोरोना के डर से हट गए।