Varanasi: भविष्य ज्योति सम्मान पाकर चहके मेधावी, सीडीओ ने 10वीं-12वीं के होनहारों का मनोबल बढ़ाया
अमर उजाला भविष्य ज्योति सम्मान समारोह में बुधवार को अपने विद्यालय में सर्वाधिक अंक लाने वाले छात्र-छात्राओं को सम्मानित किया गया। इस दौरान सम्मान स्वरूप प्रमाण पत्र व मेडल पाकर मेधावियों के चेहरे खिल उठे।
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प्रभारी जिलाधिकारी व मुख्य विकास अधिकारी (सीडीओ) हिमांशु नागपाल ने बुधवार को हाईस्कूल और इंटरमीडिएट में अच्छे अंक हासिल करने वाले होनहारों को सफलता का मंत्र दिया। उन्होंने कहा कि बड़ा लक्ष्य जरूर तय करें, लेकिन उसे पाने के लिए छोटे-छोटे प्रयास करें। लक्ष्य हासिल करके आगे बढ़ें और कामयाबी की कहानी लिखें। हर छात्र-छात्रा मेधावी है, इसीलिए सम्मान मिल रहा है। वह अमर उजाला और अशोक इंस्टीट्यूट के संयुक्त तत्वावधान में आयोजित भविष्य ज्योति सम्मान समारोह को संबोधित कर रहे थे।
सीडीओ हिमांशु नागपाल, अशोका इंस्टीट्यूट के वाइस चेयरमैन अमित मौर्या और निदेशक डॉ. सारिका श्रीवास्तव ने दीप जलाकर भविष्य ज्योति कार्यक्रम का शुभारंभ किया। इसके बाद अशोक इंस्टीट्यूट सभागार में सीडीओ ने कहा कि इंटरमीडिएट उत्तीर्ण छात्रों के सामने बड़ी चुनौती विषय चयन की होती है।
छात्र-छात्रा पर दबाव नहीं बनाना चाहिए
अभिभावकों का दबाव भी रहता है। छात्र-छात्रा पर किसी तरह का दबाव नहीं बनाना चाहिए। वे जो भी पढ़ना चाहते हैं, उसे पढ़ने दें। रुचि के हिसाब से पढ़ाई करेंगे तो ज्यादा अच्छा करेंगे। सफलता का कीर्तिमान स्थापित करेंगे। मनोबल नहीं गिरेगा। सीडीओ ने अपना अनुभव साझा किया और संघर्षों को भी बताया।
उन्होंने कहा कि हादसे में पिता व भाई का निधन हो गया था। कठिन चुनौती थी, लेकिन हिम्मत नहीं हारा। लक्ष्य तय करके आगे बढ़ा और उसे पहले ही प्रयास में हासिल कर लिया। पिता-भाई भी आईएएस अधिकारी बनाना चाहते थे। उनके सपनों को साकार कर दिया। कोई भी लक्ष्य कठिन नहीं होता है। जो तय करें, उसे हासिल करने के लिए ईमानदारी से प्रयास करें। कठिन परिश्रम का कोई विकल्प नहीं है। कार्यक्रम का संचालन गौरव कुशवाहा ने किया।
कॅरिअर काउंसर ने दी एकाग्रता बनाए रखने की सीख
कॅरिअर काउंसलर व इंस्टीट्यूट की सहायक प्रोफेसर रचना सिंह ने छात्र-छात्राओं का मार्गदर्शन किया। उन्होंने एकाग्रता बनाकर रखने और आगे बढ़ने की सीख दी। साथ ही कहा कि संकाय व विषयों के चयन में सबसे ज्यादा सावधानी बरतनी चाहिए। जितनी क्षमता है, उसी हिसाब से विषय लें। अनावश्यक दबाव से एकाग्रता नहीं रह जाएगी। दिक्कत और बढ़ेगी।
आगे बढ़ने की प्रेरणा मिलेगी
अशोका इंस्टीट्यूट के वाइस चेयरमैन अमित मौर्या ने कहा कि होनहारों को सम्मानित करके अच्छा लग रहा है। उनका उत्साह बढ़ेगा और बेहतर करने की प्रेरणा मिलेगी। यह बड़ा मंच है। इससे छात्रों का आत्मबल बढ़ेगा और भरोसे के साथ आगे बढ़ेंगे। उन्होंने अमर उजाला की पहल को सराहनीय बताया और कहा कि सामाजिक सरोकारों में बढ़-चढ़कर हिस्सा लेना संस्थान की प्राथमिकता है।
नेत्रहीन छात्राओं का जोश देख खुश हुए सीडीओ
समारोह में जीवन ज्योति स्कूल की दो नेत्रहीन छात्राओं अंशिका सिंह और प्रियंका निषाद की प्रतिभा और जोश को देखकर सीडीओ खुश हो गए। कक्षा दस की दोनों छात्राओं को सीडीओ ने बुलाया और उनका हौसला बढ़ाया। सीडीओ ने कहा कि कभी पीछे मुड़कर नहीं देखना है। कमियों को पछाड़ कर सफलता का कीर्तिमान स्थापित करना है।
होनहारों को मिला सम्मान
समारोह में होनहारों को मेडल व प्रमाण पत्र भी दिया गया। जिस छात्र-छात्राओं ने हाईस्कूल व इंटरमीडिएट में सर्वाधिक अंक प्राप्त किए हैं, उन्हें सम्मानित किया गया। छात्रों को साथ ही विद्यालयों के शिक्षकों को अमर उजाला की तरफ से ईयर बुक और स्मृति चिह्न प्रदान किया गया। पौधे भी भेंट किए गए।
इन विद्यालयों के छात्रों को मिला सम्मान
- आर्य महिला इंटर कॉलेज, चेतगंज
- ग्लेनहिल स्कूल, मंडुवाडीह
- हरिश्चंद बालिका इंटर कॉलेज, मैदागिन
- हरमन माइनर स्कूल, चौबेपुर
- जीवन ज्योति हायर सेकेंडरी स्कूल, सारनाथ
- कस्तूरबा बालिका इंटर कॉलेज, अर्दली बाजार
- निवेदिता शिक्षा सदन बालिका इंटर कॉलेज, महमूरगंज
- आरएस कॉन्वेंट सैनिक स्कूल, लेढ़ूपुर
- सिल्वर ग्रोव स्कूल, महेशपुर
- बसंत कन्या इंटर कॉलेज, कमच्छा