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Varanasi News: मेन सड़क पर बंद कराईं दुकानें तो गलियों में बेचने लगे मांस, कांवड़ रूट पर लगी थी रोक
Thu, 25 Jul 2024 04:36 PM IST
प्रगति चंद
अमर उजाला नेटवर्क, वाराणसी।
अमर उजाला नेटवर्क, वाराणसी।
Published by: प्रगति चंद
Updated Thu, 25 Jul 2024 04:36 PM IST
सार
वाराणसी में सावन में कांवड़ियों की भीड़ को देखते हुए कांवड़ रूट पर नगर निगम द्वारा मीट की दुकानों पर प्रतिबंध लगाया था। हालांकि कारोबारियों ने इसका रास्ता निकाल लिया है। कांवड़िया रूट छोड़कर वे गलियों में मांस बेच रहे हैं।
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सांकेतिक तस्वीर।
- फोटो : istock
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विस्तार
कांवड़िया रूट से मांस की दुकानें बंद करने का आदेश नगर निगम की ओर से जारी किया गया है। इसे देखते हुए दो दिन पूर्व नगर निगम ने अभियान चलाकर 12 मांस की दुकानों को बंद कराया था। हालांकि मांस कारोबारियों ने इसका रास्ता निकाल लिया है। कई मांस कारोबारी कांवड़ रूट को छोड़कर गलियों में मांस बेच रहे हैं।
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शहर में चांदपुर चौराहे से मंडुवाडीह, महमूरगंज, रथयात्रा, गुरुबाग, गिरिजाघर, गोदौलिया, दशाश्वमेध जाते हैं। इसी प्रकार बीएचयू की ओर से अस्सी, नगवां, मदनपुरा होते हुए गोदौलिया जाते हैं। लहुराबीर से बेनियाबाग, नई सड़क, गिरिजाघर होकर गोदौलिया जाते हैं। पांडेयपुर, तेलियाबाग, लहुराबीर, मैदागिन होकर मंदिर जाते हैं। इसके अलावा सोनारपुरा, रेवड़ी तालाब, भिखारीपुर, सुंदरपुर आदि इलाकों में मांस की दुकानें रही।
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सर्वे के दौरान कांवड़िया रूट पर 95 मांस की दुकानें रहीं। जिसे रूट से हटवाया गया है। ज्यादातर मांस कारोबारियों ने रूट से सटे दूसरे मार्ग और गलियों में मांस बेचने के लिए स्थान ढूंढ लिया है। आने वाले दिनों में पूरे शहर से मांस की दुकानों के लिए स्थान चिह्नित किया जाएगा। इसके लिए जल्द ही निर्णय लिया जाएगा।
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एक मांस कारोबारी बेलाल अहमद ने बताया कि हम लोगों के परिवार की आजीविका मांस कारोबार पर टिकी है। ऐसी स्थिति में यदि पूरे माह दुकान बंद हो जाएगी तो दिक्कत होगी। हम लोगों ने कांवड़िया रूट छोड़कर गलियों में दुकानें खोली हैं ताकि जिसे जरूरत होगी वह मांस खरीद सकता है। इस महीने में मांस की बिक्री बहुत कम होती है।
मांस कारोबारी जावेद अली ने बताया कि हर बार सावन के सोमवार को मांस की दुकानें बंद रखी जाती थी। इस बार पूरे महीने दुकानें बंद करने का आदेश आया है। इसके चलते कांवड़िया रूट से हटाकर दुकान गली में खोली गई है, ताकि परिवार की आजीविका चलाई जा सके। वैसे भी सावन में मांस की खपत कम हो जाती है।
क्या बोले अधिकारी
कांवड़िया रूट पर अभियान चलाकर मांस की दुकानें बंद कराई गईं हैं। यह अभियान सावन भर चलेगा। सर्वे में रूट पर 95 दुकानें मिली थी। कांवड़िया रूट से सटे आसपास के इलाकों में भी मांस बेचने वालों पर कार्रवाई होगी। -अनुपम त्रिपाठी, प्रभारी, पशु चिकित्सालय, नगर निगम
मांस कारोबारी जावेद अली ने बताया कि हर बार सावन के सोमवार को मांस की दुकानें बंद रखी जाती थी। इस बार पूरे महीने दुकानें बंद करने का आदेश आया है। इसके चलते कांवड़िया रूट से हटाकर दुकान गली में खोली गई है, ताकि परिवार की आजीविका चलाई जा सके। वैसे भी सावन में मांस की खपत कम हो जाती है।
क्या बोले अधिकारी
कांवड़िया रूट पर अभियान चलाकर मांस की दुकानें बंद कराई गईं हैं। यह अभियान सावन भर चलेगा। सर्वे में रूट पर 95 दुकानें मिली थी। कांवड़िया रूट से सटे आसपास के इलाकों में भी मांस बेचने वालों पर कार्रवाई होगी। -अनुपम त्रिपाठी, प्रभारी, पशु चिकित्सालय, नगर निगम