वाराणसी में बोलीं मैरी कॉम: 'बेटे फुटबाल प्रेमी..बेटी को बनाऊंगी मुक्केबाज', बेटियों के लिए कही ये बात
कैंटोंमेंट स्थित होटल में मैरीकॉम ने कहा कि देश के साथ ही विदेशों में होने वाले खेल में साल दर साल मुक्केबाज बेहतर प्रदर्शन कर रहे हैं। उन्हें हर जरूरी सुविधाएं सरकार की ओर से दी जा रही है। आने वाले दिनों में ओलंपिक सहित अन्य खेलों में और भी कामयाबी देखने को मिलेगी।
विस्तार
उत्कर्ष स्मॉल फाइनेंस बैंक के मैराथन में बतौर मुख्य अतिथि शामिल होने पहुंचीं ओलंपियन मुक्केबाज मैरीकॉम ने कहा कि लोगों को अच्छा दिखने के लिए नहीं बल्कि स्वस्थ रहने के लिए फिटनेस पर ध्यान देना चाहिए। कहा कि मेरे तीन बच्चे हैं। बेटे मुक्केबाजी नहीं पसंद करते हैं। वो फुटबाल मैच देखते हैं। बेटी पांच साल की है। उसे मुक्केबाज बनाने का सपना है। बेटियों को इस क्षेत्र में कदम आगे बढ़ाना चाहिए। मुक्केबाजों को प्रशिक्षण देने का मौका मिला तो जरूर करूंगी।
कैंटोंमेंट स्थित होटल में मैरीकॉम ने कहा कि देश के साथ ही विदेशों में होने वाले खेल में साल दर साल मुक्केबाज बेहतर प्रदर्शन कर रहे हैं। उन्हें हर जरूरी सुविधाएं सरकार की ओर से दी जा रही है। आने वाले दिनों में ओलंपिक सहित अन्य खेलों में और भी कामयाबी देखने को मिलेगी। कहा कि जो भी खाना है, वो खाएं, लेकिन फिटनेस को नहीं छोड़ना चाहिए। शरीर में जरूरी कैलोरी के लिए भी जरूरी है। खाने के साथ-साथ मेहनत भी करना चाहिए। तभी फिट रहेंगे। ओलंपिक में केवल मुक्केबाजी नहीं बल्कि सभी खेल में मेडल आए, इसपर सभी को ध्यान देने की जरूरत है। उभरते खिलाड़ी अच्छा कर रहे हैं।
चोट से न खेल पाने का रहेगा मलाल
मैरीकॉम ने कहा कि एशियन गेम्स, ओलंपिक, कॉमनवेल्थ सहित अन्य खेल में गोल्ड मेडल हासिल करने के साथ ही छह बार की विश्व चैंपियन हूं। कॉमनवेल्थ गेम्स में चोट लगने के बाद से अब तक मैच में नहीं खेल पाई हूं, इसका मलाल है और आगे भी रहेगा। रिटायरमेंट भी ले लिया है। पूरे डेढ़ साल तक इलाज कराने की वजह से देश में किस तरह का प्रशिक्षण चल रहा है, इसको देखने का मौका नहीं मिला। आगे मेरे जैसा खिलाड़ी हो और पदक हासिल करे, यही मेरा सपना है।