Mahashivratri 2025: काशी विश्वनाथ मंदिर में दर्शन के लिए लागू रहेगी खास व्यवस्था, श्रद्धालुओं को होगी सुविधा
Mahashivratri 2025: काशी विश्वनाथ धाम में भक्तों की भारी भीड़ दर्शन के लिए पहुंच रही है। ऐसे में मंदिर में क्राउड मैनजमेंट का विशेष तरीका अपनाया गया है। गर्भगृह के चार गेट से आठ लाइन में श्रद्धालुओं को दर्शन कराए जा रहे हैं।
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श्री काशी विश्वनाथ मंदिर में क्राउड मैनेजमेंट का विशेष तरीका अपनाया गया है। गर्भगृह के पास ही सीढ़ीदार चैनल या फिर प्लेटफॉर्म बना कर गर्भगृह के एक गेट से श्रद्धालुओं को दो लाइन में दर्शन कराए जा रहे हैं। एक लाइन के श्रद्धालु गर्भगृह की चौखट से झांकी दर्शन पा रहे हैं तो, दूसरी लाइन के श्रद्धालु सीढ़ीदार प्लेटफॉर्म के ऊपर से झांकी दर्शन कर रहे हैं। गर्भगृह के चार गेट हैं। चार गेट से आठ लाइन में दर्शन कराने की व्यवस्था की गई है।
मंदिर के सीईओ विश्वभूषण मिश्र ने बताया कि मंडलायुक्त और कार्यपालक संघ के अध्यक्ष कौशल राज शर्मा की योजना के अनुसार मंदिर परिसर में क्राउड मैनेजमेंट पर काम किया गया है। श्रद्धालुओं को धूप से बचाने के लिए छांव की व्यवस्था की कराई गई। दिव्यांगों, बुजुर्गों और गोद में बच्चे लेकर आने वाले श्रद्धालुओं के सुगम दर्शन की व्यवस्था कराई गई है।
महाशिवरात्रि पर भी रहेगी यही व्यवस्था
मंदिर के एसडीएम शंभू शरण ने कहा कि महाशिवरात्रि पर भी मंदिर में दर्शन-पूजन की व्यवस्था ऐसी ही रहेगी। इसी पैटर्न पर और इतनी ही लाइनों में श्रद्धालुओं को बाबा के झांकी दर्शन कराए जाएंगे। जो व्यवस्था आज चल रही है, वही लागू रहेगी। ललिता घाट, चौक, गोदौलिया आदि में लगी एक भी बैरिकेडिंग हटाई नहीं जाएगी। इसी जिगजैग से होकर श्रद्धालु गुजरेंगे। श्रद्धालुओं को पेयजल उपलब्ध कराया जाएगा। मेडिकल स्टाफ दवाएं भी देगा।