Sports News: अंतिम 3 मिनट में लॉब-हिप शॉट ने जुपिटर क्लब को दिलाई जीत, पढ़ें खेल की अन्य खबरें
Varanasi News: खेल गतिविधियां तेज हो गई हैं। रानी लक्ष्मीबाई बालिका हैंडबॉल प्रतियोगिता में जुपिटर क्लब ने जीत दर्ज की, जबकि तैराकी में वाराणसी के दिव्यानी और दीपक निषाद ने रजत पदक जीते। विश्व साइकिलिंग दिवस पर महिला साइकिलिंग लीग की तैयारी शुरू हो गई है। वहीं, बीएचयू ने खेल और फिटनेस में करियर के लिए नए अवसरों की जानकारी दी।
विस्तार
Sports News in Hindi: छह टीमों, 14 राष्ट्रीय सहित 72 खिलाड़ियों के साथ शुरू हुई द्वितीय रानी लक्ष्मीबाई बालिका आमंत्रण हैंडबॉल प्रतियोगिता का उद्घाटन मैच जुपिटर क्लब ने जीत लिया। परमानंदपुर मिनी स्टेडियम में जुपिटर क्लब ने यूनिटी क्लब को 19-16 गोल से हराकर पूरे अंक हासिल कर लिए। खेल के अंतिम तीन मिनट में राष्ट्रीय खिलाड़ी सोनाली पाल के लॉब और हिप शॉट लगाकर दो गोल किए और टीम को जीत दिलाई। पूरे मैच में 9 लड़कियों ने 35 गोल दागे।
यूपी एडवेंचर स्पोर्ट्स क्लब की ओर से कराई जा रही इस प्रतियोगिता के पहले मैच में अटैक की शुरुआत यूनिटी क्लब की राष्ट्रीय खिलाड़ी रितिका प्रजापति और महिमा चौहान ने की। वहीं, जुपिटर की गोलकीपर आकांक्षा पाल ने कई बार फुर्ती से बचाव कर टीम को संकट से उबारा। जुपिटर की सोनाली पाल और तनु विश्वकर्मा ने काउंटर अटैक किया। हाफ टाइम तक स्कोर 10-10 की बराबरी पर रहा।
दूसरे हाफ में जुपिटर क्लब ने अपनी रणनीति में बदलाव किया। सोनाली पाल ने नैन्सी यादव और पूजा प्रजापति के साथ मिलकर लॉब और हिप शॉट लगाए और अपनी टीम को 17-15 से आगे कर दिया। मैच समाप्त होने से मात्र तीन मिनट पहले जुपिटर क्लब की अंशिका ने लगातार दो गोल कर टीम को 19-16 से जीत दिलाई।
सोनाली और रितिका के सबसे ज्यादा 5-5 गोल: जुपिटर क्लब की ओर से सोनाली पाल ने पांच, नैन्सी यादव और तनु विश्वकर्मा ने चार-चार और पूजा प्रजापति और अंशिका ने तीन-तीन गोल किए। यूनिटी क्लब की तरफ से रितिका प्रजापति ने पांच, महिमा चौहान और शिल्पा गौड़ ने चार-चार और प्रिया ने तीन गोल कर मैच को रोमांचक बनाया। मैच से पहले यूपी एडवेंचर स्पोर्ट्स क्लब की अध्यक्ष डॉ. आशा सिंह ने खिलाड़ियों से परिचय प्राप्त किया। आयोजन सचिव प्रवीण कुमार ने अतिथियों का स्वागत किया।
लॉब शॉट : यह शॉट विरोधी टीम के खिलाड़ियों को चकमा देकर खेला जाता है। इसमें खिलाड़ी थ्रोइंग तकनीक का प्रयोग करता है। खिलाड़ी गेंद गोलकीपर के सिर के ऊपर से कर्व बनाते हुए उसे चकमा देकर गोल करता है।
हिप शॉट : हिप शॉट एक बेहद चालाकी भरा शॉट है। इसमें खिलाड़ी गेंद को गोलकीपर के ऊपर न फेंकते हुए कमर की सीध से गोल करने का प्रयास करता है। इस शॉट को खेलने के लिए खिलाड़ी को निरंतर अभ्यास करना पड़ता है।
वाराणसी के दिव्यानी और दीपक ने जीते रजत पदक
लखनऊ के विश्वनाथ साहनी और अनामिका साहनी ने यूपी पुलिस तैराकी और क्रासकंट्री प्रतियोगिता में दोहरे स्वर्ण पर कब्जा जमाया। विश्वनाथ ने 1500 मीटर फ्रीस्टाइल व 200 मीटर बटरफ्लाई और अनामिका ने 1500 मीटर फ्रीस्टाइल और 200 मीटर बटरफ्लाई रेस में यह सफलताएं हासिल की।
200 मीटर ब्रेस्ट स्ट्रोक (महिला) में वाराणसी की दिव्यानी निषाद ने रजत और 200 मीटर ब्रेस्ट स्ट्रोक (पुरुष) में दीपक निषाद ने रजत हासिल किया। 35वीं वाहिनी पीएसी के तरणताल में हुई प्रतियोगिता में मेरठ के खिलाड़ियों ने शानदार प्रदर्शन किया। इसके अंतर्गत पुरुष वर्ग में रोहित शर्मा ने 200 मीटर व्यक्तिगत मिडले व 200 मीटर ब्रेस्ट स्ट्रोक और महिला वर्ग में जिया वर्मा ने 200 मीटर व्यक्तिगत मिडले और 200 मीटर ब्रेस्ट स्ट्रोक में स्वर्ण पदक अपने नाम किए।
प्रतियोगिता के क्राॅसकंट्री पुरुष टीम वर्ग में प्रयागराज ने पहला, मेरठ ने दूसरा और पश्चिमी जोन ने तीसरा स्थान प्राप्त किया, जबकि महिला टीम वर्ग में प्रयागराज को पहला, मेरठ को दूसरा और कानपुर को तीसरा स्थान मिला।
परिणाम : 1500 मीटर फ्रीस्टाइल (पुरुष): विश्वनाथ साहनी (स्वर्ण, लखनऊ), सूरजकांत (रजत, पूर्वी जोन), गुलाब सिंह (कांस्य, पूर्वी जोन), 200 मीटर बैक स्ट्रोक (पुरुष): अवध नरेश यादव (स्वर्ण, लखनऊ), दुर्गेश कुमार शर्मा (रजत, गोरखपुर), वीरेंद्र सिंह (कांस्य, पूर्वी जोन), 200 मीटर व्यक्तिगत मिडले (पुरुष): रोहित शर्मा (स्वर्ण, मेरठ), ऋषभ पाठक (रजत, पूर्वी जोन), बृजेश बिंद (कांस्य, पूर्वी जोन), 200 मीटर ब्रेस्ट स्ट्रोक (पुरुष): रोहित शर्मा (स्वर्ण, मेरठ), दीपक निषाद (रजत, वाराणसी), चेतनारायण (कांस्य, पूर्वी जोन), 200 मीटर बटरफ्लाई (पुरुष): विश्वनाथ साहनी (स्वर्ण, लखनऊ), सूरजकांत (रजत, पूर्वी जोन), गुलाब यादव (कांस्य, पूर्वी जोन), चार गुणे 100 मीटर: मेरठ जोन (स्वर्ण), पूर्वी जोन (रजत), पश्चिमी जोन (कांस्य), 1500 मीटर फ्रीस्टाइल (महिला): अनामिका साहनी (स्वर्ण, लखनऊ), 200 मीटर बैक स्ट्रोक (महिला): मुस्कान पटेल (स्वर्ण, प्रयागराज), नैंसी पटेल (रजत, रजत)
बनारस में वीमेन साइकिलिंग, 2016 तक पैदा हुईं बेटियों को मौका
विश्व साइकिलिंग दिवस पर 11 जून को अस्मिता वीमेन साइकिलिंग लीग होगी। इसमें 2016 तक भी पैदा हुईं बेटियों को साइकिल रैली में हिस्सा लेने का मौका मिलेगा। साइकिलिंग फेडरेशन ऑफ इंडिया और उत्तर प्रदेश साइकिलिंग संघ की देखरेख में 11 जून को शहर भर में साइकिल रैली होगी।
जिला साइकिलिंग संघ वाराणसी के सचिव डॉ. शम्स तबरेज शैंपू के अनुसार, 11 जून को सुबह 6:30 बजे से इवेंट की शुरुआत परमानंदपुर मिनी स्टेडियम से होगी। लीग तीन कैटेगरी में होगी। रैली समाप्त होने के तुरंत बाद 'अस्मिता वीमेन साइकिलिंग लीग' प्रतियोगिता शुरू होगी, जिसमें बालिकाएं और महिलाएं भाग ले सकती हैं।
सीनियर महिलाओं की उम्र 19 वर्ष से ऊपर या जिनका जन्म वर्ष 2007 या उससे पहले का हो। जूनियर गर्ल्स की उम्र 17 और 18 वर्ष के बीच में हो। यानी कि जिनका जन्म वर्ष 2008- 2009 के बीच हुआ हो। वहीं जिनका जन्म वर्ष 2013 - 2016 के बीच हुआ हो वे सब-जूनियर यूथ गर्ल्स में हिस्सेदारी करेंगी। प्रतिभागियों को की टीशर्ट दी जाएगी। विजेताओं को पार्टिसिपेशन सर्टिफिकेट के साथ मेडल मिलेगा।
नूरैन-वैभव ने निशांत-दिव्यांश को 23-5, 25-8 से हराया
जिला कैरम लीग प्रतियोगिता में नूरैन खान और वैभव नारायण ने निशांत सिंह और दिव्यांश सिंह की युवा जोड़ी को सीधे मुकाबले में 23-5 और 25- 8 से हरा दिया। वाराणसी जिला कैरम एसोसिएशन की ओर से इंग्लिशिया लाइन स्थित चंद्र त्रिपाठी स्मृति क्रीड़ा कक्ष में पांचवी स्वर्गीय रामाज्ञा सिंह स्मृति जिला कैरम लीग प्रतियोगिता के तीसरे दिन पुरुष वर्ग के युगल और सिंगल्स मुकाबले खेले गए।
पहले मैच में नूरैन की जोड़ी ने पूरे अंक हासिल किए। पुरुष वर्ग के सिंगल्स मुकाबले में सीनियर खिलाड़ी अश्वनी चक्रवाल ने खिलाड़ी प्रसाद सोनी को 24-10 और 25-9 से हराया। गौरव ने निशांत को 24-14, 25-10 से हराकर दो अंक हासिल किए। संचालन अंतरराष्ट्रीय निर्णायक रमेश कुमार वर्मा और आयोजन सचिव अश्विनी चक्रवाल की देखरेख में किया गया।
5 मिनट में 92 बार रस्सी कूद कर पूर्णिमा प्रथम
काशी की पूर्णिमा ने जिला स्तरीय रस्सीकूद प्रतियोगिता में 5 मिनट में 92 बार रस्सीकूद कर पहला स्थान हासिल किया। वहीं, अंशिका 89 बार रस्सीकूद दूसरे और रोशनी 88 बार रस्सीकूद कर तीसरे स्थान पर रहीं। मंगलवार को शिवपुर स्थित लाल बहादुर शिक्षण संस्थान में रस्सीकूद प्रतियोगिता कराई गई। इसमें 20 से ज्यादा बालिका खिलाड़ियों ने हिस्सेदारी की।
बीएचयू का स्पोर्ट्स कोर्स सिखाएगा 10 से ज्यादा गेम
यूपी बोर्ड, सीबीएसई और आईसीएसई बोर्ड से 12वीं करने के बाद जिन छात्रों को इंजीनियरिंग, मेडिकल के बजाय खेल या फिटनेस में कॅरिअर बनाना है तो उनके लिए बीएचयू शारीरिक शिक्षा के कई विकल्प मिलेंगे।
यहां पर बीपीएड कोर्स के दौरान एक विद्यार्थी को 10 से ज्यादा और और एमपीएड में तीन गेम एक साथ खेलने का मौका मिलेगा। इन कोर्स में प्रवेश लेने वाला खिलाड़ी बनकर नहीं उभरा तो सरकारी या निजी संस्थानों में खेल-पीटी टीचर, स्पोर्ट्स कोच, फिटनेस ट्रेनर, पर्सनल ट्रेनर, स्पोर्ट्स ऑफिसर, योग शिक्षक, स्पोर्ट्स मैनेजर आदि पदों पर नौकरी मिलने की संभावना 100 फीसदी रहती है।
अमर उजाला ने बीएचयू के शारीरिक शिक्षा विभाग के खेल विशेषज्ञ प्रो. अभिमन्यु सिंह से बातचीत कर इन कोर्स की संभावनाओं को जाना। प्रो. सिंह ने बताया कि सीयूईटी-पीजी की प्रवेश परीक्षा देने वाले बीपीएड और एमपीएड दोनों कोर्स में दाखिला ले सकते हैं। एमपीएड में प्रवेश के लिए बीपीएड होना जरूरी है। बीपीएड में एक विद्यार्थी को 12 खेलों को सीखने और खेलने का मौका मिलता है। वहीं, एमपीएड में कोई दो खेल के साथ एथलेटिक्स को चुनना अनिवार्य है। इनके अलावा बीएचयू में कई दूसरे खेल भी हैं जिन्हें कोई भी विद्यार्थी अपनी रुचि के अनुसार चुन सकता है
क्लासरूम और ग्राउंड की हिस्सेदारी 50-50%
बीपीएड के 10 खेलों में एथेलटिक्स, क्रिकेट, फुटबॉल, वॉलीबॉल, हैंडबॉल, योग, हॉकी, कबड्डी, खो-खो, टेनिस हैं। वहीं, अंतिम सेमेस्टर में 10 में से कोई एक खेल चुनना होता है, जिसकी बारीकियां सीखी जा सकती हैं। एमपीएड में कोई दो खेल चुनने के साथ एक एथलेटिक्स को अनिवार्य बनाया गया है। कोर्स में क्लासरूम और ग्राउंड पर खेल की हिस्सेदारी 50-50 फीसदी की है।
आर्चरी, शूटिंग, स्वीमिंग भी है
बीएचयू के यूनिवर्सिटी स्पोर्ट्स बोर्ड की वेबसाइट के अनुसार शामिल कोर्स के अलावा कुछ दूसरा खेलना चाहता है तो शूटिंग, आर्चरी, स्वीमिंग, साइकिलिंग, बॉक्सिंग, चेस, जिम्नास्टिक, पॉवर लिफ्टिंग, वेट लिफ्टिंग आदि गेम भी यहां खेले जाते हैं।