Kashi Vishwanath Dham: वीआईपी दर्शन पर बाबा दरबार में रार, आमने-सामने आए मंदिर और पुलिस प्रशासन
श्री काशी विश्वनाथ मंदिर में सप्तर्षि आरती से पहले वीआईपी दर्शन कराने के विवाद में मंदिर और पुलिस प्रशासन आमने सामने आ गए। मुख्य कार्यपालक अधिकारी के हस्तक्षेप के बाद मामला शांत हुआ।
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श्री काशी विश्वनाथ मंदिर में वीआईपी दर्शन की रार अब तेज हो गई है। शनिवार को वीआईपी दर्शन कराने के विवाद में मंदिर और पुलिस प्रशासन आमने सामने आ गए। सात बजे से नौ बजे तक दो घंटे तक चले प्रदर्शन के कारण मंदिर की सफाई का काम भी बाधित हुआ और सभी देवविग्रह पर अर्चक व पुजारी नदारद रहे।
हालत यह हो गई कि सप्तर्षि आरती के दौरान अर्चकों को मंदिर की सफाई करनी पड़ी। मुख्य कार्यपालक अधिकारी के हस्तक्षेप के बाद मामला शांत हुआ। श्री काशी विश्वनाथ मंदिर में सप्तर्षि आरती से पहले मंदिर में साफ-सफाई की तैयारी की जा रही थी। इसी दौरान मंदिर के कर्मचारी कुछ लोगों को दर्शन कराने गर्भगृह में पहुंचा।
मौके पर तैनात सुरक्षाकर्मी ने उसको रोक दिया। इस पर कर्मचारी ने जल्दी करने की बात कही तो सुरक्षाकर्मी ने कहा कि जब दूसरे भक्त निकल जाएंगे तब आप अंदर जा सकते हैं। इसके बाद कर्मचारी ने इसकी सूचना मंदिर के दूसरे कर्मचारी को दी और वीआईपी का हवाला दिया। इसके बाद तो विवाद बढ़ गया।
बहस के बाद मंदिर के कर्मचारी व पुजारी सभी विग्रहों को छोड़कर मंदिर चौक पर धरना देने लगे। घटना की सूचना के बाद पहुंचे पुलिस अधिकारियों ने समझाने का प्रयास किया लेकिन वह मानने को तैयार नहीं थे। मंदिर के विग्रहों पर अर्चक व पुजारी नहीं होने के कारण भक्तों को दर्शन करने में परेशानी का सामना करना पड़ा।
मंदिर के कर्मचारी पुलिस के रवैये से आक्रोशित थे। हंगामा बढ़ता हुआ देखकर मुख्य कार्यपालक अधिकारी मौके पर पहुंचे और उन्होंने अर्चक, पुजारियों और कर्मचारियों को शांत कराया। मुख्य कार्यपालक अधिकारी सुनील कुमार वर्मा ने बताया कि दर्शन कराने के लिए थोड़ा विवाद हुआ था। मामले को शांत करा दिया गया है और सभी अपने-अपने काम पर लौट गए हैं।
सप्तर्षि के अर्चकों ने की मंदिर की सफाई
पुजारी, अर्चक और मंदिर के कर्मचारियों के धरने के कारण सप्तर्षि आरती के पहले मंदिर की सफाई नहीं हो सकी। सप्तर्षि आरती के अर्चकों ने आरती समय से शुरू कराने के लिए खुद ही गर्भगृह परिसर की सफाई की। अर्चकों ने गर्भगृह की सफाई करने के बाद समय से सप्तर्षि आरती आरंभ की। विश्वनाथ मंदिर में दर्शन के लिए पहले भी विवाद कई बार सामने आ चुका है।