प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के ‘जनता कर्फ्यू’ पर काशी में अमल शुरू, गंगा घाटों से सरकारी कार्यालयों में सन्नाटा
कोरोना वायरस के संक्रमण से बचाव को लेकर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने गुरुवार को राष्ट्र के नाम अपने संबोधन में 22 मार्च को जनता कर्फ्यू की अपील की है। कोरोना के संक्रमण से बचाव को लेकर उनके संसदीय क्षेत्र वाराणसी जो देशी-विदेशी पयर्टकों की वजह से चौबीसों घंटे गुलजार रहता है उसकी स्थिति यह है कि बीते कई दिनों के बाद शुक्रवार को भी सरकारी कार्यालयों से लेकर अन्य सार्वजनिक स्थलों पर सन्नाटा पसरा ।
गुरुवार को कोरोना वायरस को लेकर जारी एडवाइजरी का असर शुक्रवार को शहर में रहा। डीएम कार्यालय, रजिस्ट्री कार्यालय, कचहरी, नगर निगम से लेकर गंगा घाट भी सूने रहे। गंगा में नौकायन करने वालों की संख्या भी न के बराबर थी।
सोशल मीडिया और टीवी के जरिए कोरोना को लेकर चल रही खबरों पर लोग नजर बनाएं हैं। गंगा घाटों पर भी बड़े पैमाने पर सैनेटाइज किया गया। सार्वजनिक स्थलों से लेकर मंदिर-मस्जिदों तक लोगों की संख्या में लगातार कमी आ रही है। मंदिरों में जाकर पूजन करने वाले श्रद्धालु घर में ही रहकर पूजा-पाठ कर रहे हैं। संकटमोचन, दुर्गाकुंड, महावीर मंदिर, समेत अन्य प्रमुख मंदिरों में भी गुरुवार को श्रद्धालुओं की संख्या बीते कई दिनों से न के बराबर है।