फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Varanasi News ›   IIT Kanpur Chair Professor Ashutosh Sharma will be chief guest at convocation in varanasi

संविवि: आईआईटी कानपुर के चेयर प्रोफेसर आशुतोष शर्मा होंगे दीक्षांत के मुख्य अतिथि, राज्यपाल करेंगी अध्यक्षता

Tue, 07 Jul 2026 05:32 PM IST
Pragati Chand अमर उजाला नेटवर्क, वाराणसी।
अमर उजाला नेटवर्क, वाराणसी। Published by: Pragati Chand Updated Tue, 07 Jul 2026 05:32 PM IST
सार

Varanasi News: संपूर्णानंद संस्कृत विश्वविद्यालय का 44वां समारोह मुख्य भवन में 30 जुलाई को होगा। कार्यक्रम के मुख्य अतिथि आईआईटी कानपुर के चेयर प्रोफेसर आशुतोष शर्मा होंगे। वहीं राज्यपाल अध्यक्षता करेंगी। विशिष्ट अतिथि उच्च शिक्षा मंत्री होंगे। 

विज्ञापन
IIT Kanpur Chair Professor Ashutosh Sharma will be chief guest at convocation in varanasi
संपूर्णानंद संस्कृत विश्वविद्यालय, वाराणसी। - फोटो : अमर उजाला।

विस्तार

संपूर्णानंद संस्कृत विश्वविद्यालय के 44वें दीक्षांत समारोह के मुख्य अतिथि आईआईटी कानपुर के चेयर प्रोफेसर व वैज्ञानिक प्रो. आशुतोष शर्मा होंगे। 30 जुलाई को विवि के मुख्य भवन में होने वाले दीक्षांत समारोह की अध्यक्षता राज्यपाल आनंदी बेन पटेल करेंगी। वहीं, विशिष्ट अतिथि उच्च शिक्षा मंत्री योगेंद्र उपाध्याय होंगे और सारस्वत अतिथि उच्च शिक्षा राज्यमंत्री रजनी तिवारी होंगी।

विज्ञापन


विवि के कुलपति प्रो. बिहारी लाल शर्मा ने बताया कि दीक्षांत समारोह भारतीय ज्ञान परंपरा, संस्कृत संस्कृति और आधुनिक विज्ञान का महाकुंभ बनेगा। समारोह में जिन मेधावियों को स्नातक, स्नातकोत्तर एवं शोध उपाधियों के साथ स्वर्ण पदक प्रदान किया जाना है, उनकी सूची तैयार की जा रही हैं। 
विज्ञापन


कुलपति ने बताया कि मुख्य अतिथि प्रो. आशुतोष शर्मा भारत सरकार के विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी विभाग (डीएसटी) के पूर्व सचिव रह चुके हैं। उन्होंने नैनो विज्ञान, रासायनिक अभियांत्रिकी, उन्नत पदार्थ विज्ञान एवं विज्ञान-प्रौद्योगिकी नीति के क्षेत्र में भारत को वैश्विक वैज्ञानिक समुदाय में विशिष्ट पहचान दिलाई है। उन्हें पद्मश्री, शांति स्वरूप भटनागर पुरस्कार, इंफोसिस पुरस्कार, यूनेस्को मेडल सहित अनेक राष्ट्रीय व अंतरराष्ट्रीय सम्मान मिल चुके हैं। इस बार समारोह का विषय संस्कृत एवं भारतीय ज्ञान परंपरा : विकसित भारत-2047 की आधारशिला है।

विज्ञापन
विज्ञापन

समारोह के उपलक्ष्य में होंगी कई प्रतियोगिताएं
कुलपति ने बताया कि दीक्षांत समारोह के उपलक्ष्य में विश्वविद्यालय एवं संबद्ध महाविद्यालयों में भाषण, निबंध, काव्य लेखन, चित्रकला, लोकगीत-लोकनृत्य, पारंपरिक खेल प्रतियोगिताएं भी होंगी। इसके अलावा पुस्तक समीक्षा, बौद्धिक विमर्श, गोद लिए गए गांवों में जन जागरूकता अभियान, पर्यावरण व स्वच्छता कार्यक्रम, आंगनबाड़ी किट वितरण, उत्कृष्ट आंगनबाड़ी केंद्रों का सम्मान, मां-बेटी सम्मेलन सहित कई शैक्षणिक, सांस्कृतिक व सामाजिक कार्यक्रम होंगे।

विद्यार्थियों ने एक घंटे तक पढ़ी किताब
दीक्षांत समारोह की शृंखला के तहत सोमवार को पुस्तक पठन दीक्षोत्सव मनाया गया। विद्यार्थियों ने एक घंटे तक किताब पढ़ी। प्रो. विद्या कुमारी चंद्रा ने बताया कि कार्यक्रम का उद्देश्य विद्यार्थियों व शिक्षकों में पुस्तक पठन की संस्कृति को प्रोत्साहित करना, अध्ययन के प्रति गंभीर, एकाग्र एवं चिंतनशील दृष्टिकोण विकसित करना है। पुस्तकें केवल ज्ञान का स्रोत नहीं, बल्कि संस्कार, चिंतन, व्यक्तित्व निर्माण और जीवन मूल्यों की सबसे सशक्त आधारशिला हैं।

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed