IIT BHU: दीक्षारंभ में विद्यार्थियों से निदेशक बोले- दूसरों की निस्वार्थ मदद करें, बीटेक के नए सत्र की शुरुआत
Varanasi News: आईआईटी में इंजीनियरिंग स्नातक के विद्यार्थियों को निदेशक ने भविष्य को संवारने के तरीके बताए। कहा कि आप लोगों की मदद के लिए अग्रसर रहें। यह तरीका हमें लोगों से अलग बनाता है।
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IIT BHU: जिस दिन आप निस्वार्थ भाव से दूसरों की मदद करना शुरू करेंगे, उसी दिन आप एक सच्चे नेता बनने की दिशा में कदम बढ़ाएंगे। जब लोग आपसे मार्गदर्शन लेने लगेंगे, तब आप समझ पाएंगे कि आपने वास्तव में सफलता अर्जित की है। ये बातें आईआईटी बीएचयू के 'दीक्षारंभ' में इंजीनियरिंग स्नातक के 1589 विद्यार्थियों के स्वागत में निदेशक प्रो. अमित पात्रा ने कहीं।
गुरुवार को स्वतंत्रता भवन सभागार में परिचय कार्यक्रम 'दीक्षारंभ' और बीटेक के 2025-26 सत्र की शुरुआत हो गई। सात दिन तक नए विद्यार्थी विभागों, प्रयोगशालाओं, सेंट्रल लाइब्रेरी, स्टूडेंट्स एक्टिविटी सेंटर और बाकी संस्थागत सुविधाओं से परिचित होंगे। कार्यक्रम में निदेशक ने नवप्रवेशी छात्रों के अभिभावकों से भी संवाद किया और उनकी जिज्ञासाओं का समाधान किया।
कई अभिभावकों ने संस्थान की सुविधाओं और सहायक वातावरण की सराहना की। अधिकारियों की ओर से आईआईटी बीएचयू में उपलब्ध शैक्षणिक और सह-पाठ्यक्रमीय गतिविधियों, संस्थागत मूल्यों और अपेक्षाओं के बारे में जानकारी दी गई। बीटेक के नए बैच को संस्थान के शैक्षणिक परिवेश, संसाधनों और सहयोग सिस्टम से परिचित कराया गया।
आज आपके जीवन में एक नया मोड़
स्वतंत्रता भवन सभागार में निदेशक प्रो. अमित पात्रा ने कहा कि आज आपके जीवन में एक नया मोड़ है। आईआईटी में आपके समग्र विकास के लिए आवश्यक संसाधन और मार्गदर्शन है। आपकी मेहनत और लगन से न केवल आप व्यक्तिगत रूप से उत्कृष्टता प्राप्त करेंगे, बल्कि संस्थान और राष्ट्र की प्रतिष्ठा में भी योगदान देंगे।
इनकी रही मौजूदगी
प्रो. एपी हर्षा (चेयरमैन, जेईई), प्रो. देवेंद्र सिंह (डीन, शैक्षणिक कार्य), प्रो. राजेश कुमार (डीन, अनुसंधान एवं विकास), प्रो. एनके मुखोपाध्याय (डीन, संकाय कार्य), प्रो. राजेश कुमार (डीन, छात्र कार्य), प्रो. हीरालाल प्रामाणिक (डीन, संसाधन और पूर्व छात्र), प्रो. राकेश कुमार सिंह (चेयरमैन, काउंसिल ऑफ वार्डंस), डॉ. संजय सिंह (चीफ प्रॉक्टर), प्रो. आरके मंडल (इंडक्शन कार्यक्रम सलाहकार) ने जानकारियां दीं।