फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Varanasi News ›   Gyanvapi case Hearing Akhilesh-Owaisi case postponed, now hearing held on June 27

Gyanvapi Case : अखिलेश-ओवैसी पर मुकदमा दर्ज होगा या नहीं, मामले की सुनवाई टली, अब 27 जून को होगी सुनवाई 

Wed, 15 Jun 2022 12:31 PM IST
उत्पल कांत न्यूज डेस्क, अमर उजाला, वाराणसी
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, वाराणसी Published by: उत्पल कांत Updated Wed, 15 Jun 2022 12:31 PM IST
सार

अपर मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट पंचम उज्जवल उपाध्याय के अवकाश पर होने के कारण अधिवक्ता हरिशंकर पांडेय का प्रार्थना पत्र मंगलवार को अपर मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट तृतीय नितेश सिन्हा की अदालत में पेश हुआ।

विज्ञापन
Gyanvapi case Hearing  Akhilesh-Owaisi case postponed, now hearing held on June 27
- फोटो : self

विस्तार

वाराणसी के ज्ञानवापी मामले में सपा प्रमुख अखिलेश यादव और एआईएमआईएम चीफ असदुद्दीन ओवैसी पर मुकदमा दर्ज करने की मांग पर अदालत में अगली तिथि तक सुनवाई टाल दी गई। अपर मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट पंचम उज्जवल उपाध्याय के अवकाश पर होने के कारण अधिवक्ता हरिशंकर पांडेय का प्रार्थना पत्र मंगलवार को अपर मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट तृतीय नितेश सिन्हा की अदालत में पेश हुआ।

विज्ञापन


अदालत ने इस पर सुनवाई के लिए 27 जून की तारीख तय कर दी।   दरअसल ज्ञानवापी परिसर में 16 मई को कोर्ट कमिश्नर की कार्यवाही के दौरान शिवलिंग मिलने के दावे के बाद सपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष और सांसद ओवैसी पर हिंदुओं की धार्मिक भावना आहत करने वाला बयान देने का आरोप लगा था।
विज्ञापन


इस मामले में अधिवक्ता हरिशंकर पांडेय की ओर से अदालत में प्रार्थना पत्र देकर अखिलेश, ओवैसी और उनके भाई समेत दो हजार लोगों के खिलाफ मुकदमा दर्ज करने की मांग की गई थी। इस मामले की पत्रावली अदालत में पेश की गई।

विज्ञापन
विज्ञापन

Gyanvapi case Hearing  Akhilesh-Owaisi case postponed, now hearing held on June 27
अखिलेश यादव और एआईएमआईएम चीफ असदुद्दीन ओवैसी - फोटो : सोशल मीडिया।

अदालत ने कहा कि उसे सुनवाई का क्षेत्राधिकार नहीं है। अवकाश से आने के बाद नियमित एसीजेएम पंचम की अदालत ही सुनवाई करेगी। सुनने योग्य है या नहीं के मुद्दे पर कहा कि 156-3 के आवेदन पर अदालत को अपराध का संज्ञान लेकर संबंधित थाने से रिपोर्ट मंगाने का अधिकार है। इसके बाबत सुप्रीम कोर्ट का निर्णय भी है। कोर्ट में अधिवक्ता ध्रुव शुक्ला, अजय प्रताप सिंह, घनश्याम मिश्र, साधना सिंह आदि मौजूद रहे। 

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed