{"_id":"6952e49609c94162a303462c","slug":"hate-cannot-be-tolerated-in-kashi-the-land-of-atithi-devo-bhava-ajay-rai-varanasi-news-c-20-vns1021-1237656-2025-12-30","type":"story","status":"publish","title_hn":"अतिथि देवो भवः की भूमि काशी में नफरत बर्दाश्त योग्य नहीं : अजय राय","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
अतिथि देवो भवः की भूमि काशी में नफरत बर्दाश्त योग्य नहीं : अजय राय
विज्ञापन
कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष अजय राय ने कहा कि जापानी पर्यटकों के साथ गंगा घाट पर अभद्रता की घटना अत्यंत शर्मनाक, निंदनीय और प्रदेश की कानून-व्यवस्था की भयावह तस्वीर प्रस्तुत करती है। अतिथि देवो भवः की भूमि काशी में नफरत कतई बर्दाश्त योग्य नहीं है। यह घटना उस शहर में घटी है जिसे पूरी दुनिया अध्यात्म, संस्कृति और सहिष्णुता के केंद्र के रूप में जानती है।
कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष ने कहा कि जब सत्ता के संरक्षण में गुंडों और असामाजिकता को खुली छूट दी जाती है, तो वे क्या कर गुजरेंगे, यह तय नहीं किया जा सकता। पहले मुसलमानों और ईसाई समुदाय के लोगों को निशाना बनाया गया। अब विदेशी पर्यटक भी सुरक्षित नहीं हैं। केवल सांता क्लॉज की कैप पहनने पर जापानी टूरिस्टों से बदसलूकी होना यह दर्शाता है कि प्रदेश में कानून का भय समाप्त हो चुका है। भीड़तंत्र हावी है। वाराणसी और सारनाथ अंतरराष्ट्रीय स्तर पर बौद्ध टूरिस्ट सर्किट के प्रमुख केंद्र हैं, जहां हर वर्ष हजारों विदेशी पर्यटक आते हैं। ऐसी घटनाएं न केवल उत्तर प्रदेश बल्कि पूरे देश की वैश्विक छवि को नुकसान पहुंचाती हैं। ब्यूरो
विज्ञापन
कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष ने कहा कि जब सत्ता के संरक्षण में गुंडों और असामाजिकता को खुली छूट दी जाती है, तो वे क्या कर गुजरेंगे, यह तय नहीं किया जा सकता। पहले मुसलमानों और ईसाई समुदाय के लोगों को निशाना बनाया गया। अब विदेशी पर्यटक भी सुरक्षित नहीं हैं। केवल सांता क्लॉज की कैप पहनने पर जापानी टूरिस्टों से बदसलूकी होना यह दर्शाता है कि प्रदेश में कानून का भय समाप्त हो चुका है। भीड़तंत्र हावी है। वाराणसी और सारनाथ अंतरराष्ट्रीय स्तर पर बौद्ध टूरिस्ट सर्किट के प्रमुख केंद्र हैं, जहां हर वर्ष हजारों विदेशी पर्यटक आते हैं। ऐसी घटनाएं न केवल उत्तर प्रदेश बल्कि पूरे देश की वैश्विक छवि को नुकसान पहुंचाती हैं। ब्यूरो
विज्ञापन