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Varanasi News: काशी के रंगमंच पर उतरी महाकवि प्रसाद की अमर कृति ‘ध्रुवस्वामिनी’ शहीदों के परिजन सम्मानित
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नागरी नाटक मंडली में गूंजा नारी स्वाभिमान का स्वर, ध्रुवस्वामिनी के मंचन से संस्कृति और संस्कारों को मिला नया आयाम
संवाद न्यूज एजेंसी
वाराणसी। नागरी नाटक मंडली के मुरारी लाल प्रेक्षागृह में सोमवार को महाकवि जयशंकर प्रसाद की नाट्य रचना ध्रुवस्वामिनी का मंचन हुआ। यह आयोजन भारतेंदु नाट्य अकादमी, संस्कृति विभाग, नागरी नाटक मंडली न्यास और जिला प्रशासन वाराणसी के संयुक्त तत्वावधान में संपन्न हुआ। कार्यक्रम का विधिवत शुभारंभ दीप प्रज्वलन के साथ किया गया।
मुख्य अतिथि यूपी सरकार के आयुष मंत्री डॉ. दयाशंकर मिश्र दयालु ने कहा कि सरकार प्रदेश के भौतिक संसाधनों के विकास के साथ अपनी समृद्ध संस्कृति और संस्कारों के संरक्षण के लिए संकल्पित है। पद्मश्री डॉ. राजेश्वर आचार्य ने जयशंकर प्रसाद को नमन करते हुए कहा कि ध्रुवस्वामिनी भारतीय मातृ चेतना और स्वाभिमान को सशक्त रूप से अभिव्यक्त करती है। इस अवसर पर स्वतंत्रता संग्राम सेनानियों और वीर शहीद सैनिकों के परिजनों को विशेष रूप से सम्मानित किया गया। कार्यक्रम में नागरी नाटक मंडली न्यास के सदस्य डॉ. आशुतोष चतुर्वेदी मौजूद थे।
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संवाद न्यूज एजेंसी
वाराणसी। नागरी नाटक मंडली के मुरारी लाल प्रेक्षागृह में सोमवार को महाकवि जयशंकर प्रसाद की नाट्य रचना ध्रुवस्वामिनी का मंचन हुआ। यह आयोजन भारतेंदु नाट्य अकादमी, संस्कृति विभाग, नागरी नाटक मंडली न्यास और जिला प्रशासन वाराणसी के संयुक्त तत्वावधान में संपन्न हुआ। कार्यक्रम का विधिवत शुभारंभ दीप प्रज्वलन के साथ किया गया।
मुख्य अतिथि यूपी सरकार के आयुष मंत्री डॉ. दयाशंकर मिश्र दयालु ने कहा कि सरकार प्रदेश के भौतिक संसाधनों के विकास के साथ अपनी समृद्ध संस्कृति और संस्कारों के संरक्षण के लिए संकल्पित है। पद्मश्री डॉ. राजेश्वर आचार्य ने जयशंकर प्रसाद को नमन करते हुए कहा कि ध्रुवस्वामिनी भारतीय मातृ चेतना और स्वाभिमान को सशक्त रूप से अभिव्यक्त करती है। इस अवसर पर स्वतंत्रता संग्राम सेनानियों और वीर शहीद सैनिकों के परिजनों को विशेष रूप से सम्मानित किया गया। कार्यक्रम में नागरी नाटक मंडली न्यास के सदस्य डॉ. आशुतोष चतुर्वेदी मौजूद थे।
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