PM Modi Varanasi Visit: देश में पहली बार पीएम के भाषण में एआई का इस्तेमाल, तमिल में लाइव ट्रांसलेट हुआ
प्रधानमंत्री दो दिवसीय दौरे पर रविवार को वाराणसी आए। मंत्रोच्चार और शंखध्वनि के बीच बाबतपुर एयरपोर्ट पर मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने उनका स्वागत किया। इसके बाद प्रधानमंत्री सीधे कटिंग मेमोरियल ग्राउंड गए और विकसित भारत संकल्प यात्रा में हिस्सा लिया।
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देश में पहली बार प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के भाषण में आर्टिफिशियल इंटेलीजेंस (एआई) का इस्तेमाल किया गया। पीएम मोदी के हिंदी का भाषण तमिल में लाइव ट्रांसलेट हुआ। नमो घाट पर मौजूद तमिलनाडु के लोगों ने उसे हेडफोन पर सुना। प्रधानमंत्री ने एआई को नई शुरूआत बताया और कहा कि इसके जरिये पहली बार तमिलनाडु से आए 1400 परिवारजनों और देश की जनता से जुड़ रहे हैं। जो कुछ कह रहे हैं, उसका अनुवाद तमिल में हो रहा है। आप भी मोबाइल के जरिये सीधे जुड़े हैं। प्रधानमंत्री ने काशी और तमिलनाडु की सभ्यता, संस्कृति को एक बताया और कहा कि तमिलनाडु से काशी आने का मतलब है कि महादेव के एक घर से दूसरे घर आना है। मदुरैमीनाक्षी के यहां से काशी विशालाक्षी के यहां आना है।
प्रधानमंत्री दो दिवसीय दौरे पर रविवार को वाराणसी आए। मंत्रोच्चार और शंखध्वनि के बीच बाबतपुर एयरपोर्ट पर मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने उनका स्वागत किया। इसके बाद प्रधानमंत्री सीधे कटिंग मेमोरियल ग्राउंड गए और विकसित भारत संकल्प यात्रा में हिस्सा लिया। प्रधानमंत्री ने कहा कि विकसित भारत का संकल्प और सपना साकार होगा। भारत को मुसीबतों से मुक्ति मिलेगी। संकल्प यात्रा भारत को 2047 में विकसित राष्ट्र बनाने का बीज है, जो अगले 25 साल में वट वृक्ष बनकर तैयार हो जाएगा। यह यात्रा मेरे कार्यों की परीक्षा भी है। सरकार की जनकल्याणकारी योजनाओं का फीडबैक लाभार्थियों के जरिये मिल रहा है। इससे संतोष मिलता है। आत्मविश्वास बढ़ता है।
खुद को काशीवासियों का सेवक बताया
काशीवासियों को विश्वास दिलाते हुए कहा कि मैं, आपके सेवक के नाते तो कार्य करूंगा ही, मगर आपने जो देश का काम दिया है, उसमें भी महादेव के आशीर्वाद से कभी पीछे नहीं रहूंगा। काशी के सांसद के नाते मेरा दायित्व बनता था कि इस कार्यक्रम में आपके सेवक के रूप में हिस्सा लूं। देश में सरकारें बहुत आईं। योजनाएं भी बहुत बनीं। बड़ी-बड़ी बातें हुईं, मगर सोचने वाली बात यह है कि सरकार जो योजना बनाती है। जिसके लिए बनाती है और जिस लक्ष्य के लिए बनाती है, क्या वो बिना किसी परेशानी के सही समय पर लाभार्थियों तक पहुंच रही है।
संकल्प यात्रा मेरी कसौटी और परीक्षा भी
प्रधानमंत्री ने कहा कि योजनाओं के लिए जनता को नहीं बल्कि सरकार को जनता के पास पहुंचना होगा। इसी संकल्प के साथ यात्रा पूरे देश में चलाई जा रही है। इसके जरिये हमने तय किया है कि सरकार लाभार्थियों से जाकर मिलेगी और उनके अनुभव पूछेगी। इससे हमारे कार्यों का हिसाब-किताब हो जाएगा। ये संकल्प यात्रा एक प्रकार से मेरी कसौटी और परीक्षा भी है। इससे तय होगा कि मैंने जो कहा और जो कार्य कर रहा हूं, उसके बारे में जनता क्या कह रही है।
सरकारी अफसरों की तारीफ, बोले- गरीबों को लाभ से आत्मबल बढ़ा
प्रधानमंत्री ने बताया कि उन्हें योजनाओं के लाभार्थियों से आशीर्वाद मिलता और सरकारी अफसरों का आत्मबल बढ़ता है। सरकारी कागजों पर दस्तखत करके योजनाएं लागू करना सरकारी काम होता है, मगर जब उस योजना से किसी गरीब को फायदा मिलता है तो अफसरों को भी आत्मसंतोष मिलता है। अच्छा फीडबैक उत्साह बढ़ाता है।
विकसित भारत बनाने का संकल्प लें 140 करोड़ देशवासी
प्रधानमंत्री ने कहा कि अगर 140 करोड़ देशवासी इस संकल्प से भर जाएं कि अब देश को आगे ले जाना है। हर किसी की जिंदगी बदलनी है तो अगले 25 वर्षों में देश विकसित भारत बनकर रहेगा। देश विकसित बन जाएगा तो इस वट वृक्ष की छाया आपके ही बच्चों को मिलेगी। संकल्प लेना और मन बनाना होगा। मन बन जाएगा तो मंजिल दूर नहीं होगी। विकसित भारत संकल्प यात्रा हम सबका बहुत बड़ा संकल्प है, जिसे हमें सिद्ध करना है। भारत विकसित हो जाएगा तो तमाम मुसीबतों का नामो निशान नहीं होगा। हम मुसीबतों से मुक्त हो जाएंगे।
दक्षिण से उत्तर का अद्भुत संगम: योगी
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कहा कि दक्षिण से उत्तर का अद्भुत संगम हो रहा है। यह पीएम नरेंद्र मोदी के एक भारत, श्रेष्ठ भारत के सपने को साकार करता है। काशी तमिल संगमम में हिस्सा लेने वाले 1400 लोगों को सात समूहों में बांटा जाएगा। काशी विश्वनाथ के साथ ही अयोध्या में बन रहे भव्य राम मंदिर का दर्शन-पूजन कराया जाएगा। प्रयागराज और मथुरा भी ले जाया जाएगा। 15 दिनों तक अद्भुत अलौकिक नजारा देखने को मिलेगा। इससे पहले केंद्रीय शिक्षामंत्री धर्मेंद्र प्रधान ने काशी तमिल संगमम की खासियत बताई।
पीएम मोदी ने एंबुलेंस को रास्ता दिलाया, खूब हुई प्रशंसा
भोजूबीर क्षेत्र में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के काफिले के पीछे से आई एंबुलेंस को रास्ता दिलाकर आगे बढ़वाया। यह देख प्रधानमंत्री के स्वागत के लिए सड़क के दोनों तरफ खड़े लोगों ने हर-हर महादेव का उद्घोष किया। साथ ही जमकर तालियां बजाईं। इसका वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हुआ। इसकी खूब प्रशंसा की गई। ज्यादातर लोगों ने पीएम के पहल की तारीफ की है।
प्रधानमंत्री मोदी का काफिला रविवार को बाबतपुर एयरपोर्ट से शहर के लिए निकला तो सड़क के दोनों तरफ उनके स्वागत के लिए लोग खड़े थे। गिलट बाजार से आगे बढ़ते हुए सदर तहसील के बाद भोजूबीर क्षेत्र में पहुंचने पर उनके काफिले के पीछे से एक एंबुलेंस आ रही थी। एंबुलेंस देखकर प्रधानमंत्री का काफिला तत्काल सड़क के बाईं तरफ एक किनारे हो गया। इसके साथ ही एंबुलेंस तेजी से आगे बढ़ गई। प्रत्यक्षदर्शियों ने बताया कि प्रधानमंत्री ने ही एंबुलेंस को रास्ता दिलाने की पहल की, फिर काफिले में शामिल गाड़ियां किनारे की गईं। सुरक्षा कर्मियों ने एंबुलेंस को पास दिया। मरीज का समय से अस्पताल पहुंचना जरूरी होता है। समय से चिकित्सकीय सहायता मिले, यही प्रधानमंत्री की सोच रही होगी।