फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Varanasi News ›   Female Wrestler fight in varanasi very first time

काशी में नई परंपरा की शुरुआत, इस अखाड़े में पहली बार उतरी महिला पहलवान

Sat, 29 Jul 2017 12:54 PM IST
ब्यूरो,अमर उजाला,वाराणसी
ब्यूरो,अमर उजाला,वाराणसी Updated Sat, 29 Jul 2017 12:54 PM IST
विज्ञापन
 Female Wrestler fight in varanasi very first time
नागपंचमी पर नारी सशक्तीकरण की दिशा में महिला कुश्ती दंगल की पहल - फोटो : अमर उजाला
बदलते दौर के साथ काशी में परंपराएं भी नया रूप ले रही हैं। नागपंचमी पर शुक्रवार को गोस्वामी तुलसीदास अखाड़े में महिला पहलवानों को लड़ाने की नई परंपरा की शुरुआत हुई। काशी समेत पूर्वांचल के विभिन्न जनपदों की 12 महिला पहलवानों को पहली बार दांव-पेच आजमाने का मौका मिला।
विज्ञापन


इसे महिला कुश्ती के क्षेत्र में बड़ी पहल के रूप में देखा जा रहा है। शुक्रवार को अखाड़ा गोस्वामी तुलसीदास का नजारा कुछ हटकर था। नागपंचमी पर महिला पहलवानों ने इस अखाड़े में कदम रखे तो लोग देखते रह गए।
विज्ञापन


अखाड़े की पीली मिट्टी को नमन कर जब आस्था वर्मा और नंदिनी सरकार दांव लगाने उतरीं तो परिसर हर-हर महादेव के जयघोष से गूंज उठा। दोनों पहलवानों ने एक-दूसरे पर कई दांव लगाए लेकिन दोनों का पलड़ा बराबर रहा।
विज्ञापन
विज्ञापन


इसी क्रम में संध्या ने निधि, मधु ने प्रीति, भावना ने संध्या, नंदनी ने भावना, अपेक्षा ने निधि और मधु ने अपेक्षा से जोर आजमाइश की। महिला मल्ल एक-दूसरे को चित करने के लिए दांव लगाती रहीं।

कभी धोबी पछाड़ तो कभी कांखी दाव, सांडी तोड़ से सभी ने विरोधियों को धूल चटाने का प्रयास किया। महिला खिलाड़ियों के दांव देखकर दर्शक दीर्घा में बैठे पुरुष पहलवान और अन्य लोग तालियों से उनका उत्साहवर्धन करते रहे।

महिलाएं हर क्षेत्र में रच रहीं नए कीर्तिमान

 Female Wrestler fight in varanasi very first time
धोबी पछाड़, कांखी और सांड़ी तोड़ जैसे दांव लगाकर दर्शकों को चकित किया - फोटो : अमर उजाला
सकंट मोचन मंदिर के महंत प्रो. विश्वंभर नाथ मिश्र ने कहा कि  महिलाएं हर क्षेत्र में नए कीर्तिमान गढ़ रही हैं बावजूद इसके आज भी लड़कियों को अखाड़े में भेजना अच्छा नहीं माना जाता।

इस सोच से ऊपर उठकर अखाड़ा गोस्वामी तुलसीदास में पहली बार नागपंचमी पर महिला पहलवानों कोदांव-पेंच दिखाने का मौका दिया गया। यह नारी सशक्तीकरण की दिशा में हमारा एक प्रयास है। आमिर खान की फिल्म ‘दंगल’ के बाद कुश्ती में महिलाओं की रुचि बढ़ी है। 

अखाड़ों में लड़कियों का प्रवेश बेहद सराहनीय

 Female Wrestler fight in varanasi very first time
गोस्वामी तुलसीदास अखाड़ा में पहली बार महिला मल्लों की भिड़ंत - फोटो : अमर उजाला
कुश्ती पर्यवेक्षक और ध्यानचंद अवार्डी कैप्टन राजेंद्र सिंह ने कहा कि अखाड़ों में लड़कियों का प्रवेश बेहद सराहनीय कदम है। कुश्ती में लड़कियों को आगे लाने के लिए साई प्रयासरत है। निवेदिता शिक्षा सदन इंटर कॉलेज में पूर्वांचल का पहला कुश्ती प्रशिक्षण केंद्र खोला गया है। इसमें 16 बालिकाओं का चयन किया गया है। 
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed