{"_id":"5b59d1c94f1c1b54208b5318","slug":"fake-tte-arrested-from-krishak-express","type":"story","status":"publish","title_hn":" कृषक एक्सप्रेस में टीटीई बन कर टिकट चेक कर रहा था संदिग्ध, पकड़ा गया तो सामने आयी हकीकत","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
कृषक एक्सप्रेस में टीटीई बन कर टिकट चेक कर रहा था संदिग्ध, पकड़ा गया तो सामने आयी हकीकत
न्यूज डेस्क, अमर उजाला,मऊ
Updated Thu, 26 Jul 2018 07:21 PM IST
विज्ञापन
एसपी कोच में पकड़ा गया, मुकदमा दर्ज
लखनऊ से चलकर गोरखपुर, मऊ होते हुए वाराणसी जा रही कृषक एक्सप्रेस की एसी बोगी में घुसकर टिकट चेक करने वाले फर्जी टीटीई को ड्यूटी पर तैनात असली टीटीई एसके जैन ने पकड़ा। आरोपी को जीआरपी के हवाले कर एसके जैन ने रिपोर्ट दर्ज कराने के लिए पुलिस को प्रार्थना पत्र सौंपा।
फर्जी टीटीई बनकर लोगों से ठगी करने के आरोप में पकड़ा गया युवक हरिकेश पासवान पुत्र रमेश पासवान देवरिया जिले के मदनपुर थाना क्षेत्र के पकड़ी तिवारी गांव का निवासी है। बताया जाता है कि हरिकेश मऊ से होकर वाराणसी जा रही कृषक एक्सप्रेस में की एसी बोगी बी वन में घुसकर टिकट चेक कर रहा था।
इस दौरान रेलवे की तरफ से ड्यूटी पर तैनात असली टीटीई ने एसके जैन ने उसे देखा। एसके जैन ने उसे टोका साथ ही उससे उसका परिचय पूछा। इस दौरान आरोपी ने खुद को गोरखपुर का स्टाफ बताया। इस पर एसके जैन को उसने बैच और नाम नहीं बता पाया। इस पर एसके जैन का शक यकीन में बदल गया।
विज्ञापन
उन्होंने पुलिस को बुलाकर उसे सुपुर्द कर दिया। इस दौरान जीआरपी मऊ ने टीटीई (चल टिकट परीक्षक) एसके जैन की तहरीर पर थाने में हरिकेश के विरुद्घ खिलाफ सहित अन्य धाराओं में रिपोर्ट दर्ज कर गिरफ्तार कर लिया। पूछताछ में युवक ने पुलिस को बताया कि वह टीटीई की परीक्षा दी थी।
परिणाम उसके पक्ष में नहीं आया था। इसके चलते वह यह काम करने लगा। आरोपी के अनुसार, वह अभी यह काम शुरू किया था। जबकि पुलिस की माने तो पकड़ा गया युवक काफी समय से यात्रियों के साथ ठगी कर रहा था। इसकी शिकायत मिल रही थी लेकिन कोई सबूत न मिलने पर वो उसे गिरफ्तार नहीं कर पा रहे थे।
विज्ञापन
फर्जी टीटीई बनकर लोगों से ठगी करने के आरोप में पकड़ा गया युवक हरिकेश पासवान पुत्र रमेश पासवान देवरिया जिले के मदनपुर थाना क्षेत्र के पकड़ी तिवारी गांव का निवासी है। बताया जाता है कि हरिकेश मऊ से होकर वाराणसी जा रही कृषक एक्सप्रेस में की एसी बोगी बी वन में घुसकर टिकट चेक कर रहा था।
विज्ञापन
इस दौरान रेलवे की तरफ से ड्यूटी पर तैनात असली टीटीई ने एसके जैन ने उसे देखा। एसके जैन ने उसे टोका साथ ही उससे उसका परिचय पूछा। इस दौरान आरोपी ने खुद को गोरखपुर का स्टाफ बताया। इस पर एसके जैन को उसने बैच और नाम नहीं बता पाया। इस पर एसके जैन का शक यकीन में बदल गया।
विज्ञापन
उन्होंने पुलिस को बुलाकर उसे सुपुर्द कर दिया। इस दौरान जीआरपी मऊ ने टीटीई (चल टिकट परीक्षक) एसके जैन की तहरीर पर थाने में हरिकेश के विरुद्घ खिलाफ सहित अन्य धाराओं में रिपोर्ट दर्ज कर गिरफ्तार कर लिया। पूछताछ में युवक ने पुलिस को बताया कि वह टीटीई की परीक्षा दी थी।
परिणाम उसके पक्ष में नहीं आया था। इसके चलते वह यह काम करने लगा। आरोपी के अनुसार, वह अभी यह काम शुरू किया था। जबकि पुलिस की माने तो पकड़ा गया युवक काफी समय से यात्रियों के साथ ठगी कर रहा था। इसकी शिकायत मिल रही थी लेकिन कोई सबूत न मिलने पर वो उसे गिरफ्तार नहीं कर पा रहे थे।