फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Varanasi News ›   Driver runing fast speed bus in varanasi

वाराणसी: जान जोखिम में डाल रहे चालक, रफ्तार कम न कर 80 के पार दौड़ा रहे बस

Wed, 11 Dec 2019 03:06 PM IST
गीतार्जुन गौतम न्यूज डेस्क, अमर उजाला, वाराणसी
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, वाराणसी Published by: गीतार्जुन गौतम Updated Wed, 11 Dec 2019 03:06 PM IST
विज्ञापन
Driver runing fast speed bus in varanasi
प्रतीकात्मक तस्वीर - फोटो : अमर उजाला।

रोडवेज चालक बार-बार ओवरस्पीड की लिमिट को तोड़ रहे हैं। क्षेत्रीय प्रबंधक के निर्देश पर करीब 31 चालकों पर जुर्माना लगाते हुए कड़ी हिदायत देते हुए दोबारा ऐसी लापरवाही न होने की चेतावनी भी जारी की गई है लेकिन इसके बाद भी रोडवेज के चालक सुधर नहीं रहे हैं।

विज्ञापन


अब क्षेत्रीय प्रबंधक ने इंजीनियरों को निर्देश दिया है कि तकनीकी जांच करते हुए स्पीड लिमिट डिवाइस(एसएलडी) में ऐसी कोडिंग करें कि इसे तोड़ा नहीं जा सके। ओवरस्पीड पर लगाम लगाम लगाने के लिए एमडी ने भी कड़ा निर्देश दिया है।
विज्ञापन


हादसों पर लगाम लगाने को लेकर मुख्यालय स्तर से सभी बसों में स्पीड लिमिट डिवाइस लगाई गई है। पिछले दिनों स्पीड लिमिट डिवाइस तोड़ने वाले चालकों पर सौ-सौ रुपये का जुर्माना लगाया गया था। चालक जुगाड़ से एसएलडी तोड़ न सके इसके लिए टाटा मोटर्स के इंजीनियरों से क्षेत्रीय प्रबंधक ने संपर्क साधा है।

विज्ञापन
विज्ञापन

एसएलडी की मजबूत पकड़ के लिए टाटा मोटर्स के इंजीनियरों का एक दल जल्द ही कार्यशाला पहुंचकर एसएलडी की तकनीकी जांच पड़ताल करते हुए उस पर कोडिंग करेगा। जांच में पता चला कि चालक तेजी से फेरा बढ़ाने के चक्कर में एसएलडी तोड़ रहे हैं। बसों की स्पीड तय है कि 70 से अधिक नहीं होगी लेकिन चालक 80 किमी के पार बसों को चला रहे हैं।

कैंट, ग्रामीण डिपो के अलावा गाजीपुर, सोनभद्र, विंध्यनगर डिपो से भी ऐसी शिकायतें आ रही हैं। अमर उजाला ने 23 नवंबर के अंक में 31 रोडवेज बसों के यात्रियों की 77 बार खतरे में डाली जान शीर्षक से खबर प्रकाशित की थी। पिछले दिनों आयोजित वीडियो कांफ्रेंसिंग में एमडी राजशेखर ने नाराजगी जाहिर करते हुए एसएलडी का पालन नहीं करने वालों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई करने का संकेत भी क्षेत्रीय प्रबंधक को दिया।

चालकों ने ढूंढ निकाला काट
बस के इंजन में लगे पंप और फिल्टर के बीच स्पीड लिमिट डिवाइस लगाई गई है। इस डिवाइस से होकर निर्धारित मात्रा में ही फ्यूल इंजन में पहुंचता है। मगर, चालकों ने इसका काट ढूंढ़ निकाला। एसएलडी को तोड़ते हुए बस 80 के ऊपर बस दौड़ा रहे हैं।

कर्मचारियों की सांठगांठ से टूट रहा एसएलडी
कार्यशाला में गाड़ियों के फिटनेस की जांच होती है। इस दौरान स्पीड लिमिट डिवाइस की जांच होती है। इसके लिए डिवाइस पर कोडिंग भी की गई है। बावजूद, कुछ कर्मियों की आपसी सांठगांठ से एसएलडी तोड़ दिया जा रहा है। 

वाराणसी परिक्षेत्र के क्षेत्रीय प्रबंधक केके शर्मा ने बताया कि जांच के दौरान पकड़ में आया कि चालक एलएलडी का पालन नहीं कर रहे हैं। जिन पर कार्रवाई के लिए संबंधित डिपो के एआरएम को पत्र लिखा जा रहा है तो कुछ पर कार्यवाई की भी गई है। वहीं टाटा कंपनी के इंजीनियरों से भी संपर्क साधा गया है। ताकि एसएलडी से छेड़छाड़ न किया जा सके। 

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed