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Varanasi News: सीबीआई अधिकारी बनकर किया डिजिटल अरेस्ट, शिक्षक से 66 हजार की साइबर ठगी
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फर्जी सिम से ठगी का दिखाया था डर
संवाद न्यूज एजेंसी
मिर्जामुराद। क्षेत्र के चक्रपानपुर गांव निवासी शिक्षक चंद्रशेखर बिंद को साइबर ठगों ने डिजिटल अरेस्ट कर 66 हजार रुपये की ठगी कर ली। साइबर ठगों ने खुद को सीबीआई अधिकारी बताकर डराया-धमकाया और कार्रवाई का भय दिखाकर पैसे ऐंठ लिए। पुलिस को तहरीर में चंद्रशेखर बिंद ने बताया कि बृहस्पतिवार को उनके मोबाइल पर एक अज्ञात नंबर से कॉल आया। कहा कि उनके नंबर से एक फर्जी सिम जारी कर करोड़ों रुपये की ठगी की गई है, जिसमें उन्हें आरोपी बनाया गया है। इसके बाद एक महिला ने खुद को जांच एजेंसी से जुड़ा बताया और फिर एक अन्य व्यक्ति ने सीबीआई अधिकारी बनकर जेल भेजने की धमकी दी। ये बात किसी को न बताकर डिजिटल अरेस्ट कर लिया। ठगों ने लगातार मानसिक दबाव बनाते हुए मामला रफा-दफा करने के नाम पर 66 हजार रुपये की मांग की। भयभीत होकर पीड़ित ने दो किस्त में पहले 20 हजार और फिर 46 हजार रुपये ट्रांसफर कर दिए। पूरी बातचीत व्हाट्सएप कॉल से कराई गई, जिससे ठग अपनी पहचान छिपाने में सफल रहे। रुपये भेजने के बाद जब कॉल बंद हो गए तब पीड़ित को ठगी का अहसास हुआ। शुक्रवार को मिर्जामुराद थाने में लिखित तहरीर देकर कार्रवाई की मांग की। थाना प्रभारी प्रमोद कुमार पांडेय ने बताया कि मामला संज्ञान में है और पुलिस जांच में जुटी हुई है।
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संवाद न्यूज एजेंसी
मिर्जामुराद। क्षेत्र के चक्रपानपुर गांव निवासी शिक्षक चंद्रशेखर बिंद को साइबर ठगों ने डिजिटल अरेस्ट कर 66 हजार रुपये की ठगी कर ली। साइबर ठगों ने खुद को सीबीआई अधिकारी बताकर डराया-धमकाया और कार्रवाई का भय दिखाकर पैसे ऐंठ लिए। पुलिस को तहरीर में चंद्रशेखर बिंद ने बताया कि बृहस्पतिवार को उनके मोबाइल पर एक अज्ञात नंबर से कॉल आया। कहा कि उनके नंबर से एक फर्जी सिम जारी कर करोड़ों रुपये की ठगी की गई है, जिसमें उन्हें आरोपी बनाया गया है। इसके बाद एक महिला ने खुद को जांच एजेंसी से जुड़ा बताया और फिर एक अन्य व्यक्ति ने सीबीआई अधिकारी बनकर जेल भेजने की धमकी दी। ये बात किसी को न बताकर डिजिटल अरेस्ट कर लिया। ठगों ने लगातार मानसिक दबाव बनाते हुए मामला रफा-दफा करने के नाम पर 66 हजार रुपये की मांग की। भयभीत होकर पीड़ित ने दो किस्त में पहले 20 हजार और फिर 46 हजार रुपये ट्रांसफर कर दिए। पूरी बातचीत व्हाट्सएप कॉल से कराई गई, जिससे ठग अपनी पहचान छिपाने में सफल रहे। रुपये भेजने के बाद जब कॉल बंद हो गए तब पीड़ित को ठगी का अहसास हुआ। शुक्रवार को मिर्जामुराद थाने में लिखित तहरीर देकर कार्रवाई की मांग की। थाना प्रभारी प्रमोद कुमार पांडेय ने बताया कि मामला संज्ञान में है और पुलिस जांच में जुटी हुई है।