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देव दीपावली 2023: इस साल भी देवताओं के महापर्व की तिथि पर असमंजस, विद्वानों के साथ मंथन के बाद फैसला जल्द

Sun, 17 Sep 2023 06:27 PM IST
उत्पल कांत न्यूज डेस्क, अमर उजाला, वाराणसी
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, वाराणसी Published by: उत्पल कांत Updated Sun, 17 Sep 2023 06:27 PM IST
सार


कार्तिक पूर्णिमा पर मनाया जाने वाला देव दीपावली महोत्सव इस बार 26 नवंबर को मनाया जाए या 27 नवम्बर को इसे लेकर असमंजस की स्थिति है। काशी के विद्वानों से मंथन के बाद इसका निर्णय किया जाएगा।

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Dev Diwali 2023This year also there is confusion on date decision will taken soon after brainstorming with sch
देव दीपावली की भव्यता - फोटो : अमर उजाला

विस्तार

देव दीपावली यानी 'देवताओं की दिवाली' का पर्व वाराणसी में कार्तिक पूर्णिमा की रात को मनाया जाता है। इस साल भी होली के बाद अब देव दीपावली की तिथि पर उदया तिथि का पेंच फंस गया है। 26 और 27 नवंबर की तिथि पर आयोजक भी पसोपेश में हैं। जल्द ही देव दीपावली की एक तिथि पर काशी के विद्वानों के साथ मंथन के बाद निर्णय लिया जाएगा।

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केंद्रीय देव दीपावली महासमिति की बैठक में तिथियों पर विचार किया गया। कार्तिक पूर्णिमा पर मनाया जाने वाला देव दीपावली महोत्सव 26 नवंबर या 27 नवंबर को मनाने के मामले में जल्द ही निर्णय जारी किया जाएगा। देव दीपावली समिति के आयोजन समितियों से जुड़ी संस्थाओं ने काशी के विद्वानों पर इसका फैसला छोड़ दिया है। दो से तीन दिन के अंदर इस मामले में बैठक करके तिथि घोषित की जाएगी।

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कार्तिक पूर्णिमा उदया तिथि में

गंगा सेवा निधि के दशाश्वमेध स्थित कार्यालय पर हुई बैठक में वक्ताओं ने कहा कि इस बार देव दीपावली को लेकर अलग-अलग पंचांगों में अलग-अलग दिनों का जिक्र है। कोई 26 तो कोई 27 नवंबर को बता रहा है। इससे भ्रम की स्थिति हो गई है। अध्यक्षता करते हुए गंगोत्री सेवा समिति के संस्थापक पं. किशोरी रमण दुबे ‘बाबूमहाराज’ ने कहा कि 27 नवंबर को कार्तिक पूर्णिमा उदया तिथि में है इसलिए उसी दिन देव दीपावली मनाना शास्त्र सम्मत होगा। इसके बाद भी विद्वानों से मिलकर अंतिम निर्णय लिया जाएगा।

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वक्ताओं ने कहा कि पंचांग कारोबारियों की अज्ञानता के कारण यह भ्रम हो रहा है। इसके कारण ही होली और रक्षाबंधन का त्योहार दो-दो दिन मनाया गया। इसकी पुनरावृत्ति देव दीपावली पर नहीं होने देंगे। इस दौरान श्याम लाल सिंह, वागीश दत्त मिश्र, बलराम मिश्र, गुप्ता चौधरी, इंदुशेखर शर्मा, पंकज अग्रवाल, सुरजीत कुमार सिंह आदि मौजूद रहे।

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