वाराणसी: डिप्टी सीएम ने बैठक में अधिकारियों को चेताया, बोर्ड परीक्षा केंद्र बनाने में बरतें पारदर्शिता, दबाव में न करें काम
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प्रदेश के शिक्षा मंत्री और उपमुख्यमंत्री डॉ. दिनेश शर्मा ने शुक्रवार को शिक्षा विभाग के अधिकारियों के साथ बैठक कर आगामी यूपी बोर्ड परीक्षा के मद्देनजर केंद्र निर्धारण सहित अन्य व्यवस्थाओं को पारदर्शिता के साथ पूरा करने का निर्देश दिया। इसके लिए बिना किसी दबाव के सभी कार्यों को सही और निष्पक्ष ढंग से करने की नसीहत भी अधिकारियों को दी।
वाराणसी के सर्किट हाउस में शिक्षा विभाग के अधिकारियों के साथ बैठक में उप मुख्यमंत्री ने जिले की शिक्षा व्यवस्था को लेकर विस्तृत चर्चा की। कहा कि सरकार ने बिना किसी दबाव, सिफारिश में नही बल्कि अभ्यर्थियों की योग्यता के अनुसार ही शिक्षकों की नियुक्ति की है।
उन्होंने बताया कि वाराणसी मंडल में 1645 प्रवक्ताओं की नियुक्ति हुई है। उपमुख्यमंत्री ने सभी जिला विद्यालय निरीक्षकों से नवनियुक्त शिक्षकों को कार्यभार ग्रहण करने के बारे में भी जानकारी ली। संस्कृत विद्यालयों में योग्य अध्यापकों की नियुक्ति हुई है।
अधिकारियों ने उप मुख्यमंत्री को बताया कि बड़ी संख्या में एलटी प्रवक्ता,संस्कृत शिक्षकों की नियुक्ति होने से अब मानदेय शिक्षकों को रखने की भी जरूरत नहीं पड़ेगी। इस दौरान उपमुख्यमंत्री ने महाविद्यालयों में लैपटॉप टेबलेट वितरण के बारे में भी सही पारदर्शिता के साथ उसका वितरण कराने का निर्देश दिया है।
आगामी बोर्ड परीक्षाओं के केंद्र निर्धारण के बारे में उपमुख्यमंत्री ने जिला विद्यालय निरीक्षकों को सरकारी और एडेड कॉलेज को प्राथमिकता के आधार पर केंद्र बनाने का निर्देश दिया है। यहां चहारदीवारी, जनरेटर, इनवर्टर, सीसीटीवी आदि की व्यवस्था होनी चाहिए। इस दौरान काशी विद्यापीठ, संपूर्णानंद संस्कृत विश्वविद्यालय, क्षेत्रीय शिक्षा अधिकारी से भी शिक्षा व्यवस्था के बारे में जानकारी ली।