महिला जिला अस्पताल में प्रसूता की मौत: डॉक्टर पर लापरवाही का आरोप, परिजनों ने किया हंगामा; थाने में तहरीर
मऊ महिला जिला अस्पताल में प्रसव के लिए भर्ती निशा की बुधवार को मौत हो गई। परिजनों ने डॉक्टर पर इलाज में लापरवाही का आरोप लगाकर अस्पताल में हंगामा किया और शहर कोतवाली में तहरीर दी। सीएमएस डॉ. नीलेश श्रीवास्तव ने मामले की जांच के लिए तीन सदस्यीय समिति गठित की है। दोषी मिलने पर कार्रवाई होगी।
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महिला जिला अस्पताल में प्रसव के लिए भर्ती एक प्रसूता की बुधवार को मौत हो गई। घटना के बाद मृतका के परिजनों ने अस्पताल परिसर में हंगामा किया और संबंधित महिला डॉक्टर व अस्पताल प्रशासन पर इलाज में लापरवाही का आरोप लगाया। परिजनों की ओर से शहर कोतवाली में तहरीर दी गई है। वहीं, अस्पताल प्रशासन ने मामले की जांच के लिए तीन सदस्यीय समिति गठित करने की बात कही है।
सरायलखंसी थाना क्षेत्र के खालिसपुर निवासी मंजीत गौतम ने बताया कि उसकी पत्नी निशा को प्रसव पीड़ा होने पर महिला जिला अस्पताल में भर्ती कराया गया था। परिजनों का आरोप है कि भर्ती किए जाने के बाद प्रसूता को अपेक्षित उपचार नहीं मिला। उसकी हालत लगातार बिगड़ती रही, लेकिन संबंधित महिला डॉक्टर ने समय रहते उचित इलाज नहीं किया। आरोप है कि लापरवाही के चलते प्रसव से पहले ही निशा की मौत हो गई।
प्रसूता की मौत की जानकारी मिलते ही परिजन आक्रोशित हो गए। उन्होंने अस्पताल परिसर में विरोध जताते हुए संबंधित डॉक्टर के खिलाफ कार्रवाई की मांग की। हंगामे की सूचना मिलने पर शहर कोतवाली पुलिस मौके पर पहुंची और परिजनों को समझाने का प्रयास किया। पुलिस ने मामले की जानकारी लेने के साथ ही स्थिति को नियंत्रित कराया।
मृतका के जेठ और पीआरडी जवान प्रमोद ने बताया कि मामले में संबंधित डॉक्टर के खिलाफ शहर कोतवाली में तहरीर दी गई है। परिजनों ने पूरे मामले की निष्पक्ष जांच कराने और दोषी के खिलाफ कार्रवाई की मांग की है।
इस संबंध में महिला जिला अस्पताल के सीएमएस डॉ. नीलेश श्रीवास्तव ने बताया कि घटना का तत्काल संज्ञान लिया गया है। मामले की गंभीरता को देखते हुए विस्तृत जांच के आदेश दिए गए हैं। इसके लिए तीन सदस्यीय जांच समिति गठित की गई है। समिति घटना से जुड़े सभी पहलुओं की जांच कर अपनी रिपोर्ट जल्द सौंपेगी। रिपोर्ट के आधार पर यदि किसी की लापरवाही सामने आती है तो उसके खिलाफ नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी।