फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Varanasi News ›   Dead body of female youth in suspected circumstances in Mau, fear of murder

मां-बाप के इकलौते बेटे के सिर सेहरे की जगह सज गया कफन

Sun, 09 Feb 2020 06:29 PM IST
स्‍वाधीन तिवारी न्यूज डेस्क, अमर उजाला, मऊ
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, मऊ Published by: स्‍वाधीन तिवारी Updated Sun, 09 Feb 2020 06:29 PM IST
विज्ञापन
Dead body of female youth in suspected circumstances in Mau, fear of murder
प्रतीकात्मक तस्वीर - फोटो : अमर उजाला

मऊ शहर कोतवाली क्षेत्र के परदहा रेलवे क्रासिंग के पास शुक्रवार की रात में संदिग्ध परिस्थितियों में एक युवक का शव पाया गया। मृतक के शरीर पर प्रत्यक्ष रूप से चोट के कोई निशान नहीं पाए गए। मृतक की पहचान रविवार की सुबह हुई। मृतक अपने माता पिता की इकलौती संतान था और जल्दी ही उसकी शादी तय होने वाली थी।

विज्ञापन


इकलौते बेटे की मौत से उसके घर में कोहराम मच गया जबकि पूरे गांव में मातम छा गया है। पुलिस ने पोस्टमार्टम कराकर शव परिवार वालों को सौंप दिया। सरायलखंसी थाना क्षेत्र के बकवल गांव निवासी मनीष सिंह (28) पुत्र पदुम सिंह वीडियो रिकार्डिंग स्टूडियो और मिक्सिंग का काम करता था। मनीष शनिवार की शाम से घर से कहीं जाने की बात कहकर निकल गया, लेकिन पूरी रात घर वापस नहीं लौटा।
विज्ञापन


उसके घर वाले रातभर सभी संभावित स्थानों पर उसकी तलाश करते रहे, लेकिन उसका कहीं पता नही चला। उधर रात में कोतवाली पुलिस को सूचना मिली कि परदहा क्रासिंग के पास रेलवे लाइन के किनारे एक युवक का शव पड़ा हुआ है। सूचना मिलने के बाद पुलिस मौके से मृतक का शव कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम हाउस ले आई। काफी देर बाद उसकी पहचान मनीष के रूप में हुई।
विज्ञापन
विज्ञापन


पुलिस ने उसके घर वालों को सूचना दी। इकलौते बेटे की मौत की सूचना मिलते रोते-बिलखते हुए मोर्चरी हाउस पहुंचे। घर वाले यह सोच सोच कर परेशान हो रहे थे कि मनीष किन परिस्थितियों में और कैसे परदहा रेलवे क्रासिंग के पास पहुंच गया। मनीष के पिता इकलौते बेटे को खोकर मानो बदहवास से हो गए थे। कोतवाली पुलिस से लेकर जीआरपी तक यह बता पाने में विफल रही कि युवक की मौत ट्रेन की चपेट में आने से हुई अथवा किन्हीं अन्य कारणों से हुई। वैसे ट्रेन की चपेट में आने से मनीष की मौत हुई होती तो उसके शरीर पर चोट के निशान होते।


हालांकि, शहर कोतवाल राम सिंह का दावा था कि ट्रेन एक्सीडेंट में मनीष की मौत हुई है। जबकि प्रत्यक्षदर्शियों का कहना था कि ट्रेन की चपेट में आने से उसकी मौत हुई होती तो उसके शरीर पर चोट के निशान होते, लेकिन ऐसा कुछ नहीं था। शहर कोतवाल भी यह स्वीकार किया कि युवक के शरीर पर बाहर से चोट के कोई निशान नहीं दिखे थे। उनका कहना था कि पीएम रिपोर्ट आने पर युवक के मौत की वास्तविक पता चलेगी।

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed