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साहब रिश्वत देकर कटवाता हूं हरा पेड़, वन विभाग और पुलिस की रहती है मेहरबानी
Sun, 10 Mar 2019 10:25 PM IST
राजेश सैनी
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, आजमगढ़
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, आजमगढ़
Published by: राजेश सैनी
Updated Sun, 10 Mar 2019 10:25 PM IST
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अपराध नियंत्रण के लिए पुलिस द्वारा पुराने लुटेरों, चोर आदि को थाने बुलवाकर उनका सत्यापन करवा रही है। इसक्रम में शनिवार को एसपी सिटी कमलेश बहादुर के दफ्तर में उनके समक्ष अपना बयान दर्ज कराने पहुंचा एक पुराना बदमाश बताया कि अपराध से तौबा कर लिया हूं।
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वन विभाग और पुलिस की मेहरबानी पर हरा पेड़ों की कटाई करवाता हूं, लकडिय़ों की सप्लाई करवाता हूं। बदमाश की इस बात से नाराज एसपीसिटी ने उसके विरुद्ध कार्रवाई का निर्देश दिया, तो पुलिस ने शांति भंग की धारा में चालान कर दी। साथ ही अन्य तरह की कार्रवाई की तैयारी में जुटी हुई है।
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गंभीरपुर थाना क्षेत्र के अमौड़ा गांव निवासी कृपाशंकर राय थाने का पुराना अपराधी है। उसके विरुद्ध थाने में लूट, छीनैती के कई मुकदमे दर्ज हैं। हालांकि यह सभी मुकदमा पुराना है। शनिवार को कृपाशंकर राय पुलिस के बुलाने पर गंभीरपुर थाने पहुंचा। वहां से होमगार्ड के साथ अपना बयान दर्ज कराने के लिए एसपी दफ्तर भेज दिया गया। एसपी के न मिलने पर गार्ड उसे एसपीसिटी कमलेश बहादुर के कार्यालय में भेज दिया।
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जहां एसपीसिटी ने कृपाशंकर से दर्ज अपराधों के विषय में पूछताछ की तो उसने बताया कि गंवई राजनीति के चलते केस दर्ज करा दिया गया है। जबकि उसकी संलिप्तता नहीं रही है। ऐसे में एसपीसिटी ने पूछा कि अब तूम क्या करते हो, इस पर कृपाशंकर ने कहा कि साहब लकड़ी का कारोबार करते हैं। क्षेत्र के हरे पेड़ों को कटवाकर उसे बेचता हूं। हरे पेड़ों की कटाई पर एसपीसिटी ने पूछा कि हरा पेड़ काटने की तुम्हें अनुमति कौन देता है।
इस पर कृपाशंकर ने कहा कि पेड़ काटने के बदले में वन विभाग को रिश्वत देता हूं। रुपये लेने के बाद लिखित अनुमति तो नहीं मिलती, लेकिन कोई भी अधिकारी या कर्मचारी पूछने नहीं जाता। एसपीसिटी ने पूछा कि पुलिस नहीं रोकती, इस पर कृपाशंकर राय ने कहा कि जब पुलिस को हिस्सा दे दिया जाता है, तो विरोध या धरपकड़ क्यों करेगी। एसपीसिटी के निर्देश पर गंभीरपुर थाने की पुलिस द्वारा कृपाशंकर राय का शांति भंग की धारा में चालान कर दिया गया। साथ ही अन्य प्रकार की कार्रवाई प्रचलित है।